सिंगर दलेर मेहंदी और उत्तराखंड के कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल का विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है. इस मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दलेर मेहंदी और उनके भाई मीका सिंह से फोन पर बात कर माहौल शांत करने की कोशिश की, लेकिन मंत्री सुबोध उनियाल अपने रुख पर कायम हैं और माफी मांगने के सवाल को हंसकर टाल गए हैं.
मीडिया से बातचीत के दौरान जब मंत्री सुबोध उनियाल से माफी मांगने को लेकर सवाल किया गया, तो उन्होंने कहा कि अगर दलेर मेहंदी का स्वास्थ्य खराब था, तो उन्हें आयोजकों को पहले ही बताना चाहिए था. उन्होंने तर्क दिया कि वे मंच से भी जनता को बता सकते थे कि उनकी तबीयत ठीक नहीं है.
मंत्री ने उनियाल कहा कि यह किसी के चेहरे पर तो नहीं लिखा होता कि किसका स्वास्थ्य खराब है. वे बड़े कलाकार न होते तो उन्हें क्यों बुलाया जाता और 36 लाख रुपये का ऑफर क्यों दिया जाता? अगर सेहत ठीक नहीं थी तो वे आने से मना भी कर सकते थे. जब उनसे मीका सिंह द्वारा सॉरी बोलने की बात पूछी गई, तो उन्होंने हंसते हुए कहा कि अब इस विषय पर ज्यादा बात न की जाए.
यह पूरा मामला 18 अक्टूबर का है, जब कुंजापुरी मेले में दलेर मेहंदी की लाइव परफॉर्मेंस चल रही थी. इसी दौरान मंत्री सुबोध उनियाल मंच पर पहुंच गए और उन्होंने परफॉर्मेंस को बीच में ही रुकवा दिया. मंत्री ने आरोप लगाया था कि वे शराब के नशे में हैं, ठीक से गा नहीं पा रहे हैं और केवल लिप-सिंकिंग कर रहे हैं. इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही बॉलीवुड और संगीत जगत में हड़कंप मच गया.
इस घटना के बाद दलेर मेहंदी के छोटे भाई मीका सिंह और कई बॉलीवुड कलाकारों ने मंत्री के इस व्यवहार की आलोचना की. मीका सिंह ने कहा कि दलेर मेहंदी शराब नहीं पीते और उनकी हाल ही में सर्जरी हुई थी, जिसके कारण उनका स्वास्थ्य ठीक नहीं था. विवाद को बढ़ता देख मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने व्यक्तिगत रूप से दलेर मेहंदी और मीका सिंह से बात की. सीएम ने उन्हें आश्वासन दिया कि उत्तराखंड में किसी भी कलाकार का अपमान नहीं होने दिया जाएगा.
(देहरादून से सुरेंद्र डसीला की रिपोर्ट)