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UP Politics: यूपी विधानसभा चुनाव से पहले सपा से बागी हुए विधायक राकेश प्रताप सिंह कल यानी बुधवार को बीजेपी में शामिल होने जा रहे हैं. उनके साथ अयोध्या की गोसाईगंज से विधायक अभय सिंह भी बीजेपी ज्वॉइन करेंगे. जालौन की कालपी सीट से विधायक विनोद चतुर्वेदी भी भाजपा का दामन थामेंगे.
सपा से बागी हुए अभय सिंह की राह
अमेठी के गौरीगंज में आयोजित कार्यक्रम में इनको सदस्यता दिलाई जाएगी. इस दौरान भाजपा की राष्ट्रीय महासचिव स्मृति ईरानी और प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी की मौजूदगी रहेगी. अभय सिंह पहले भी भाजपा के मंचों पर नजर आ चुके हैं, लेकिन अब वह आधिकारिक रूप से पार्टी में शामिल होने जा रहे हैं. अभय सिंह ने गोसाईगंज विधानसभा सीट से टिकट पर अपना दावा पेश किया है. हालांकि, उन्होंने साफ कहा कि पार्टी नेतृत्व उन्हें जहां से चुनाव लड़ने का निर्देश देगा, वह उसका सम्मान करेंगे.
सपा छोड़नी की असली वजह?
भाजपा में शामिल होने की वजह बताते हुए अभय सिंह ने कहा कि वह पार्टी की नीतियों, सबका साथ-सबका विकास और गरीबों, मजदूरों, किसानों सहित समाज के सभी वर्गों के कल्याण की विचारधारा से प्रभावित हैं. समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए उन्होंने रामचरितमानस जलाने की घटना का जिक्र किया. अभय सिंह ने आरोप लगाया कि इस मामले में सपा नेतृत्व ने प्रभावी विरोध नहीं किया. उन्होंने कहा कि रामचरितमानस हमारी आस्था और संस्कृति से जुड़ा ग्रंथ है और इसका अपमान बर्दाश्त नहीं किया जा सकता.
जीत हार का अंतर भी बताया
वहीं, अयोध्या विधानसभा सीट को लेकर उन्होंने दावा किया कि भाजपा के चुनाव चिह्न पर कोई भी प्रत्याशी कम से कम 25 हजार वोटों से जीत सकता है, जबकि मजबूत प्रत्याशी की जीत का अंतर एक लाख तक पहुंच सकता है. उनके इस बयान से आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं.
तीन बार के विधायक राकेश प्रताप सिंह
गौरीगंज सीट से सपा विधायक राकेश प्रताप सिंह तीन बार के विधायक हैं. वह भाजपा ज्वाइन करने जा रहे हैं. 2022 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने गौरीगंज सीट से बीजेपी के चंद्रप्रकाश मिश्रा को हराया था. 2027 विधानसभा चुनाव में वह गौरीगंज से प्रमुख दावेदार भी माने जा रहे हैं.
स्मृति ईरानी के आवास का नाम बदला
अमेठी में भाजपा की राष्ट्रीय महामंत्री स्मृति ईरानी के आवास का नाम बदल दिया गया है. अब उनका आवास माधव भवन के नाम से जाना जाएगा. आवास के बाहर माधव भवन का नया बोर्ड लगा दिया गया है और रंग-रोगन का काम शुरू हो गया है. राष्ट्रीय महामंत्री बनने के बाद स्मृति ईरानी अपने आवास को नया रूप देने की तैयारी में हैं. बताया जा रहा है कि 14 अक्टूबर को अमेठी आ रही स्मृति ईरानी अपने आवास पर भी जा सकती है.
अमेठी में बढ़ने वाली है सक्रियता
2027 विधानसभा चुनाव को देखते हुए स्मृति ईरानी की सक्रियता अमेठी में बढ़ने वाली है. अमेठी से लोकसभा चुनाव हारने के बाद यह चौथी बार है जब स्मृति ईरानी अमेठी आ रही हैं. उनके आने को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं में भारी उत्साह देखा जा रहा है. स्मृति ईरानी के आवास का नाम बदलकर माधव भवन किया जाना चर्चा का विषय बना हुआ है. आवास के बाहर नया बोर्ड लगाया गया है और पूरे आवास में साफ-सफाई और रंग-रोगन का कार्य तेजी से चल रहा है.