मुजफ्फरनगर में धर्मांतरण का दबाव: 'ईसाई बनो वरना केस में फंसा दूंगी', पत्नी से प्रताड़ित पति ने खोल दी सारी पोल
Muzaffarnagar Religious Conversion Case: मुजफ्फरनगर में धर्म परिवर्तन न करने पर एक पत्नी अपने पति को लगातार टॉर्चर कर रही है. वह अपने पति को झूठे केस में फंसने की धमकी देती है. जिसके चलते शनिवार को पीड़ित पति हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं के साथ जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचा, जहां उसने आलाधिकारियों से मिलकर अपनी पत्नी से छुटकारा दिलाने की मांग की है.
Muzaffarnagar Religious Conversion Case/ अंकित मित्तल: उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जनपद में अवैध धर्मांतरण का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. यहां नगर कोतवाली क्षेत्र के रामलीला टीला के रविंद्र कुमार ने अपनी पत्नी और ससुराल वालों पर जबरन ईसाई धर्म अपनाने का दबाव बनाने और मना करने पर झूठे केस में फंसाने का आरोप लगाया है. लगातार मिल रही धमकियों और टॉर्चर से परेशान होकर पीड़ित पति शनिवार को बजरंग दल के कार्यकर्ताओं के साथ जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचा और आलाधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई.
हिंदू रीति-रिवाज से हुई थी शादी, बाद में खुला राज
पीड़ित रविंद्र कुमार ने बताया कि उनकी शादी 8 दिसंबर 2017 को सनातन धर्म के अनुसार गोल्डी नाम की युवती से हुई थी. शादी के कुछ समय बाद रविंद्र को पता चला कि उनकी पत्नी और उसका परिवार पहले से ही ईसाई धर्म अपना चुका है. जब रविंद्र ने इसका विरोध किया, तो ससुराल वालों ने मामला शांत कराते हुए उन्हें गुरुग्राम भेज दिया. हालांकि, वहां भी स्थिति नहीं बदली और पत्नी लगातार ईसाई बनने का दबाव बनाती रही. दंपत्ति की दो बेटियां हैं, जिनके नामकरण को लेकर भी विवाद चल रहा है.
'या तो ईसाई बनूं या आत्महत्या कर लूं'
पीड़ित रविंद्र का आरोप है कि हाल ही में जब वे मेहंदीपुर बालाजी धाम दर्शन करने और भंडारा कराने गए, तो उनकी पत्नी ने इस पर ऐतराज जताया. पीड़ित के मुताबिक, पत्नी और उसके रिश्तेदार धमकी दे रहे हैं कि या तो वे पूरे परिवार के साथ ईसाई धर्म अपना लें या फिर उनके खिलाफ फर्जी मुकदमे दर्ज करा दिए जाएंगे. पीड़ित ने रोते हुए कहा कि मुझे इस कदर मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है कि मेरे पास अब दो ही रास्ते बचे हैं या तो मैं ईसाई बन जाऊं या फिर आत्महत्या कर लूं, लेकिन मैं सनातनी हूं और सनातन धर्म में ही मरूंगा. पीड़ित रविंद्र कुमार प्रजापत कुम्हार समाज से हैं.
फंडिंग के सबूत देने का दावा, जांच में जुटी पुलिस
पीड़ित पति का यह भी आरोप है कि उनकी पत्नी के परिवार को बाहर से इंटरनल फंडिंग मिलती है, जिसके वीडियो और फोटो-कॉपी के रूप में उनके पास पुख्ता सबूत मौजूद हैं. इसके अलावा पीड़ित के भाइयों को भी फोन पर जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं. मामले की गंभीरता को देखते हुए अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) सिद्धार्थ के. मिश्रा ने बताया कि थाना कोतवाली नगर क्षेत्र में अवैध धर्मांतरण का दबाव बनाने से संबंधित शिकायत मिली है. पुलिस मामले की इस मामले में छानबीन कर रही है. धर्मांतरण से जुड़े सभी साक्ष्यों और तथ्यों की जांच की जा रही है. साक्ष्यों के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी.