बिजनौर में तिहरा हत्याकांड: दो गुटों में मामूली विवाद के बाद तीन लोगों को ट्रैक्टर से रौंदा, गांव छावनी में तब्दील
Bijnor Triple Murder Case: बिजनौर से दिल दहलाने वाली खबर सामने आई है. यहां दो गुटों में मामूली विवाद के बाद एक आरोपी ने तीन लोगों पर ट्रैक्टर चढ़ा दिया. जिससे उनकी दर्दनाक मौत हो गई. तीन लोगों की हत्या करने के बाद वह ट्रैक्टर लेकर भागने लगा, लेकिन आरोपी वीरेंद्र का ट्रैक्टर बिजली के पोल से टकराकर पलट गया. जिससे आरोपी भी घायल हो गया. इस वारदात से गांव में हड़कंप मचा हुआ है.
Bijnor Triple Murder Case/ राजवीर चौधरी: उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है. यहां चांदपुर थाना क्षेत्र के दत्तियाना और जमालुद्दीनपुर गांव के बीच बुधवार रात शराब की दुकान के पास दो गुटों के बीच मामूली विवाद हो गया. देखते ही देखते इस मामूली विवाद ने खूनी रूप ले लिया. विवाद के बाद एक आरोपी ने तीन लोगों को ट्रैक्टर से कुचल दिया, जिससे तीनों की दर्दनाक मौत हो गई. इस तिहरे हत्याकांड के बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है. भारी तनाव को देखते हुए मौके पर कई थानों की पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है.
छोले की दुकान से शुरू हुई कहासुनी बनी काल
जानकारी के अनुसार, दत्तियाना और जमालुद्दीनपुर गांव के बीच शराब की दुकान के पास जमालुद्दीनपुर का छोटू छोले की रेहड़ी लगाता है. बुधवार रात किसी बात को लेकर छोटू का दत्तियाना गांव के कुछ लोगों से झगड़ा हो गया. देखते ही देखते मौके पर भीड़ जमा हो गई. वहीं, सूचना मिलते ही जमालुद्दीनपुर से भी कई लोग वहां पहुंच गए. इसी गहमागहमी के बीच वहां से पैदल गुजर रहे उदयवीर (60), बाबू (40) और महेंद्र पर आरोपी वीरेंद्र ने जानबूझकर ट्रैक्टर चढ़ा दिया.
परिजनों का आरोप है कि आरोपी वीरेंद्र ने ट्रैक्टर को पहले पीछे किया और फिर दोबारा आगे बढ़ाकर तीनों को बुरी तरह रौंद दिया. तीनों की हत्या करने के बाद भागने की कोशिश में आरोपी का ट्रैक्टर बिजली के पोल से टकराकर पलट गया, जिससे वह खुद भी घायल हो गया.
अस्पताल पहुंचते-पहुंचते थम गईं सांसें, चौराहे पर हंगामा
हादसे के तुरंत बाद परिजन घायलों को सीएचसी स्याऊ लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उदयवीर और बाबू को मृत घोषित कर दिया. वहीं गंभीर रूप से घायल महेंद्र ने बिजनौर ले जाते समय रास्ते में दम तोड़ दिया. तीन मौतों की खबर फैलते ही परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा. आक्रोशित ग्रामीणों ने हल्दौर चौराहे पर शव रखकर जोरदार हंगामा किया और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी के साथ-साथ बुलडोजर कार्रवाई की मांग की.
उधर, आरोपी वीरेंद्र का कहना है कि उस पर किसी ने पत्थर फेंका था, जिससे वह आपा खो बैठा. हालांकि, पुलिस मामले की हर पहलू से बारीकी से जांच कर रही है.
गांव में पुलिस छावनी, स्थिति तनावपूर्ण
घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए एसपी देहात, सीओ और एसडीएम समेत भारी पुलिस बल गांव में मुस्तैद है. पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और स्थिति को नियंत्रण में रखा हुआ है. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि परिजनों की तहरीर के आधार पर कार्रवाई की जा रही है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा.