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नन्हे कदम, बड़ा रिकॉर्ड: बूट्सी ने नहीं छोड़ा दुनिया का कोई भी डिज्नी पार्क; गिनीज बुक में दर्ज हुआ मासूम का नाम

⁠अमेरिका के इडाहो की रहने वाली महज 3 साल की बूट्सी डैरिंगटन ने दुनिया के सभी 12 डिज्नी थीम पार्क घूमकर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बना दिया है. खास बात यह है कि जब उन्होंने यह रिकॉर्ड बनाया, तब उनकी उम्र सिर्फ 3 साल 139 दिन थी. जापान से शुरू हुआ उनका सफर तीन महाद्वीपों और चार देशों से होकर गुजरा और अंत में फ्रांस के डिज्नीलैंड पेरिस में पूरा हुआ.

नन्हे कदम, बड़ा रिकॉर्ड: बूट्सी ने नहीं छोड़ा दुनिया का कोई भी डिज्नी पार्क; गिनीज बुक में दर्ज हुआ मासूम का नाम
Image Credit: बूट्सी ने घूमें सभी 12 डिज्नी पार्क

अगर कोई आपसे पूछे कि 3 साल की उम्र में आप क्या कर रहे थे, तो हम में से ज्यादातर लोगों के पास कोई खास जवाब नहीं होगा. क्योंकि इस उम्र में घर में रहने और खेलने के अलावा कोई कुछ भी करता है. लेकिन हम यहां एक ऐसी बच्ची की बात कर रहे हैं. जिसने महज 3 साल 139 दिन की उम्र में वो कारनामा कर दिया, जो बड़े-बड़े लोगों के बस में नहीं है.

आमतौर पर बच्चे इस उम्र में अपने घर के आसपास की दुनिया को समझना शुरू करते हैं. लेकिन बूट्सी डैरिंगटन की कहानी कुछ अलग है. उन्होंने जब अपने इस खास ट्रैवल एडवेंचर की शुरुआत की, तब वह सिर्फ 11 महीने की थीं. मार्च 2024 में बूट्सी अपने परिवार के साथ जापान पहुंचीं और वहां डिज्नी सी टोक्यो का दौरा किया. शायद उस वक्त किसी ने नहीं सोचा होगा कि यह छोटी सी ट्रिप आगे चलकर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड का हिस्सा बन जाएगी.

जापान से शुरू, पेरिस में पूरा हुआ मिशन

बूट्सी का यह सफर सिर्फ एक या दो डिज्नी पार्क तक सीमित नहीं रहा. जापान से शुरू हुआ उनका ट्रैवल एडवेंचर तीन महाद्वीपों और चार अलग-अलग देशों तक पहुंचा. परिवार ने अमेरिका के कैलिफोर्निया और फ्लोरिडा में मौजूद डिज्नी पार्क्स का भी मजा लिया. इसके बाद चीन और हॉन्ग कॉन्ग समेत दूसरे डिज्नी डेस्टिनेशन भी इस सफर का हिस्सा बने. आखिर में फ्रांस के डिज्नीलैंड पेरिस पहुंचकर बूट्सी ने दुनिया के सभी 12 डिज्नी थीम पार्क घूमने का अपना मिशन पूरा कर लिया.

दुनिया में कुल 12 डिज्नी पार्क

दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में कुल छह डिज्नी रिसॉर्ट्स हैं, जिनमें 12 डिज्नी थीम पार्क मौजूद हैं. ये पार्क अमेरिका, फ्रांस, जापान, चीन और हॉन्ग कॉन्ग में फैले हुए हैं. इन पार्क्स में हर जगह का अपना अलग माहौल, राइड्स और थीम देखने को मिलती हैं. ऐसे में किसी बड़े व्यक्ति के लिए भी इन सभी जगहों को घूमना आसान काम नहीं है. बूट्सी ने इतनी कम उम्र में यह पूरा सफर परिवार के साथ तय किया.

 

 

भाई के साथ हर जगह की मस्ती

बूट्सी इस पूरे एडवेंचर पर अकेली नहीं थीं. उनके साथ उनके बड़े भाई ब्रिग्स भी थे, जिनकी उम्र उस वक्त 5 साल थी. उनके माता-पिता जेस और स्टीव भी लगातार इस सफर में साथ रहे. परिवार अमेरिका के इडाहो में रहता है और सोशल मीडिया पर अपने ट्रैवल पेज के जरिए बच्चों के साथ घूमने से जुड़े अनुभव शेयर करता है. माता-पिता का मकसद यह दिखाना है कि छोटे बच्चों के साथ ट्रैवल करना सिर्फ मुश्किलों से भरा काम नहीं है, बल्कि परिवार के लिए मजेदार अनुभव भी बन सकता है. बूट्सी के लिए इस पूरे सफर में उनका भाई सबसे खास साथी रहा. राइड्स हों या डिज्नी की अलग-अलग जगहों पर मस्ती, ब्रिग्स हर कदम पर उनके साथ थे.

पेरिस में मिला रिकॉर्ड का सम्मान

बूट्सी के रिकॉर्ड का आखिरी पड़ाव फ्रांस का डिज्नीलैंड पेरिस बना. यहां रतातुई थीम वाले इलाके में इस खास सफर का अंत एक जश्न के साथ हुआ. गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड्स के अधिकारी विलियम सिंडेन भी इस मौके पर मौजूद थे. उन्होंने बूट्सी को इस उपलब्धि के लिए आधिकारिक तौर पर सम्मानित किया. गिनीज बुक ऑफ रिकॉर्ड्स की वेबसाइट से मिली जानकारी के मुताबिक, उस समय बूट्सी की उम्र 3 साल और 139 दिन थी. उनकी मां जेस के लिए भी यह पल बेहद खास था. उन्होंने अपनी बेटी को दुनिया के अलग-अलग डिज्नी पार्क्स में घूमते, नई चीजें देखते और अपने भाई के साथ यादें बनाते देखा.

सोशल मीडिया पर रिकॉर्ड से ज्यादा चर्चा

गिनीज की ओर से यह जानकारी शेयर किए जाने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने बूट्सी को खूब बधाई दी. हालांकि, हर कमेंट सिर्फ तारीफ वाला नहीं था. कुछ लोगों ने कहा कि इतनी कम उम्र में दुनिया के इतने पार्क घूमने के पीछे परिवार का काफी पैसा और समय लगा होगा. एक यूजर ने मजाकिया अंदाज में लिखा कि अगर किसी के पास पैसा और समय हो तो ऐसे रिकॉर्ड बनाना संभव है. कुछ लोगों ने यह भी सवाल उठाया कि बूट्सी जब बड़ी होंगी तो क्या उन्हें अपने इस सफर की कोई याद रहेगी. वहीं कुछ यूजर्स ने इसे बचपन की खूबसूरत यादें बनाने वाला अनुभव बताया.

क्या बच्चों को छोटी उम्र में ट्रैवल कराना फायदेमंद है?

बूट्सी की कहानी के बाद यह सवाल भी उठ रहा है कि आखिर इतनी कम उम्र में बच्चों को अलग-अलग जगहों पर घुमाने का कितना फायदा होता है. बच्चों को बाद में किसी यात्रा की पूरी घटना याद रहे, यह जरूरी नहीं है. लेकिन नई जगहें, अलग तरह के लोग, रंग-बिरंगे माहौल और नए अनुभव उनके आसपास की दुनिया को समझने में भूमिका निभा सकते हैं. हार्वर्ड से जुड़ी रिपोर्ट में बताया गया है कि बच्चे के शुरुआती वर्षों में दिमाग तेजी से विकसित होता है और हर सेकंड बड़ी संख्या में नए न्यूरल कनेक्शन बनते हैं. इसका मतलब यह नहीं कि कोई खास ट्रैवल सीधे तौर पर बच्चे की बुद्धि बढ़ा देगा, लेकिन शुरुआती अनुभव बच्चे के विकास का हिस्सा जरूर बन सकते हैं.

रिकॉर्ड से बड़ी हैं बचपन की यादें

बूट्सी ने सिर्फ एक रिकॉर्ड अपने नाम नहीं किया, बल्कि अपने परिवार के साथ दुनिया के कई हिस्सों को देखने का मौका भी पाया. जापान से शुरू हुई यह यात्रा पेरिस तक पहुंची और रास्ते में पूरा परिवार एक साथ रहा. भले ही बूट्सी को कुछ साल बाद इस सफर की हर छोटी बात याद न रहे, लेकिन उनके माता-पिता और भाई के पास इन यात्राओं की तस्वीरें और यादें रहेंगी. यही इस कहानी का सबसे प्यारा हिस्सा है. तीन साल की उम्र में दुनिया के सभी 12 डिज्नी थीम पार्क घूमना निश्चित तौर पर असाधारण सफर है. गिनीज रिकॉर्ड ने इसे एक उपलब्धि के तौर पर दर्ज कर दिया है, लेकिन बूट्सी के परिवार के लिए शायद इस पूरे सफर की असली कीमत रिकॉर्ड से ज्यादा उन पलों में है, जो उन्होंने एक साथ बिताए.

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About the Author

Santosh Kumar Mishra

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संतोष मिश्रा जी न्यूज में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं. वह पिछले 4.5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं. ट्रैवल, फीचर, ऑफबीट, ट्रेंडिंग और वायरल खबरों के साथ-साथ टेक और साइंस से जुड़ी खबरों में भी उनकी विशेष विशेषज्ञता है. उनकी खबरें अपनी विश्वसनीयता और सटीक जानकारी के लिए जानी जाती हैं. आसान और सहज भाषा में लिखे गए उनके कंटेंट को पाठक काफी पसंद करते हैं. सोशल मीडिया की दुनिया (Instagram, X, Reddit, Threads और Facebook) पर उनकी अच्छी पकड़ है. वह ट्रेंडिंग विषयों पर लगातार नजर रखते हैं और फ्रेश व यूनिक खबरें पाठकों तक पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं. संतोष मिश्रा इससे पहले News Nation और India Ahead जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में भी काम कर चुके हैं. उन्होंने बुंदेलखंड विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन (PG) किया है.
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