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न हॉर्न, न हड़बड़ी, न शोर: महिला ने दिखाई भारत की 'साइलेंट सिटी'; चौराहे पर सैकड़ों गाड़ियां फिर भी पसरी रही शांति, Video Viral

दिल्ली-मुंबई जैसे बड़े शहरों में ट्रैफिक के साथ हॉर्न की आवाज भी रोज की जिंदगी का हिस्सा है. लेकिन मिजोरम की राजधानी आइजोल का एक वीडियो सोशल मीडिया पर बिल्कुल अलग तस्वीर दिखा रहा है. एक ट्रैवल व्लॉगर बिजी चौराहे पर खड़ी हुई और कुछ देर के लिए बोलना बंद कर दिया. पीछे लगातार गाड़ियां गुजरती रहीं, लेकिन बेवजह हॉर्न की आवाज सुनाई नहीं दी.

Written By Santosh Kumar Mishra
Published: Sep 25, 2026, 09:17 AM IST | Updated: Sep 25, 2026, 09:25 AM IST
Image Credit: @feetoutside | भारत की सबसे साइलेंट सिटी!
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सोशल मीडिया पर तेजी से घूम रहा यह वीडियो किसी खूबसूरत पहाड़ या झरने का नहीं है. इसमें एक महिला बस सड़क के किनारे खड़ी है और कैमरे के सामने अपनी बात रख रही है. लेकिन कुछ ही सेकंड बाद वह चुप हो जाती है. इसके बाद वीडियो देखने वाले भी उसी आवाज को सुनने लगते हैं, जिसे बड़े शहरों में अक्सर ट्रैफिक के शोर में ढूंढना मुश्किल होता है.

यह वीडियो ट्रैवल व्लॉगर जॉयिता ने आइजोल की अपनी यात्रा के दौरान बनाया. उन्होंने शहर की सड़क पर खड़े होकर लोगों को वहां के ट्रैफिक का एक ऐसा हिस्सा दिखाया, जो उनके लिए खास अनुभव था. वीडियो ने लोगों को आइजोल के शांत ट्रैफिक कल्चर की याद दिला दी.

'अब मैं नहीं बोलूंगी, आप सुनिए'

वीडियो में जॉयिता बताती हैं कि वह आइजोल के एक बिजी चौराहे पर खड़ी हैं. उनके पीछे सड़क पर लगातार गाड़ियां आती-जाती दिखाई देती हैं. ट्रैफिक भी कम नहीं है. इसके बावजूद माहौल में वैसा शोर नहीं है, जिसकी किसी व्यस्त भारतीय सड़क से आमतौर पर उम्मीद की जाती है. इसके बाद जॉयिता कहती हैं कि अब वह कुछ नहीं बोलेंगी. उन्हें बस यह सुनना है कि क्या पीछे से किसी गाड़ी के हॉर्न की आवाज आती है या नहीं. जैसे ही वह चुप होती हैं, कुछ पल के लिए वीडियो में सिर्फ गाड़ियों के चलने की आवाज सुनाई देती है.

गाड़ियां चलती रहीं, हॉर्न नहीं बजा

वीडियो का यही हिस्सा लोगों का ध्यान खींच रहा है. सड़क पर वाहन गुजरते रहते हैं, लेकिन लगातार हॉर्न सुनाई नहीं देता. जॉयिता भी इसी अनुभव को अपने वीडियो के जरिए दिखाना चाहती थीं. कुछ देर इंतजार करने के बाद वह आइजोल का नाम बताती हैं. उनका इशारा साफ था कि शहर की व्यस्त सड़क पर भी ट्रैफिक का मतलब हर समय हॉर्न और शोर नहीं है. यही छोटी सी बात सोशल मीडिया पर लोगों को बड़ी अलग लगी. क्योंकि देश के कई बड़े शहरों में सड़क पर कुछ सेकंड के लिए भी हॉर्न की आवाज न सुनना अपने आप में खास अनुभव हो सकता है.

 

 

आइजोल में हॉर्न का अलग कल्चर

जॉयिता के मुताबिक, आइजोल में उन्हें सबसे ज्यादा यही चीज नोटिस हुई कि लोग बेवजह हॉर्न बजाते नजर नहीं आए. सड़क पर गाड़ियां थीं, ट्रैफिक था और लोग अपने काम से जा रहे थे, लेकिन हर थोड़ी देर में हॉर्न बजाने वाली आदत दिखाई नहीं दी. उनका कहना है कि वहां ड्राइवर हॉर्न का इस्तेमाल जरूरत पड़ने पर करते हैं. मतलब सामने कोई खतरा हो या किसी दूसरे वाहन को संकेत देना जरूरी हो, तभी हॉर्न बजाया जाता है. सिर्फ रास्ता खाली कराने या अपनी मौजूदगी जताने के लिए लगातार हॉर्न बजाना वहां आम नजारा नहीं लगता.

'न कोई हड़बड़ी, न बेवजह शोर'

आइजोल के अनुभव को बताते हुए जॉयिता सिर्फ हॉर्न की बात नहीं करतीं. उन्होंने शहर के पूरे माहौल को लेकर भी अपनी बात रखी. उन्हें लगा कि सड़क पर लोग ज्यादा हड़बड़ी में नहीं दिख रहे थे. उनके मुताबिक, यहां न तो हर वक्त हॉर्न का शोर है और न ही ट्रैफिक में वही बेचैनी महसूस होती है, जो बड़े शहरों की सड़कों पर अक्सर दिखाई देती है. इसी वजह से एक सामान्य सा चौराहा भी उन्हें काफी अलग लगा. उन्होंने वीडियो के कैप्शन में लोगों से यह भी पूछा कि क्या वे ऐसी शांति पसंद करेंगे.

दिल्ली के हॉर्न से आइजोल की शांति तक

वीडियो वायरल होने के बाद लोगों ने अपने-अपने शहरों की तुलना आइजोल से करनी शुरू कर दी. खासकर दिल्ली-NCR के ट्रैफिक का जिक्र खूब हुआ. एक यूजर ने मजाकिया अंदाज में लिखा कि दिल्ली में तो कुछ बाइक वाले भी ऐसा हॉर्न लगाकर घूमते हैं, जैसे उनकी बाइक नहीं बल्कि ट्रक हो. दरअसल, बड़े शहरों में हॉर्न कई बार ट्रैफिक का हिस्सा बन चुका है. लाल बत्ती पर खड़े वाहन, जाम में फंसे लोग और आगे बढ़ने की जल्दी, इन सबके बीच लगातार हॉर्न सुनाई देना आम बात है. ऐसे में आइजोल का यह वीडियो लोगों को इसलिए भी खास लगा क्योंकि यहां व्यस्त सड़क पर भी शोर कम दिखाई दिया.

क्या सच में ‘भारत की सबसे साइलेंट सिटी’?

जॉयिता ने अपने वीडियो में आइजोल को जिस तरह दिखाया, उसके बाद सोशल मीडिया पर इसे 'भारत की सबसे साइलेंट सिटी' जैसे नाम दिए जा रहे हैं. हालांकि, इसे पूरे भारत की सबसे शांत या सबसे कम हॉर्न वाली सिटी का आधिकारिक खिताब नहीं माना जा सकता. वीडियो में जो दिख रहा है, वह जॉयिता का एक खास जगह और खास समय का अनुभव है. फिर भी यह आइजोल के ट्रैफिक कल्चर की एक दिलचस्प झलक जरूर देता है. किसी शहर की पहचान सिर्फ उसकी इमारतों, पहाड़ों और टूरिस्ट स्पॉट से नहीं होती. वहां लोग सड़क पर कैसे व्यवहार करते हैं, यह भी उस शहर को खास बनाता है.

नॉर्थ-ईस्ट की खूबसूरती के साथ सुकून भी

नॉर्थ-ईस्ट अपनी पहाड़ियों, हरियाली और खूबसूरत नजारों के लिए पहले से ही लोगों को आकर्षित करता रहा है. आइजोल भी इसी खूबसूरती के बीच बसा शहर है. लेकिन जॉयिता के वीडियो ने शहर की एक ऐसी खासियत को सामने ला दिया, जो किसी टूरिस्ट स्पॉट की तरह दिखाई नहीं देती. यहां की सड़क पर कुछ मिनट खड़े होकर महसूस की गई शांति ही वीडियो की सबसे बड़ी कहानी बन गई. और शायद यही वजह है कि हजारों लोग इसे देखकर अपने शहर के ट्रैफिक और हॉर्न की आदतों के बारे में सोचने लगे.

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About the Author

संतोष मिश्रा जी न्यूज में सब एडिटर के तौर पर कार्यरत हैं. वह पिछले 4.5 वर्षों से डिजिटल मीडिया के क्षेत्र में सक्रिय हैं. ट्रैवल, फीचर, ऑफबीट, ट्रेंडिंग और वायरल खबरों के साथ-साथ टेक और साइंस से जुड़ी खबरों में भी उनकी विशेष विशेषज्ञता है. उनकी खबरें अपनी विश्वसनीयता और सटीक जानकारी के लिए जानी जाती हैं. आसान और सहज भाषा में लिखे गए उनके कंटेंट को पाठक काफी पसंद करते हैं. सोशल मीडिया की दुनिया (Instagram, X, Reddit, Threads और Facebook) पर उनकी अच्छी पकड़ है. वह ट्रेंडिंग विषयों पर लगातार नजर रखते हैं और फ्रेश व यूनिक खबरें पाठकों तक पहुंचाने के लिए जाने जाते हैं. संतोष मिश्रा इससे पहले News Nation और India Ahead जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में भी काम कर चुके हैं. उन्होंने बुंदेलखंड विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन (PG) किया है.
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