Indian Railways लाया AI वाली तीसरी आंख: पेंट्री कार से लेकर बेस किचन तक लगेंगे AI कैमरे, जानें कैसे काम करेगी ये नई टेक्नोलॉजी
भारतीय रेलवे ने ट्रेन के खाने की सफाई और क्वालिटी सुधारने के लिए ईस्ट सेंट्रल रेलवे (ECR) की पेंट्री कार और बेस किचन में AI वाले CCTV कैमरे लगाने का फैसला किया है. जानिए रेलवे का यह नया AI निगरानी सिस्टम कैसे काम करेगा.
अगर आप भी अक्सर ट्रेन से सफर करते हैं तो यह खबर आपके चेहरे पर मुस्कान ला देगी. हम सभी जानते हैं कि ट्रेन में सफर के दौरान पेंट्री कार या बेस किचन से मिलने वाले खाने की सफाई और क्वालिटी को लेकर कई बार मन में शक रहता है. कई बार यात्री खाने की शिकायत भी करते हैं. लेकिन अब भारतीय रेलवे ने आपकी इस सबसे बड़ी परेशानी का एक हाई-टेक इलाज खोज निकाला है.
रेलवे अब पेंट्री कार और बेस किचन में AI यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस वाले सीसीटीवी कैमरे लगाने जा रहा है. यह तीसरी आंख 24 घंटे खाने की तैयारी से लेकर पैकिंग तक पर अपनी पैनी नजर रखेगी. चलिए आसान भाषा में समझते हैं कि रेलवे का यह नया प्लान क्या है और इससे आपको सफर के दौरान क्या-क्या फायदे होने वाले हैं.
आखिर रेलवे को क्यों लेनी पड़ी AI कैमरों की मदद?
ट्रेन में यात्रियों को मिलने वाले खाने का स्टैंडर्ड बेहतर बनाने के लिए रेलवे ने यह बड़ा कदम उठाया है. हाल ही में रेलवे बोर्ड के चेयरमैन सतीश कुमार ने नई दिल्ली स्थित IRCTC वॉर रूम का दौरा किया था. इस विजिट के दौरान उन्होंने कैटरिंग ऑपरेशन्स का जायजा लिया और अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि ट्रेन में सफर करने वाले हर पैसेंजर को एकदम साफ और हाई-क्वालिटी खाना ही मिलना चाहिए.
इसी के बाद यह फैसला लिया गया कि अब ईस्ट सेंट्रल रेलवे (ECR) ज़ोन की पेंट्री कारों और बेस किचन में AI-इनेबल्ड CCTV कैमरे लगाए जाएंगे. यह कोई नॉर्मल कैमरे नहीं होंगे, बल्कि इनमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की तकनीक होगी. इससे वहां चल रही हर एक्टिविटी की 24x7 लाइव निगरानी हो सकेगी.
ईस्ट सेंट्रल रेलवे की 73 पेंट्री कार और 62 बेस किचन पर रहेगी नजर
IRCTC के जनसंपर्क अधिकारी (PRO) वी. के. भट्टी के मुताबिक, ईस्ट सेंट्रल रेलवे ज़ोन के तहत फिलहाल 73 पेंट्री कार और ट्रेन-साइड वेंडिंग सर्विसेज चल रही हैं. यह सभी सुविधाएं अलग-अलग मेल और एक्सप्रेस ट्रेनों में दी जा रही हैं. इसके अलावा इस ज़ोन में 62 बेस किचन भी काम कर रहे हैं, जहां लंबी दूरी और प्रीमियम ट्रेनों के लिए बल्क में खाना तैयार किया जाता है.
अब इन सभी 62 बेस किचन और 73 पेंट्री कारों को सीसीटीवी नेटवर्क से जोड़ा जाएगा. इससे रेलवे के बड़े अधिकारी अपने ऑफिस में बैठे-बैठे यह देख सकेंगे कि खाना कैसे पकाया जा रहा है, उसे कैसे पैक किया जा रहा है और यात्रियों तक पहुंचाने का प्रोसेस कैसा है.
कैसे काम करेगा AI वाला CCTV और इससे क्या बदलेगा?
आपके मन में यह सवाल जरूर आ रहा होगा कि नॉर्मल कैमरे और इस AI कैमरे में क्या फर्क है. असल में यह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सिस्टम सफाई और फूड हैंडलिंग में होने वाली किसी भी तरह की लापरवाही को तुरंत पकड़ लेगा.
जैसे ही पेंट्री कार या किचन में कोई कर्मचारी बिना ग्लव्स या कैप के खाना बनाएगा, या फिर वहां गंदगी दिखेगी, तो यह AI सिस्टम तुरंत अलर्ट भेज देगा. इससे अधिकारियों को गड़बड़ी की जानकारी तुरंत मिल जाएगी और वे मौके पर ही सख्त एक्शन ले सकेंगे. इससे कैटरिंग स्टाफ में जवाबदेही बढ़ेगी और वे सफाई के नियमों से कोई समझौता नहीं कर पाएंगे.
किन-किन बड़े स्टेशनों के बेस किचन इस निगरानी में आएंगे?
ईस्ट सेंट्रल रेलवे के कई बड़े और अहम स्टेशनों पर बेस किचन और फूड सप्लाई की फैसिलिटी मौजूद है. इनमें पटना जंक्शन, राजेंद्र नगर टर्मिनल, दानापुर और पाटलिपुत्र जैसे प्रमुख रेलवे स्टेशन शामिल हैं.
इन बेस किचन में रोजाना हजारों यात्रियों के लिए ब्रेकफास्ट, लंच और डिनर तैयार किया जाता है. यहां से खाना पैक होकर लंबी दूरी की सुपरफास्ट और प्रीमियम ट्रेनों में चढ़ाया जाता है. अब इन सभी जगहों पर AI कैमरे लगने से खान-पान की पूरी प्रोसेस बहुत ज्यादा ट्रांसपेरेंट हो जाएगी.
अगर ट्रेन के खाने से कोई दिक्कत हो तो शिकायत कैसे करें?
अगर आपको सफर के दौरान खाने की क्वालिटी, क्वांटिटी या सफाई को लेकर कोई परेशानी होती है तो आपको परेशान होने की जरूरत नहीं है. आप रेलवे के 24x7 हेल्पलाइन ऐप 'रेल मदद' (Rail Madad) पर सीधे अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं.
ईसीआर के एक सीनियर अधिकारी का कहना है कि यह CCTV निगरानी सिस्टम यात्रियों की सेवा को और मजबूत बनाएगा. जब पीछे से AI के जरिए लगातार मॉनिटरिंग होगी तो अपने आप यात्रियों को अच्छा खाना मिलेगा और उनकी शिकायतें भी काफी कम हो जाएंगी.
त्योहारी सीजन में टिकट बुकिंग का बना ऑल-टाइम हाई रिकॉर्ड
इसी बीच IRCTC ने ऑनलाइन टिकट बुकिंग का एक नया और ऐतिहासिक रिकॉर्ड भी बना लिया है. अधिकारी वी. के. भट्टी ने बताया कि आगामी दीवाली और छठ पूजा के त्योहारों के कारण ट्रेनों में यात्रियों की भारी भीड़ देखी जा रही है.
इसी मांग के चलते 7 सितंबर को देशभर में 20.06 लाख ऑनलाइन टिकट बुक किए गए, जो अब तक का सबसे बड़ा रिकॉर्ड है. इसके अगले ही दिन यानी 8 सितंबर को भी 19.50 लाख टिकट बुक हुए. त्योहारों के इस सीजन में जब लाखों लोग ट्रेन से सफर करने वाले हैं, तब रेलवे का यह AI मॉनिटरिंग प्लान यात्रियों के लिए बेहद फायदेमंद साबित होने वाला है.