टीम इंडिया में वापसी की उम्मीद लगाए बैठे अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी को एक बार फिर निराशा हाथ लगी है. डोमेस्टिक क्रिकेट में लगातार अपनी गेंदबाजी से बेहतरीन प्रदर्शन करने के बावजूद मोहम्मद शमी को न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे और टेस्ट सीरीज के लिए भारतीय टीम में जगह नहीं मिली. वहीं, तेज गेंदबाज आकाश दीप की भारत की टेस्ट टीम में वापसी हुई है. ऐसे में सेलेक्टर्स के इस फैसले ने मोहम्मद शमी के भविष्य को लेकर नई बहस छेड़ दी है. भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने नवंबर में न्यूजीलैंड के खिलाफ होने वाली पांच मैचों की वनडे सीरीज और दो मैचों की टेस्ट सीरीज के लिए टीम इंडिया का ऐलान किया है.
बता दें कि भारत और न्यूजीलैंड के बीच पांच मैचों की वनडे इंटरनेशनल सीरीज 4 नवंबर से 15 नवंबर तक खेली जाएगी. इसके बाद दोनों देशों को 19 नवंबर से 1 दिसंबर तक दो मैचों की टेस्ट सीरीज खेलनी है, जो आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC 2025-27) का हिस्सा है. यह सीरीज आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC 2025-27) के फाइनल में पहुंचने की भारत की उम्मीदों के लिए बहुत महत्वपूर्ण होगी.स्टार तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी एक बार फिर सेलेक्टर्स का भरोसा जीतने में नाकाम रहे. दूसरी ओर, बंगाल के तेज गेंदबाज आकाश दीप को एक साल से अधिक समय बाद टेस्ट टीम में वापसी का मौका मिला है.
मोहम्मद शमी ने भारत के लिए अपना पिछला इंटरनेशनल मैच 9 मार्च 2025 को दुबई में खेला था. काफी उम्मीदें थीं कि 36 साल के मोहम्मद शमी को न्यूजीलैंड दौरे के लिए टीम इंडिया में शामिल किया जा सकता है. हाल ही में चार साल बाद भुवनेश्वर कुमार की भारत की T20I टीम में वापसी हुई थी. यह घटनाक्रम चीफ सेलेक्टर के पद से अजीत अगरकर के हटने के कुछ ही दिनों बाद हुआ, जिससे उम्मीद जगी थी कि सेलेक्शन कमेटी में हुए इस बदलाव से मोहम्मद शमी के लिए भी रास्ते खुल सकते हैं, लेकिन प्रज्ञान ओझा की अगुवाई वाली सेलेक्शन कमेटी ने उन्हें वापस न बुलाने का फैसला किया, जबकि घरेलू क्रिकेट में उनका प्रदर्शन शानदार रहा है.
पिछले हफ्ते कल्याणी में दिल्ली के खिलाफ रणजी ट्रॉफी के पहले मैच में मोहम्मद शमी ने बंगाल के लिए खेलते हुए पांच विकेट निकाले थे और एक बार फिर साबित कर दिया था कि उनमें अभी भी बेहतरीन खेल दिखाने की काबिलियत है. मैच के बाद, मोहम्मद शमी ने अपने आलोचकों को एक संदेश दिया था. चीफ सेलेक्टर के रूप में अजीत अगरकर के कार्यकाल के आखिरी दौर में, फिटनेस को लेकर चिंताओं के चलते मोहम्मद शमी को टीम इंडिया में शामिल नहीं किया गया था.
हालांकि, मोहम्मद शमी का हमेशा से यही कहना रहा है कि वह इंटरनेशनल क्रिकेट की चुनौतियों का सामना करने के लिए पूरी तरह फिट हैं. पिछले हफ्ते कल्याणी में बंगाल के रणजी ट्रॉफी मैच के दौरान मोहम्मद शमी ने पत्रकारों से कहा था, 'आप मेरी फिटनेस देख सकते हैं. इसे लिख लीजिए. आप मुझे खेलते हुए देख रहे हैं. मेरे कहने से क्या होगा? मैं मैदान पर हूं. मैं खेल रहा हूं. जहां भी मौका मिल रहा है, मैं खेल रहा हूं. मेरा काम बस गेंदबाजी करते रहना है.'
शुभमन गिल (कप्तान), यशस्वी जायसवाल, केएल राहुल (उपकप्तान), देवदत्त पडिक्कल, ऋषभ पंत (विकेटकीपर), ध्रुव जुरेल (विकेटकीपर), रवींद्र जडेजा, अंशुल कंबोज, जसप्रीत बुमराह, प्रसिद्ध कृष्णा, आकाश दीप, साई सुदर्शन, नीतीश कुमार रेड्डी, वॉशिंगटन सुंदर, कुलदीप यादव, मोहम्मद सिराज.