SOCIAL MEDIA

Newsletter

PARTNER SITES
Select language

36 की उम्र में होगी शमी की वापसी? भुवनेश्वर की एंट्री ने जगाई उम्मीद, रणजी में तबाही मचाकर तोड़ सकते हैं टीम इंडिया का दरवाजा

36 साल के मोहम्मद शमी की टीम इंडिया में वापसी की राह भले ही मुश्किल नजर आ रही है, लेकिन भुवनेश्वर कुमार की वापसी से उन्हें उम्मीद जरूर मिली है. रणजी ट्रॉफी में शानदार प्रदर्शन के साथ मोहम्मद शमी टीम इंडिया में वापसी कर सकते हैं.

Written By Tarun Verma
Published: Oct 11, 2026, 10:41 AM IST | Updated: Oct 17, 2026, 11:48 PM IST
Image Credit: Mohammed Shami
Join

भारत के दिग्गज तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार ने 36 साल की उम्र में टीम इंडिया में वापसी की है, जिससे मोहम्मद शमी को भी उम्मीद की एक किरण दिखाई दी है. बता दें कि भुवनेश्वर कुमार को भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) की सेलेक्शन कमिटी ने न्यूजीलैंड के खिलाफ 22 अक्टूबर से शुरू होने वाली पांच मैचों की टी20 इंटरनेशनल सीरीज के लिए सेलेक्ट किया है. सेलेक्टर्स ने 4 साल बाद भारत की टी20 इंटरनेशनल टीम में भुवनेश्वर कुमार की एंट्री करवाई है. एक समय माना जा रहा था कि भुवनेश्वर कुमार फिर कभी भारत की क्रिकेट टीम में वापसी नहीं कर पाएंगे, लेकिन उन्होंने अपने बाकी भारतीय साथी क्रिकेटरों को प्रेरणा दी है कि वापसी का रास्ता मुश्किल जरूर है, लेकिन नामुमकिन है.

भारत में रणजी ट्रॉफी की शुरुआत आज यानी 11 अक्टूबर से हो चुकी है. रणजी ट्रॉफी का 2026-27 सीजन 11 अक्टूबर 2026 से 27 फरवरी 2027 तक चलेगा. मोहम्मद शमी अब रणजी ट्रॉफी में शानदार प्रदर्शन के साथ टीम इंडिया में वापसी करने की तैयारी कर रहे हैं. बता दें कि 36 साल के इस अनुभवी तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी को सेलेक्टर्स पिछले कुछ समय से लगातार नजरअंदाज कर रहे हैं. रिपोर्ट्स के मुताबिक मोहम्मद शमी की उम्र और घुटनों की स्थिति को लेकर सेलेक्टर्स के मन में सवाल हैं, लेकिन कहानी का दूसरा पहलू यह भी है कि मोहम्मद शमी के ही हमउम्र भुवनेश्वर कुमार ने चार साल बाद भारतीय टी20 टीम में वापसी करके यह उम्मीद जगा दी है कि उम्र अपने आप में टीम से बाहर रखने की वजह नहीं है.

ये भी पढ़ें- रणजी में विवाद का विस्फोट: कानूनी पचड़े में फंसा अरुणाचल, मैदान पर उतरे बिना मिली हार, देखता रह गया BCCI

भुवनेश्वर की एंट्री ने जगाई उम्मीद

न्यूजीलैंड के आने वाले दौरे के लिए T20I टीम में भुवनेश्वर कुमार की वापसी ने साफ संदेश दिया है कि सेलेक्शन कमेटी के लिए उम्र अब कोई रुकावट नहीं है. सही समय पर यह फैसला भी मायने रखता है. यह घोषणा 6 अक्टूबर को हुई, जो चीफ सेलेक्टर के तौर पर अजीत अगरकर का कार्यकाल खत्म होने के दो दिन बाद की बात है. अब प्रज्ञान ओझा अंतरिम चेयरमैन हैं. पिछले दो सालों में मोहम्मद शमी जिन भारतीय स्क्वाड में जगह नहीं बना पाए, उन्हें अगरकर की अगुवाई वाली कमेटी ने ही चुना था. नई कमेटी द्वारा चुनी गई पहली टीम ने अलग तरह से सोचने की इच्छा दिखाई. शमी T20I टीम में जगह नहीं बना पाए. न तो यह चिंता की बात है और न ही कोई फैसला. उनका मामला हमेशा से ODI और टेस्ट टीमों के लिए रहा है.

शमी के साथ क्या रही समस्या

मोहम्मद शमी ने आखिरी बार मार्च 2025 में ODI क्रिकेट खेला था. टेस्ट में, वह जून 2023 में वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) फाइनल के बाद से नहीं खेले हैं. तब से, उनका इंटरनेशनल करियर फिटनेस को लेकर बार-बार होने वाली बहस में उलझा हुआ है. जब सेलेक्टर्स ने उन्हें 2025 की गर्मियों में इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज से बाहर रखा, तो अगरकर ने कहा, 'अगर वह फिट होते, तो उस प्लेन में होते.' मोहम्मद शमी से एक सीनियर तेज गेंदबाज ने पलटवार किया, 'अगर फिटनेस की कोई समस्या है, तो मुझे बंगाल के लिए नहीं खेलना चाहिए. अगर मैं चार दिन वाले मैच खेल सकता हूं, तो मैं 50 ओवर वाला क्रिकेट भी खेल सकता हूं.' साल 2025 में मोहम्मद शमी चैंपियंस ट्रॉफी में भारत के लिए संयुक्त रूप से सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले और विजय हजारे ट्रॉफी में बंगाल के लिए सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाज थे. मोहम्मद शमी ने सात मैचों में 15 विकेट लिए थे. फिर भी, उन्हें वनडे टीम में वापस नहीं बुलाया गया.

ये भी पढ़ें- रणजी में स्टारडम की निकली हवा: यशस्वी जायसवाल शून्य पर हुए ढेर, केएल राहुल भी नहीं जमा सके रंग

बंगाल के लिए अलग-अलग फॉर्मेट में 47 विकेट झटके

इतना ही नहीं, अपनी फिटनेस पर उठ रहे सवालों को खत्म करने के इरादे से शमी ने बंगाल के लिए अलग-अलग फॉर्मेट में 16 मैच खेले और 47 विकेट लिए. इनमें से 20 विकेट उन्होंने रणजी ट्रॉफी में चटकाए, जिसमें फरवरी में जम्मू-कश्मीर के खिलाफ सेमीफाइनल में उनका शानदार प्रदर्शन भी शामिल था. उन्होंने पहली पारी में 90 रन देकर 8 विकेट लिए, जो फर्स्ट-क्लास क्रिकेट में उनका बेस्ट बॉलिंग प्रदर्शन था और मैच हारने के बावजूद कुल मिलाकर 114 रन देकर 9 विकेट लिए. फिर भी, अफगानिस्तान के खिलाफ टेस्ट और वनडे सीरीज के लिए टीम की घोषणा करते हुए अगरकर ने कहा था, 'मुझे जो जानकारी मिली है, उसके हिसाब से अभी वह मुख्य रूप से T20 क्रिकेट के लिए ही तैयार हैं.'

जोरदार बाउंसर डाल सकते हैं मोहम्मद शमी

IPL 2026 में मोहम्मद शमी ने लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) के लिए 12 मैचों में 10 विकेट लिए. दलीप ट्रॉफी में, ईस्ट जोन के क्वार्टर फाइनल में उन्हें कोई विकेट नहीं मिला, लेकिन फाइनल में उन्होंने दो विकेट लिए और ईस्ट जोन ने जीत हासिल की. ​​वहीं, मोहम्मद सिराज ने उस फाइनल की पहली पारी में 140 रन देकर 3 विकेट लिए. सिर्फ आंकड़े पूरी कहानी नहीं बताते. शमी अभी भी ऐसे स्पेल डालने में सक्षम हैं जो बल्लेबाजों को परेशान करते हैं, लेकिन अब वह लगातार 140 KMPH की रफ्तार से गेंदबाजी नहीं कर पाते. उनके घुटनों और टखनों पर काफी दबाव पड़ा है.

शमी तोड़ सकते हैं टीम इंडिया का दरवाजा?

मोहम्मद शमी की नजरें 11 अक्टूबर से शुरू होने वाले रणजी ट्रॉफी सीजन पर होंगी, ताकि वह अपनी दावेदारी पेश कर सकें. अगर न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज की कोई संभावना बनती है, तो उनके पास नवंबर के शुरुआती हफ्ते तक का समय होगा. इस दौरान बंगाल को दिल्ली, सर्विसेज, केरल और महाराष्ट्र के खिलाफ मैच खेलने हैं, लेकिन उन्हें मुकेश कुमार और आकाश दीप से बेहतर प्रदर्शन करना होगा. यह एक मुश्किल चुनौती होगी, और हालात को अपने पक्ष में करने के लिए शमी को जबरदस्त प्रदर्शन करना होगा. भारत की मौजूदा वनडे बॉलिंग की चिंताएं शमी के लिए वापसी का दरवाजा खोल सकती हैं, लेकिन पूरी संभावना है कि उन्हें वापसी करने के लिए उस दरवाजे को जोर लगाकर खोलना होगा.

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:

About the Author

तरुण वर्मा ज़ी न्यूज़ हिंदी डिजिटल में स्पोर्ट्स डेस्क में कार्यरत हैं. तरुण वर्मा फरवरी 2021 से ज़ी न्यूज का हिस्सा हैं. तरुण वर्मा किसी भी मैच का बारीकी से विश्‍लेषण करने में माहिर हैं. तरुण वर्मा को क्रिकेट व अन्य खेलों से जुड़ी ख़बरों के विभिन्न एंगल्स पर साइड स्टोरीज़ करने के अलावा खिलाड़ियों पर स्‍पेशल पैकेजेस बनाने में बहुत रुचि है. क्रिकेट व अन्य खेलों से जुड़ी हर छोटी-बड़ी जानकारी ज़ी न्यूज़ के पाठकों तक पहुंचाने की ज़िम्मेदारी तरुण वर्मा बख़ूबी निभाते हैं. तरुण वर्मा को क्रिकेट खेलने, किताबें पढ़ने और घूमने का बहुत शौक है. तरुण वर्मा साल 2016 में गौतम गंभीर के कोच संजय भारद्वाज का इंटरव्यू कर चुके हैं. तरुण वर्मा खेलों के कई बड़े-बड़े इवेंट्स को कवर करने का अनुभव रखते हैं. ज़ी न्यूज़ से जुड़ने से पहले तरुण वर्मा इंडिया टुडे ग्रुप मीडिया (Aajtak.in) संस्थान का भी हिस्सा रह चुके हैं. आप Tarun.Verma@India.com पर सीधे ईमेल कर इनसे जुड़ सकते हैं. तरुण वर्मा एक दशक से पत्रकारिता में सक्रिय हैं.
Read More

ZEENEWS TRENDING STORIES