चीफ सेलेक्टर का खत्म होने वाला है कार्यकाल, अजीत अगरकर की विदाई तय? रोहित-कोहली से लेकर सूर्या तक लिए बड़े फैसले
अजीत अगरकर का चीफ सेलेक्टर के तौर पर कार्यकाल अगले महीने खत्म होने वाला है और रिपोर्ट के मुताबिक उनका कॉन्ट्रैक्ट रिन्यू नहीं होगा.
पूर्व भारतीय क्रिकेटर अजीत अगरकर का चीफ सेलेक्टर के तौर पर कार्यकाल अब अपने आखिरी दौर में पहुंच गया है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, अगले महीने उनका कॉन्ट्रैक्ट खत्म होने के बाद इसे आगे बढ़ाए जाने की उम्मीद नहीं है. अजीत अगरकर ने अपने कार्यकाल में कई बड़े और मुश्किल फैसले लिए, जिनमें भारतीय क्रिकेट के दिग्गजों से जुड़े फैसले भी शामिल रहे. अजीत अगरकर ने भारतीय मेंस क्रिकेट टीम की चयन समिति के अध्यक्ष के तौर पर कई अहम फैसलों की अगुवाई की. हालांकि, उनका कार्यकाल विवादों से पूरी तरह दूर नहीं रहा. चयन से जुड़े कई मामलों को लेकर अगरकर सवालों के घेरे में भी आए और बीसीसीआई के साथ हस्तक्षेप को लेकर भी चर्चा होती रही.
द टेलीग्राफ की रिपोर्ट के मुताबिक बीसीसीआई ने कुछ बेहद अहम मामलों में अगरकर को फैसले लेने की पूरी आजादी दी थी. इनमें रोहित शर्मा और विराट कोहली के टेस्ट क्रिकेट से संन्यास का मामला भी शामिल था. दोनों खिलाड़ियों के संन्यास ने भारतीय क्रिकेट में बड़ा बदलाव ला दिया था.रोहित शर्मा और विराट कोहली ने मई 2025 में टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेकर भारतीय क्रिकेट के एक शानदार युग का अंत किया. दोनों ने कुछ ही दिनों के अंतराल में सबसे लंबे फॉर्मेट को अलविदा कहा. इसके बाद भारतीय टीम ने इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की टेस्ट सीरीज खेली.
क्या रोहित-कोहली का संन्यास BCCI ने कराया था?
रोहित शर्मा और विराट कोहली पहले ही 2024 टी20 वर्ल्ड कप जीतने के बाद टी20 इंटरनेशनल से संन्यास ले चुके थे. हालांकि, उन्होंने वनडे क्रिकेट के लिए खुद को उपलब्ध रखा. रोहित शर्मा और विराट कोहली के टेस्ट संन्यास को लेकर उस समय कई तरह की चर्चाएं सामने आई थीं. अगरकर ने इन अटकलों को साफ करते हुए कहा था कि दोनों खिलाड़ियों का फैसला व्यक्तिगत निर्णय था और इसे बीसीसीआई की ओर से जबरन लिया गया फैसला नहीं माना जाना चाहिए. रोहित और कोहली के टेस्ट क्रिकेट से हटने के बाद भारतीय टीम में नई पीढ़ी को आगे बढ़ने का मौका मिला. इसी बदलाव के बीच शुभमन गिल को भारतीय टेस्ट टीम की कप्तानी दी गई.
अगरकर ने सूर्यकुमार को टी20 कप्तानी से हटाया
अगरकर की अगुवाई वाली चयन समिति ने 2024 में सूर्यकुमार यादव को भारत का टी20 इंटरनेशनल कप्तान चुना था. उस समय हार्दिक पांड्या भी कप्तानी की दौड़ में थे, लेकिन चयनकर्ताओं ने सूर्यकुमार को प्राथमिकता दी. अगरकर ने कप्तान के चयन के पीछे एक अहम बात पर जोर दिया था कि टीम को ऐसा कप्तान चाहिए जो ज्यादातर मैचों में उपलब्ध रह सके. दिलचस्प बात यह है कि जिस सूर्यकुमार यादव को चयन समिति ने टी20 कप्तान की जिम्मेदारी दी थी, बाद में उन्हें टी20 वर्ल्ड कप 2026 के बाद टीम से बाहर भी कर दिया गया. जून 2026 में उनकी जगह श्रेयस अय्यर को शामिल किया गया. इससे एक बार फिर चयन समिति के फैसले चर्चा में आ गए.
अगरकर के कार्यकाल का सबसे बड़ा फैसला
अगरकर के कार्यकाल में भारतीय क्रिकेट में कई बड़े बदलाव देखने को मिले. रोहित शर्मा और विराट कोहली के टेस्ट संन्यास से लेकर शुभमन गिल को टेस्ट और वनडे का कप्तान बनाना और फिर सूर्यकुमार यादव को टी20 की कप्तानी से हटाने को लेकर कई अहम फैसले आए. अब अगरकर का कॉन्ट्रैक्ट खत्म होने के करीब है, ऐसे में भारतीय क्रिकेट में अगला चीफ सेलेक्टर कौन होगा, इस पर सभी की नजरें रहेंगी.