SOCIAL MEDIA

Newsletter

PARTNER SITES
Select language

Karva Chauth 2026: करवा चौथ पर बालत्व दोष! नई दुल्हनों को व्रत रखना है या नहीं? ज्योतिषी से जानें वरना...

Shukra Balatva Dosh Karva Chauth 2026: करवा चौथ पर प्‍यार और वैवाहिक सुख देने वाले शुक्र ग्रह पर बालत्‍व दोष लग रहा है. ऐसे में नई दुल्हनों को व्रत रखना चाहिए या नहीं? ज्‍योतिषी से जानें जवाब और उपाय.

Written By Shraddha Jain
Published: Oct 28, 2026, 08:49 AM IST | Updated: Oct 28, 2026, 08:57 AM IST
Image Credit: करवा चौथ पर शुक्र ग्रह बाल अवस्‍था में रहेंगे, इसका क्‍या प्रभाव होगा और व्रत रखें या नहीं, ज्‍योतिषाचार्य ने फैक्‍ट के साथ समझाया. (PHoto: AI)
Join

इस बार करवा चौथ पर ग्रहों का खेल रंग में भंग कर सकता है. इस दिन एक ऐसा ग्रह बालत्‍व दोष के साए में रहेगा, जिसे ज्‍योतिष में प्रेम, विवाह, भौतिक सुख का कारक माना जाता है. इसके चलते पहली बार करवा चौथ व्रत रखकर सुहाग की लंबी उम्र की कामना करने वाली नवविवाहिताओं के लिए अड़चन पैदा हो सकती है. यह दोष शुक्र ग्रह पर लग रहा है. ऐसे में कुछ लोगों का मानना है कि करवा चौथ जैसे महत्‍वपूर्ण व्रत की शुरुआत इस दोष के दौरान नहीं करनी चाहिए, वहीं कुछ इस बात को नकार रहे हैं. जानिए ये दोष क्‍या है, कब लगता है और इस दौरान व्रत रखने को लेकर ज्‍योतिषीय राय क्‍या है?

बालल्‍व दोष क्‍या है?

जिस तरह व्‍यक्ति की उम्र के पड़ाव होते हैं - बाल अवस्‍था, जवानी और बुढ़ापा. वैसे ही हर ग्रह के डिग्री के आधार पर ऐसे पड़ाव आते हैं. जब ग्रह राशि परिवर्तन या चाल में बदलाव या अस्‍त और उदित होने के दौरान शुरुआती अंशों में होता है तो ये उसकी बाल्‍यावस्‍था होती है. यानी कि उसका प्रभाव कम रहता है. वहीं जब उसकी डिग्री 12 से 18 या के बीच होती है तो उनका प्रभाव चरम पर होता है. वहीं इसके बाद उनका बुढ़ापा आने से फिर प्रभाव कम होने लगता है. बाल अवस्‍था में होने पर उसके प्रभाव में जो कमी आती है, उसे बालत्‍व दोष या बाल दोष कहा जाता है.

शुक्र ग्रह पर लगा बालत्‍व दोष

इस बार करवा चौथ पर शुक्र ग्रह पर यही बालत्व दोष लग रहा है. शुक्र ग्रह बीते कुछ दिनों से तुला राशि में अस्‍त थे. कुछ पंचांगों के अनुसार शुक्र 28 अक्‍टूबर 2026 को उदय हो रहे हैं तो कुछ के अनुसार 29 अक्‍टूबर को शुक्र उदय हो रहा है. खैर, शुक्र आज उदित हों या कल करवा चौथ के दिन उन पर बालत्‍व दोष रहेगा. क्‍योंकि शुक्र को उदित होने के बाद पूरी तरह अपने प्रभाव में आने करीब 3 से 4 दिन लगते हैं. 

(यह भी पढ़ें: करवा चौथ के दिन प्यार वाले ग्रह का उदय, सालों पुरानी शादी में आएगा लव ट्विस्ट, बैंक बैलेंस भी बढ़ेगा!) 

नई दुल्‍हनों के व्रत पर क्‍यों आई अड़चन?

ज्‍योतिष में शुक्र ग्रह को शुभ ग्रह माना गया है, खासतौर पर शादी, वैवाहिक सुख, प्रेम और धन जैसे भौतिक सुखों के लिए इसे बेहद अहम माना गया है. यही वजह है कि शुक्र अस्‍त के दौरान शादी-ब्‍याह नहीं किए जाते हैं. वरना ज्‍योतिषीय मान्‍यता के अनुसार वैवाहिक सुख में कमी आने की आशंका बनती है.

चूंकि करवा चौथ का व्रत पति की लंबी उम्र और सुखी दांपत्‍य जीवन के लिए रखा जाता है और शुक्र उदित होने के बाद भी बालत्‍व दोष के कारण पूरे प्रभाव में नहीं रहेंगे. ऐसे में नवविवाहिताओं को इस साल पहला करवा चौथ व्रत रखकर इस व्रत की शुरुआत करनी चाहिए या नहीं? इस पर सवाल उठ रहे हैं.

ज्‍योतिषाचार्य दिलीप गुप्‍ता कहते हैं कि मोटे तौर पर देखें तो शुक्र का उदय करवा चौथ व्रत रखने की शुरुआत करने के लिए काफी है. वैदिक पंचांग, द्रिक पंचांग समेत कई पंचांग के अनुसार, शुक्र का उदय 28 अक्‍टूबर 2026 की सुबह 07:35 बजे हो गया है. आमतौर पर शादियों के मुहूर्त भी शुक्र उदय के अगले दिन से प्रारंभ हो जाते हैं. ऐसे में नवविवाहिताएं अपना पहला करवा चौथ व्रत रख सकती हैं. यदि मन में दुविधा हो तो करवा चौथ के दिन शुक्र ग्रह से जुड़े कुछ उपाय कर लें. जैसे - सुहाग की सामग्री सुहागिनों की दान करें.

वहीं जिन परिवारों में शुक्र अस्‍त उदय यानी कि तारा डूबने और उगने को लेकर सख्‍त मान्‍यताएं हैं, वे चाहें तो इस साल की बजाय अगले साल से करवा चौथ व्रत रखने की शुरुआत कर सकती हैं. बेहतर है कि इस मामले में अपने पारिवारिक पंडितजी या बुजुर्ग महिलाओं से राय ले लें. वहीं जो महिलाएं पहले से करवा चौथ व्रत रख रही हैं, उनके लिए तो कोई समस्‍या है ही नहीं.

व्रत समस्‍या नहीं निदान है

ज्‍योतिषाचार्य आचार्य डॉ. विक्रमादित्‍य कहते हैं कि बालत्‍व दोष अशुभ नहीं होता है. दूसरी अहम बात यह है कि धर्म-त्‍योतिष में व्रत, पूजा-आराधना को हर समस्‍या का निदान माना है, न कि ये परेशानी बढ़ाते हैं. लिहाजा करवा चौथ का व्रत रखना अच्‍छा है, बल्कि ये कई समस्‍याएं दूर ही करेगा. इसलिए नवविवाहिताएं बेहिचक होकर व्रत रखें, भगवान की पूजा करें.

बता दें कि 29 अक्‍टूबर को करवा चौथ व्रत रखा जाएगा. इस दिन करवा माता, भगवान गणेश और गौरी-शंकर की पूजा की जाएगी और चंद्र देव को अर्ध्‍य दिया जाएगा.

(यह भी पढ़ें: अक्टूबर की आखिरी संकष्टी चतुर्थी बेहद खास, व्रत से मिलेगा अखंड सौभाग्य का वरदान, घर-घर होगी पूजा) 

(Disclaimer: यह जानकारी वैदिक पंचांग और ज्योतिष गणना पर आधारित है. ग्रह के बालत्व दोष और उसका उपाय क्षेत्रीय मान्यताओं के अनुसार भिन्न हो सकता है. कोई भी निर्णय लेने से पहले अपने परिवार की परंपराओं का ध्‍यान रखें और स्थानीय पुरोहित से सलाह कर लें.)

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:

About the Author

पत्रकारिता में 15 वर्षों का व्यापक अनुभव रखने वाली श्रद्धा जैन वर्तमान में Zee News की नेशनल डिजिटल टीम में बतौर असिस्‍टेंट न्‍यूज एडिटर सक्रिय हैं. जहाँ वे धर्म, ज्योतिष, ग्रह गोचर, अंक शास्‍त्र और वास्तु शास्त्र जैसे विषयों पर अपनी विशेषज्ञता के लिए जानी जाती हैं। उन्होंने मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन और सिम्बॉयसिस इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी से क्रिएटिव राइटिंग की पढ़ाई की है. बतौर फोटो जर्नलिस्ट करियर शुरू करने वाली श्रद्धा ने दूरदर्शन, दैनिक भास्कर और चौथी दुनिया जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में अपनी सेवाएं दी हैं.12 वर्षों की फील्ड रिपोर्टिंग के दौरान राजनीति और सामाजिक मुद्दों पर गहरी पकड़ बनाने के बाद, उन्होंने डिजिटल मीडिया की ओर रुख किया और देश 24*7 जैसे पोर्टल्स में नेतृत्व की भूमिका निभाई. वर्तमान में धर्म, ज्योतिष, वास्तु और हस्तरेखा जैसे विषयों पर गहन अध्ययन और लेखन करते हुए जटिल विषयों को सरल और रोचक भाषा में पाठकों के सामने पेश कर रही हैं.
Read More

ZEENEWS TRENDING STORIES