Karwa Chauth 2026: पीरियड्स में कैसे करें करवा चौथ की पूजा और चंद्रमा को अर्घ्य दें या नहीं? व्रत पूरा करना है तो जानें सही नियम
Karwa Chauth 2026 Niyam: करवा चौथ व्रत पर सुहागिन महिलाएं व्रत का संकल्प करती हैं. सवाल ये है कि करवा चौथ व्रत के दिन ही पीरियड्स आ जाएं तो क्या करें, इससे जुड़े नियम क्या हैं और किन बातों को ध्यान में रखकर पूजा को पूर्ण किया जा सकता है. आइए जानें.
हिंदू धर्म में पूजा-पाठ करने को लेकर कुछ विशेष नियम हैं जिनका पालन करके ही व्रत या पूजा को पूर्ण किया जा सकता है. करवा चौथ व्रत को लेकर भी कई नियम बताए गए हैं. इस साल 29 अक्टूबर को करवा चौथ व्रत रखा जाएगा. इस दिन सुहागिन महिलाएं विधि-विधान से करवा माता और चंद्रमा की पूजा करेंगी. पति की लंबी आयु की कामना के साथ निर्जला उपवास रखेंगी और चंद्र दर्शन के बाद व्रत का पारण करेंगी. ध्यान दें करवा चौथ के व्रत के दिन ही पीरियड्स आ जाएं तो इससे जुड़े कुछ जरूरी नियमों को जानना जरूरी है ताकि किसी भी तरह से व्रत और पूजा खंडित न हो.आइए जानें करवा चौथ के दिन पीरियड्स आ जाए तो कैसे पूजा करें, चंद्रमा को अर्घ्य दें या न दें और कथा पाठ को लेकर क्या नियम हैं?
क्या पीरियड्स में होने पर करवा चौथ व्रत रख सकते हैं?
धार्मिक मान्यता है कि पीरियड्स के दौरान भी व्रत रखा जा सकता है. करवा चौथ का व्रत साल में एक बार ही रखा जाता है ऐसे में अगर इसी दिन पीरियड्स आ जाएं तब भी व्रत के नियमों का पूरा-पूरा पालन करें और मन को शांत रखें.
क्या पीरियडस में करवा चौथ की पूजा कर सकते हैं?
लोक मान्यताओं के अनुसार पीरियड्स में होने पर पूजा करना वर्जित बताया गया है लेकिन मानसिक रूप से पूजा की जा सकती है यानी मंत्र जाप करवा माता से मन ही मन प्रार्थना करने से लेकर माता को प्रणाम आदि कर सकते हैं. ध्यान रहे कि किसी भी पूजा सामग्री को स्पर्श न करें. इस दिन अपने बदले घर की किसी और महिला से पूजा करवाएं या फिर आपके बदले पति भी पूजा कर सकते हैं. पूजा में बैठें और कथा भी सुनें.
क्या पीरियडस में चंद्रमा को अर्घ्य दे सकते हैं?
मान्यताओं के अनुसार पीरियड्स में होने पर पूजा के जरूरी नियमों का पालन करना जरूरी होता है. हालांकि, चंद्रमा को इस दिन अर्घ्य देने की मनाही नहीं है. छलनी से चांद के दर्शन के बाद पति को देखें और व्रत खोलें. चंद्र दर्शन के समय मंत्रों का जाप कर सकती हैं और चावल के फरे भी चढ़ा सकती हैं.
पीरियड्स में करवा चौथ की पूजा करने का नियम
करवा चौथ के दिन ही पीरियड्स आ जाएं तो व्रत संबंधी सभी नियमों का सावधानी से पालन करें. ऐसी स्थिति में मानसिक पूजा करें.
करवा चौथ के दिन पीरियड्स हों, तब भी सोलह श्रृंगार करें और नए कपड़े पहनें, इस दिन गहने भी धारण करें.
ध्यान रहे पीरियड्स में पूजा सामग्री को छूएं नहीं. अन्य महिला से करवा चौथ की कथा सुनें.
घर में कोई अन्य महिला न हो तो पति पूरी पूजा और कथा पाठ को संपन्न कर सकते हैं. इससे भी व्रत-पूजा का पूर्ण फल प्राप्त होगा.
करवा चौथ व्रत की पूजा संपन्न हो जाए तो चंद्रमा को अर्घ्य दें. पति के हाथ से पानी पीएं और व्रत को पूरा करें.
करवा चौथ के दिन पीरियड्स में हों तब भी इन नियमों का पालन कर व्रत पूजा को पूर्ण कर सकते हैं.
व्रत से पहले पीरियड्स आ जाए तो क्या करें?
वहीं व्रत से पहले ही पीरियड्स आ जाएं तब भी बिना किसी रुकावट के करवा चौथ व्रत का संकल्प करें और पूरे दिन व्रत रखें. हालांकि, पूजा से जुड़े कुछ नियमों का पालन जरूर करें.
(डिस्क्लेमर- यह सामग्री धार्मिक मान्यताओं, प्रचलित परंपराओं एवं उपलब्ध धार्मिक स्रोतों पर आधारित है. विभिन्न क्षेत्रों, समुदायों और परंपराओं के अनुसार व्रत-त्योहारों की तिथि, पूजा-विधि एवं मान्यताओं में अंतर संभव है. पाठक इसे सामान्य धार्मिक जानकारी के रूप में देखें.)