सीकर जिले के मंगलूणा गांव में शादी समारोह के दौरान एक विदेशी नागरिक की कथित हवाई फायरिंग का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. बताया जा रहा है कि विदेशी नागरिक बुधवार को शादी में मेहमान के तौर पर शामिल हुआ था. वीडियो सामने आने के बाद पुलिस जांच में जुट गई है. सबसे बड़ा सवाल यह है कि विदेशी नागरिक के पास हथियार कहां से आया, उसे किसने दिया और क्या उसे हथियार चलाने की अनुमति थी? पुलिस जांच के बाद ही इन सवालों के जवाब सामने आ सकेंगे.
पुलिस कर रही वायरल वीडियो की जांच
मामला सीकर पुलिस के उच्च अधिकारियों तक पहुंच गया है. पुलिस वायरल वीडियो की जांच कर रही है. साथ ही, कथित फायरिंग में इस्तेमाल किए गए हथियार के बारे में भी जानकारी जुटाई जाएगी. पुलिस के अनुसार, यदि जांच में वीडियो और उसमें किए जा रहे दावे सही पाए जाते हैं, तो तथ्यों और लागू नियमों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी.
विदेशी नागरिक के पास हथियार कहां से आया?
इस मामले में पुलिस की जांच का अहम बिंदु यह होगा कि विदेशी नागरिक को हथियार किसने दिया था. क्या शादी में शामिल किसी स्थानीय व्यक्ति ने अपना लाइसेंसी हथियार उसे सौंपा था या फिर फायरिंग में किसी अवैध हथियार का इस्तेमाल किया गया? इन सवालों के जवाब मिलने के बाद ही मामले की असल स्थिति साफ हो सकेगी. भारत में हथियार रखने और इस्तेमाल करने के लिए तय कानूनी नियमों का पालन करना जरूरी है. विदेशी नागरिक के मामले में भी हथियार रखने और इस्तेमाल करने की अनुमति से जुड़े नियमों की जांच की जाएगी.
लाइसेंसी हथियार होने पर भी क्या कोई दूसरा व्यक्ति चला सकता है?
सिर्फ हथियार का लाइसेंसी होना उसे किसी दूसरे व्यक्ति को इस्तेमाल करने की खुली छूट नहीं देता. हथियार का लाइसेंस और उसकी शर्तें इस मामले में अहम होंगी. जांच में यह देखा जाएगा कि हथियार किसके नाम पर था और क्या उसे किसी दूसरे व्यक्ति को इस्तेमाल करने के लिए दिया गया था. यदि नियमों का उल्लंघन सामने आता है, तो हथियार के मालिक और इस्तेमाल करने वाले के खिलाफ लागू कानून के तहत कार्रवाई हो सकती है.
शादी में हवाई फायरिंग करना कितना सही?
शादी या किसी दूसरे समारोह में खुशी जाहिर करने के लिए हवाई फायरिंग करना लोगों की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बन सकता है. हवा में चलाई गई गोली वापस नीचे गिरने पर किसी को घायल कर सकती है या जानलेवा साबित हो सकती है. इसलिए लाइसेंसी हथियार होने पर भी हर्ष फायरिंग की अनुमति नहीं मानी जा सकती. ऐसे मामलों में हथियार के लाइसेंस, इस्तेमाल की परिस्थितियों और जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर कानूनी कार्रवाई तय होती है.
जांच के बाद साफ होगी पूरी स्थिति
फिलहाल इस मामले में पुलिस वायरल वीडियो की पड़ताल कर रही है. हथियार कहां से आया, उसका लाइसेंस किसके नाम पर है और विदेशी नागरिक ने किन परिस्थितियों में फायरिंग की, इन सभी पहलुओं की जांच की जानी है. पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि मामले में किसकी भूमिका रही और किन नियमों का उल्लंघन हुआ.