राजस्थान पंचायत चुनाव में कहीं हंगामा तो कहीं बहिष्कार: जानें कहां-कहां हुई झड़प
राजस्थान की 3,626 ग्राम पंचायतों में मतदान के बीच कई जिलों से हंगामे और बहिष्कार की खबरें आईं. कहीं फर्जी मतदान पर विवाद हुआ तो कहीं ग्रामीणों ने वोट नहीं डाले. झुंझुनूं में पुलिसकर्मी और RO के बीच बहस भी हुई.
राजस्थान में आज 22 जिलों की 3,626 ग्राम पंचायतों में सरपंच और 33,804 वार्ड पंचों के लिए मतदान हो रहा है. गांव की सरकार चुनने के लिए मतदाताओं में उत्साह दिखाई दे रहा है, लेकिन मतदान के दौरान कई जिलों से विवाद, हंगामे और बहिष्कार की खबरें भी सामने आई हैं. कहीं फर्जी मतदान के आरोपों को लेकर ग्रामीणों के बीच झगड़ा हुआ तो कहीं ग्राम पंचायत बनाने और पंचायत मुख्यालय बदलने की मांग पर लोगों ने वोट नहीं डाले. झुंझुनूं में पुलिसकर्मी और निर्वाचन अधिकारी के बीच बहसबाजी हुई, जबकि जोधपुर के पाल गांव में प्रत्याशियों के समर्थक आपस में भिड़ गए.
बारां: प्रत्याशी के चुनाव कार्यालय पर देर रात हंगामा
बारां जिले के भंवरगढ़ में सरपंच प्रत्याशी के चुनाव कार्यालय पर देर रात हंगामा और अभद्रता का मामला सामने आया है. प्रत्याशी के पति नवदीप शर्मा ने थाना अधिकारी को लिखित शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की है. शिकायत के अनुसार, कार्यालय में कार्यकर्ता खाना खा रहे थे. इसी दौरान सोनू चौधरी, छोटू चौधरी, मोहित चौधरी और उनके कुछ समर्थक वहां पहुंचे. आरोप है कि उन्होंने नशे में कार्यकर्ताओं पर पैसे बांटने का आरोप लगाते हुए अभद्रता और जोर-जबरदस्ती की. शिकायतकर्ता ने पुलिस गाड़ी के सामने भी गाली-गलौज करने का आरोप लगाया है. उन्होंने खुद को खतरा बताते हुए आरोपियों को हिरासत में लेने की मांग की है.
पाली: तीन गांवों के ग्रामीणों ने किया चुनाव का बहिष्कार
पाली जिले के उमकली में ग्रामीण अपनी मांग को लेकर धरने पर बैठे हैं. उमकली को अलग ग्राम पंचायत बनाने की मांग पर उमकली, सरगरों की ढाणी और कुंडली चारणान के ग्रामीणों ने पंचायतीराज चुनाव का बहिष्कार किया है. ग्रामीण सरपंच और वार्ड पंच के चुनाव में भी मतदान नहीं कर रहे हैं.
जोधपुर: पाल गांव में समर्थकों के बीच विवाद, वाहनों में तोड़फोड़ का आरोप
जोधपुर के पाल गांव में सरपंच चुनाव के दौरान भय और तनाव का माहौल देखने को मिला. देर रात प्रत्याशियों के समर्थक आपस में भिड़ गए. इस दौरान कई वाहनों में तोड़फोड़ किए जाने का आरोप है. घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है.
दौसा: दो गांवों में मतदान का बहिष्कार
दौसा जिले की छह पंचायत समिति क्षेत्रों की 141 ग्राम पंचायतों में मतदान हो रहा है. यहां 3,73,482 मतदाताओं के लिए 419 मतदान केंद्र बनाए गए हैं. कुल 1,196 सरपंच प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला होना है. हालांकि, सायपुर पंचायत के प्यारा के नंगला और पीपलखेड़ा पंचायत के करणपुर में ग्रामीणों ने मतदान का बहिष्कार किया. प्यारा के नंगला के लोग गांव को खोंचपुरी पंचायत में और करणपुर के ग्रामीण पाटोली में शामिल करने की मांग कर रहे हैं. दोनों गांवों में जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्य चुनाव के दौरान भी बहिष्कार हुआ था. यहां वार्ड पंच के लिए भी नामांकन नहीं हुए. ग्रामीण पंचायत मुख्यालय की दूरी को लेकर नाराज हैं.
झुंझुनूं: पुलिसकर्मी और RO के बीच तीखी बहस
चिड़ावा के हीरवा मतदान केंद्र पर पुलिसकर्मी और निर्वाचन अधिकारी (RO) के बीच बहसबाजी हो गई. बताया गया कि मतदान दल के कर्मचारी चाय-पानी के लिए रुके थे, जिससे मतदाताओं की कतार लग गई. भीड़ देखकर पुलिसकर्मी ने मतदान शुरू करवाने की बात कही. इसी पर दोनों के बीच विवाद हुआ. वायरल वीडियो में RO पुलिसकर्मी को ड्यूटी ठीक से करने की नसीहत देते सुनाई दे रहे हैं. अन्य पुलिसकर्मियों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया. वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं की गई है.
बानसूर और कोटपूतली: फर्जी मतदान के आरोपों पर तनाव
कोटपूतली-बहरोड़ जिले के बानसूर क्षेत्र के माजरा अहीर मतदान केंद्र पर फर्जी मतदान को लेकर ग्रामीणों के बीच झगड़ा होने की सूचना मिली. विवाद के बाद मौके पर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी पहुंचे और स्थिति संभाली. वहीं कोटपूतली पंचायत समिति में दोपहर बाद तक 50 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया. बसई ग्राम पंचायत में भी फर्जी मतदान को लेकर तनाव की स्थिति बनी, जिसके बाद पुलिस का भारी जाब्ता तैनात किया गया.
जोधपुर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम
जोधपुर जिले की 17 पंचायत समितियों की ग्राम पंचायतों में मतदान के लिए 1,270 बूथ बनाए गए हैं. इनमें 93 क्रिटिकल बूथ चिन्हित कर अतिरिक्त पुलिस बल और हथियारबंद जवान तैनात किए गए हैं. डीसीपी ईस्ट मनीष चौधरी और डीसीपी वेस्ट कमल शेखावत ने अलग-अलग क्षेत्रों में मतदान केंद्रों का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया.