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Rajasthan Nagar-Nikay Chunav:राजस्थान के 309 नगरीय निकायों में चुनावी प्रक्रिया अब अगले अहम पड़ाव पर पहुंच गई है. नामांकन पत्रों की स्क्रूटनी का काम शुरू हो गया है. 309 निकायों के 10,245 वार्डों के लिए कुल 66,513 नामांकन आवेदन सामने आए हैं.
अब जांच के बाद तय होगा कि इनमें से कितने प्रत्याशी चुनावी मैदान में बने रहेंगे. प्रदेश नगर निकाय चुनावों में 10 नगर निगम, 51 नगर परिषद और 248 नगरपालिकाएं शामिल हैं.
दस्तावेजों और पात्रता की जांच
जयपुर नगर निगम की बात करें तो 150 वार्डों में 1,254 प्रत्याशियों ने कुल 1,393 नामांकन पत्र दाखिल किए हैं. स्क्रूटनी में दस्तावेजों और पात्रता की जांच के बाद कुछ प्रत्याशियों के नामांकन खारिज भी हो सकते हैं. ऐसे में फिलहाल सामने दिख रही चुनावी तस्वीर अंतिम नहीं है.
3 सितंबर तक नाम वापस लेने का मौका
स्क्रूटनी के बाद प्रत्याशियों के पास 3 सितंबर तक नाम वापस लेने का मौका रहेगा. नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी होने के बाद उसी दिन प्रत्याशियों की अंतिम सूची प्रकाशित की जाएगी.
4 सितंबर को आवंटित होंगे चुनाव चिह्न
इसके अगले दिन 4 सितंबर को चुनाव चिह्न आवंटित होंगे. सिंबल मिलते ही निकाय चुनाव का औपचारिक चुनावी युद्ध शुरू हो जाएगा. प्रत्याशियों के पास प्रचार के लिए बेहद कम समय रहेगा.
प्रचार अभियान पकड़ेगा जोर
1 सितंबर से 9 सितंबर शाम 6 बजे तक प्रचार अभियान जोर पकड़ेगा. नामांकन के बाद अब राजनीतिक दलों के सामने सबसे बड़ी चुनौती टिकट से नाराज नेताओं और कार्यकर्ताओं को मनाने और बागियों को साधने की होगी.
पार्टी के अधिकृत प्रत्याशी के खिलाफ मैदान में उतरे बागियों को वापस लेने के लिए मान-मनौव्वल का दौर तेज होगा. नाम वापसी के बाद तस्वीर साफ होते ही प्रत्याशी घर-घर जनसंपर्क, नुक्कड़ सभाओं और प्रचार अभियान में पूरी ताकत झोंक देंगे.
9 और 11 सितंबर को होगी वोटिंग
9 और 11 सितंबर को मतदान होगा, जबकि चुनाव परिणाम 14 सितंबर को सामने आएंगे यानी अब अगले कुछ दिन बेहद अहम हैं. स्क्रूटनी से लेकर नाम वापसी, सिंबल आवंटन और मतदान तक अगले 10 दिन तय करेंगे कि निकाय चुनाव में किसके सिर जीत का ताज सजेगा और किसे हार का सामना करना पड़ेगा?
जयपुर, जोधपुर, कोटा, बीकानेर, उदयपुर और अजमेर में 11 सितंबर को मतदान होगा, जबकि भरतपुर, अलवर, भीलवाड़ा और पाली में 9 सितंबर को वोटिंग होगी.