SOCIAL MEDIA

Newsletter

PARTNER SITES
Select language

देशभर में हो रही चर्चा: राहुल गांधी ने ऋतु बराला को कहा 'शेरनी', परिवार ने पुलिस पर उठाए सवाल

झुंझुनूं के बारी का बास गांव की बेटी और NSUI की राष्ट्रीय सचिव ऋतु बराला दिल्ली में प्रदर्शन के दौरान पुलिस कार्रवाई को लेकर राष्ट्रीय चर्चा में हैं. राहुल गांधी ने ऋतु को 'शेरनी' कहकर उनका समर्थन किया. ऋतु के परिजनों ने मामले में जांच और न्याय की मांग की है.

Written By Sneha Aggarwal Edited By Sneha Aggarwal
Published: Oct 18, 2026, 02:23 PM IST | Updated: Oct 18, 2026, 02:31 PM IST
Image Credit: ऋतु बराला मामले में राहुल गांधी की एंट्री
Join

दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर हुए प्रदर्शन के बाद झुंझुनूं जिले के बारी का बास गांव की बेटी ऋतु बराला राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में हैं. NSUI की राष्ट्रीय सचिव और महारानी कॉलेज जयपुर की पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष ऋतु को कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने 'शेरनी' कहकर संबोधित किया.

ऋतु बराला के परिवार में नाराजगी 
इस घटना को लेकर झुंझुनूं के बारी का बास गांव में रह रहा ऋतु बराला के परिवार में गुस्सा है. परिजनों ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए इसे बच्चों के साथ अमानवीय व्यवहार बताया और न्याय की मांग की. राहुल गांधी ने ऋतु से मुलाकात के दौरान उन्हें 'शेरनी' बताते हुए पूछा कि क्या उन्हें डर लगा था.

यह भी पढ़ेंः NSUI नेताओं से मारपीट पर कांग्रेस एक्शन मोड में: राहुल गांधी के फोन के बाद राजस्थान में दर्ज होगी FIR

राहुल गांधी ने डोटासरा को किया फोन 
इसके बाद राहुल गांधी ने राजस्थान कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा को फोन कर दिल्ली में महिला पुलिसकर्मी चंचल यादव के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाने के लिए समन्वय करने की बात कही. यह घटनाक्रम अब राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया है.

ऋतु की मां अनिता बराला ने कहा- आंदोलन करना अपराध नहीं
इधर, मामले को लेकर ऋतु की मां अनिता बराला ने कहा कि उन्हें घटना की जानकारी टीवी और सोशल मीडिया के माध्यम से मिली. उन्होंने कहा कि आंदोलन करना कोई अपराध नहीं है. लोकतंत्र में सभी को अपनी बात रखने और आंदोलन करने का अधिकार है. बच्चों के साथ जिस तरह मारपीट हुई, वह अमानवीय व्यवहार है. पुलिस अधिकारी को किसी बच्चे के साथ इस तरह पेश नहीं आना चाहिए.

यह भी पढ़ेंः  राजस्थान की सियासत में जुबान बनी मुसीबत: इन 6 विवादित बयानों पर नेताओं को मांगनी पड़ी माफी

ताऊ सुमेर बराला ने निष्पक्ष जांच की मांग
वहीं, ऋतु के ताऊ सुमेर बराला ने भी घटना पर नाराजगी जताई. उन्होंने कहा कि ऋतु के साथ हुई मारपीट के वीडियो देखकर उन्हें दुख हुआ. उनका कहना है कि लोकतंत्र में आंदोलन करने का अधिकार सभी को है, लेकिन किसी को भी प्रदर्शनकारियों के साथ मारपीट करने का अधिकार नहीं है. परिवार चाहता है कि मामले की निष्पक्ष जांच हो और ऋतु को न्याय मिले.

कौन हैं ऋतु बराला?  
आपको बता दें कि साधारण किसान महेंद्र बराला की बेटी ऋतु की शुरुआती पढ़ाई गांव में हुई. बाद में उन्होंने चिड़ावा की एक निजी स्कूल में पढ़ाई के दौरान खेल, एनसीसी और विभिन्न प्रतियोगिताओं में भाग लिया. महारानी कॉलेज जयपुर पहुंचने के बाद छात्राओं की समस्याओं को करीब से देखकर उनका छात्र राजनीति की ओर रुझान बढ़ा.

साल 2016-17 से NSUI की गतिविधियों में सक्रिय ऋतु आज संगठन की राष्ट्रीय सचिव हैं. बारी का बास गांव में बेटी के साथ हुई घटना को लेकर नाराजगी है. परिजन चाहते हैं कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाए. राहुल गांधी के समर्थन के बाद ऋतु बराला की यह घटना अब झुंझुनूं से लेकर राष्ट्रीय राजनीति तक चर्चा में है. 
 

Report- Sandeep Kedia 

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:

About the Author

मैं स्नेहा अग्रवाल जी राजस्थान न्यूज में सब एडिटर के रूप में कार्यरत हूं और राजस्थान से जुड़ी हर बड़ी से बड़ी और छोटी से छोटी न्यूज़ पर पकड़ रखती हूं. क्राइम और कल्चर की खबरों में दिलचस्पी है. मुझे डिजिटल मीडिया का करीब 4 साल का साल का अनुभव है. इससे पहले मैं ZeeBihar में अपनी सेवाएं दे चुकी हूं. 4 साल के जर्नलिज्म करियर में लोकल, क्राइम, हेल्थ, एंटरटेनमेंट, वायरल और लाइफस्टाइल बीट पर काम किया है. मैंने यहां पर राजस्थान विधानसभा चुनाव, पंचायत चुनाव, ऑपेरशन सिंदूर समेत कई बड़े ईवेंट्स कवर किए हैं.
Read More

ZEENEWS TRENDING STORIES