IAS Vikas Marmat: आंध्र प्रदेश कैडर के IAS अधिकारी विकास मरमट पर बेंगलुरु के एक पब में पुलिसकर्मियों के साथ गाली-गलौज, धक्का-मुक्की और मारपीट करने का आरोप लगा है. पुलिस के मुताबिक, यह घटना 9 अक्टूबर की रात रेजिडेंसी रोड स्थित एक नाइटक्लब में हुई. पुलिसकर्मी वहां कम उम्र के लोगों को शराब परोसने से रोकने के लिए जांच कर रहे थे. इसी दौरान पहचान पत्र मांगने को लेकर विवाद हो गया. मामले में विकास मरमट समेत चार लोगों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है. आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने भी मामले का संज्ञान लेते हुए मुख्य सचिव से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है.
कम उम्र के लोगों को शराब परोसने की जांच करने पहुंची थी पुलिस
पुलिस के अनुसार, सेंट्रल क्राइम ब्रांच (CCB) की टीम 9 अक्टूबर की रात करीब 1:30 बजे बेंगलुरु के रेजिडेंसी रोड स्थित कैवोर (Cavore) नाइटक्लब पहुंची थी. टीम का नेतृत्व इंस्पेक्टर अरुण सालुंके कर रहे थे. पुलिस वहां यह जांच कर रही थी कि कहीं कम उम्र के लोगों को शराब तो नहीं परोसी जा रही है. जांच के दौरान पुलिसकर्मियों ने कुछ युवतियों से उम्र की पुष्टि के लिए पहचान से जुड़े दस्तावेज दिखाने को कहा. आरोप है कि इसी बात पर IAS विकास मरमट और उनके साथ मौजूद रियल एस्टेट कारोबारी अभय उदय सिंह नाराज हो गए. इसके बाद पुलिसकर्मियों और उनके बीच बहस शुरू हो गई.
पुलिसकर्मियों से बहस के बाद धक्का-मुक्की का आरोप
पुलिसकर्मी के मुताबिक, विकास मरमट ने IAS अधिकारी होने की बात कहते हुए सवाल उठाया कि पुलिस को युवतियों से उम्र के दस्तावेज मांगने का क्या अधिकार है. पुलिस ने उन्हें बताया कि यह कार्रवाई नाबालिगों को शराब परोसने से रोकने के लिए चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है. आरोप है कि बहस के दौरान विकास ने पुलिस के अधिकार क्षेत्र को लेकर सवाल उठाए और गाली-गलौज की. इसके बाद अभय उदय सिंह पर पुलिसकर्मियों को धक्का देने और हमला करने का आरोप लगा. मामले में विकास पर एक पुलिस इंस्पेक्टर को थप्पड़ मारने का आरोप भी सामने आया है. हालांकि, इन आरोपों पर अंतिम फैसला जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा.
IAS समेत चार लोगों के खिलाफ केस दर्ज
पुलिस ने इस मामले में विकास मरमट, अभय उदय सिंह, नितीश और रोशन के खिलाफ केस दर्ज किया है. अभय रियल एस्टेट कारोबारी हैं, नितीश प्रतियोगी परीक्षाओं की कोचिंग चलाते हैं, जबकि रोशन बाउंसर बताया गया है. FIR में सरकारी कर्मचारियों को ड्यूटी करने से रोकने के लिए हमला करने, आपराधिक बल का इस्तेमाल करने और धमकी देने जैसे आरोप शामिल हैं. घटना के बाद अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर पहुंचा और चारों को क्यूबन पार्क पुलिस स्टेशन ले जाया गया. रिपोर्ट के मुताबिक, अगले दिन सुबह विकास मरमट और अन्य लोगों ने अपने व्यवहार के लिए माफी भी मांगी थी.
आंध्र प्रदेश के CM चंद्रबाबू नायडू ने मांगी रिपोर्ट
विकास मरमट आंध्र प्रदेश कैडर के IAS अधिकारी हैं. वह मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू के गृह क्षेत्र कुप्पम में कुप्पम एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी के प्रोजेक्ट डायरेक्टर के तौर पर तैनात हैं. उनका मूल राजस्थान से बताया गया है. मामला सामने आने के बाद आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने मुख्य सचिव को घटना की विस्तृत रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं. अब मामले में पुलिस जांच के साथ-साथ अधिकारी के खिलाफ संभावित विभागीय कार्रवाई को लेकर भी नजर बनी हुई है.
IAS विकास मरमत कौन हैं?
आईएएस विकास मरमत राजस्थान के मूल निवासी हैं. उन्होंने साल 2018 में UPSC सिविल सेवा परीक्षा पास की थी. वह 2019 बैच के भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) अधिकारी हैं और उन्हें आंध्र प्रदेश कैडर मिला था. डिपार्टमेंट ऑफ पर्सनल एंड ट्रेनिंग (DoPT) के मुताबिक, विकास मरमत ST कैटेगरी से आते हैं. वर्तमान में वह कुप्पम एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (KADA) में प्रोजेक्ट डायरेक्टर के तौर पर काम कर रहे हैं. इससे पहले वह असिस्टेंट कलेक्टर की जिम्मेदारी भी संभाल चुके हैं.
आईआईटी कानपुर से मैकेनिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने और JNU से शिक्षा हासिल करने के बाद उन्होंने सिविल सेवा में जाने का फैसला किया. प्रशासनिक अधिकारी होने के अलावा विकास मरमत को लेखन और संगीत में भी रुचि है.
विकास मरमत की पत्नी प्रिया मीणा भी IRS अधिकारी
विकास मरमत की पत्नी प्रिया मीणा भी एक सरकारी अधिकारी हैं और भारतीय राजस्व सेवा (IRS) में कार्यरत हैं. प्रिया मूल रूप से राजस्थान के कोटा की रहने वाली हैं. उन्होंने साल 2024 में UPSC परीक्षा में ऑल इंडिया रैंक 833 हासिल की थी. उनकी शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने आईआईटी दिल्ली से बीटेक और एमटेक की डिग्री ली है. विकास और प्रिया की सगाई 5 दिसंबर 2025 को हुई थी. इसके बाद मार्च 2026 में दोनों शादी के बंधन में बंध गए.