इस शुभ मुहूर्त में दिवाली पूजन करें राजस्थानवासी, खिंची चली आएंगी मां लक्ष्मी! जानें समय
जयपुर में दीपावली पर लक्ष्मी पूजन का सर्वश्रेष्ठ मुहूर्त शाम 6:16 से 6:28 बजे तक रहेगा. इस बार दस से अधिक शुभ योग बन रहे हैं. जानें अमावस्या तिथि और पूजा के सभी शुभ मुहूर्त.
गुलाबीनगरी जयपुर दीपावली के स्वागत के लिए तैयार है. दीपों के इस महापर्व पर शहर के घर, मंदिर और बाजार रोशनी से सजेंगे. घरों में मां लक्ष्मी के आगमन की तैयारियां होंगी और सुख-समृद्धि की कामना के साथ दीप जलाए जाएंगे. सुबह से ही चौखटों पर पारंपरिक मांडने और रंगोलियां बनाई जाएंगी. घरों के मुख्य द्वार फूलों की मालाओं और तोरणों से सजाए जाएंगे.
घरों में होगी लक्ष्मी-गणेश की पूजा
शाम को शुभ मुहूर्त में मां लक्ष्मी, भगवान गणेश, मां सरस्वती और कुबेर का पूजन किया जाएगा. पूजा के लिए लाल चौकी पर मां लक्ष्मी को विराजमान कर षोडशोपचार विधि से आराधना होगी. दीपावली पर महालक्ष्मी के आठ स्वरूपों की पूजा का विशेष महत्व माना गया है. इस दिन कमल पुष्प अर्पित कर मां लक्ष्मी की आराधना की जाएगी. रात्रि में श्रीसूक्तम् और लक्ष्मी सूक्तम् के पाठ का भी विशेष महत्व रहेगा.
व्यापारी और औद्योगिक प्रतिष्ठानों में बही-खातों, तिजोरी, कलम और दवात का पूजन किया जाएगा. व्यापारिक प्रतिष्ठानों के लिए दोपहर 11:55 से 12:35 बजे तक पूजन का श्रेष्ठ मुहूर्त बताया गया है.
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दस से अधिक शुभ योग-संयोग
इस बार दीपावली पर दस से अधिक शुभ योग-संयोगों का महासंगम बताया जा रहा है. स्वाति नक्षत्र के साथ गजकेसरी, आयुष्मान और महालक्ष्मी योग का संयोग रहेगा. तुला राशि में चंद्रमा की स्थिति पर्व की धार्मिक महत्ता बढ़ाएगी. सूर्य, बुध, चंद्र और मंगल का केंद्र योग भी रहेगा. ज्योतिषाचार्यों के अनुसार इन शुभ संयोगों में लक्ष्मी पूजन करना विशेष फलदायी माना गया है.
लक्ष्मी पूजन का सर्वश्रेष्ठ मुहूर्त 12 मिनट
दीपावली का मुख्य लक्ष्मी पूजन प्रदोष काल में किया जाएगा. रविवार दोपहर 11:28 बजे अमावस्या तिथि शुरू होगी, जो सोमवार दोपहर 12:32 बजे तक रहेगी. प्रदोष काल से युक्त अमावस्या होने के कारण लक्ष्मी पूजन रविवार को ही किया जाएगा.
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शाम 5:25 से रात 8:14 बजे तक प्रदोष काल रहेगा. लक्ष्मी पूजन का सर्वश्रेष्ठ मुहूर्त शाम 6:16 से 6:28 बजे तक यानी केवल 12 मिनट का है. इस समय प्रदोष काल, स्थिर वृषभ लग्न और कुंभ का स्थिर नवांश रहेगा. शाम 6:04 से रात 8:01 बजे तक वृषभ लग्न में भी महालक्ष्मी पूजन किया जा सकेगा.
रात में भी पूजा के मुहूर्त
मध्यरात्रि 12:34 से 2:50 बजे तक सिंह लग्न रहेगा. शुभ, अमृत और चर चौघड़िया शाम 5:36 से रात 10:32 बजे तक हैं. लाभ चौघड़िया मध्यरात्रि 1:49 से 3:28 बजे तक रहेगा.