SOCIAL MEDIA

Newsletter

PARTNER SITES
Select language

15वें दिन भी सुलगता किसान आंदोलन:पंचायत समिति को घेरा,पंचायत चुनाव के बहिष्कार का ऐलान

श्रीगंगानगर के घड़साना में 15 दिन से जारी किसानों के उग्र आंदोलन के बीच अब अन्नदाताओं ने पंचायत समिति का घेराव कर पंचायत चुनाव की लॉटरी प्रक्रिया रोक दिया और नेशनल हाईवे पर चक्का जाम कर चुनावी बहिष्कार का अल्टीमेटम दे दिया है.

Written By Pragati Pant Awasthi
Published: Sep 24, 2026, 03:37 PM IST | Updated: Sep 24, 2026, 03:55 PM IST
Image Credit: gharsana sriganganagar farmers protest panchayat election lottery boycott
Join

Sriganganagar News : राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले के नई मंडी घड़साना में किसानों का गुस्सा अब उग्र रूप लेता दिख रहा है. सिंचाई पानी समेत कई मांगों को लेकर 'किसान बचाओ संघर्ष समिति'के आह्वान पर चल रहे किसानों के आंदोलन को गुरुवार 24 सितंबर 2026 को 15 दिन हो गये.इस दौरान आंदोलनकारी किसानों ने पंचायत समिति कार्यालय का घेराव किया. किसानों के इस तीखे विरोध के चलते पंचायत चुनाव को लेकर निर्धारित आरक्षण लॉटरी प्रक्रिया पूरी तरह से रुक गई.

लॉटरी प्रक्रिया रुकवाने के बाद साफ चेतावनी
आक्रोशित किसानों ने साफ शब्दों में प्रशासन को चेतावनी दी है कि जब तक सिंचाई पानी और अन्य प्रमुख मांगों का स्थायी समाधान नहीं किया जाता,तब तक क्षेत्र में किसी भी कीमत पर पंचायत चुनाव की लॉटरी प्रक्रिया नहीं होने दी जाएगी. किसानों के इस कड़े रुख के बाद प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया है.

नेशनल हाईवे पर चक्का जाम 
पंचायत समिति परिसर में विरोध-प्रदर्शन के साथ-साथ किसानों ने नेशनल हाईवे पर अपनी ट्रैक्टर-ट्रॉलियां खड़ी करके चक्का जाम कर दिया,जिससे मुख्य मार्ग पर ट्रैफिक पूरी तरह से प्रभावित हो गया. हालात की गंभीरता को देखते हुए पंचायत समिति परिसर और आसपास के संवेदनशील इलाकों में भारी पुलिस-प्रशासनिक बल तैनात किया गया है. किसानों के मुताबिक जब तक उनकी मांगें नहीं मानी जातीं,तब तक वे पूरी चुनावी प्रक्रिया का बहिष्कार जारी रखेंगे.

क्या है किसानों की मांगें ?
1- इंदिरा गांधी नहर परियोजना की अनूपगढ़ शाखा के लिए चार में से दो समूहों में सिंचाई पानी उपलब्ध कराने की मांग 

इंदिरा गांधी नहर प्रोजेक्ट में पानी के बंटवारे के लिए इलाकों को समूहों में बांटा जाता है. किसानों का कहना है कि पानी की कमी के चलते उनकी फसलें सूख रही हैं, इसलिए उनके हिस्से का पानी उन्हें ठीक से मिलना चाहिए ताकि खेत में समय पर पानी पहुंचे


2- आगामी रबी सीजन के लिए छह महीने का स्थाई पानी का रेगुलेशन जारी किया जाए.

किसानों को ये अनिश्चितता रहती है कि किस हफ्ते या महीने में नहर में पानी आएगा और पानी कब बंद रहेगा, एक स्पष्ट रेगुलेशन होने से किसान अपनी बुवाई की योजना पहले से तय कर सकते हैं


3- अनूपगढ़ शाखा के हिस्से का पानी पूरी तरह सुरक्षित (रिजर्व) रखा जाए.

किसानों की शिकायत है कि उनके हिस्से के पानी में कटौती की जा रही है या उसे दूसरी जगह पर मोड़ा जा रहा है, जिस पर रोक लगनी चाहिए. पानी को रिजर्व रखा जाए.


4- पानी की कमी और सूखे के कारण हुए फसल खराबे/नुकसान का उचित मुआवजा किसानों को दिया जाए

सिंचाई पानी नहीं मिलने के चलते किसानों की खड़ी फसलें खत्म हो जाती हैं, जिससे बहुत नुकसान होता है. किसान जल्द से जल्द गिरदावरी करवाकर मुआवजे की मांग कर रहे हैं.

और आखिरी मांग कि ग्रामीण इलाकों में सुचारू पेयजल आपूर्ति और कृषि कार्यों के लिए पर्याप्त बिजली देने दी जाए. किसान साफ चुके हैं, कि मांगों को नहीं माना गया तो आगामी पंचायत चुनावों का बहिष्कार कर दिया जाएगा. 

 

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:

About the Author

मीडिया की दुनिया में 18 साल का सफर... एंकरिंग से लेकर डिजिटल की स्क्रीन तक, हर नया बदलाव दिल से अपनाया, जो सोचती हूं, वही कहती हूं, बातों को घुमाना मेरी आदत नहीं, दिल की बात जुबां पर रखना पहचान है. फिलहाल 'ज़ी राजस्थान डिजिटल' के साथ सफर जारी है और हर दिन कुछ नया सीखने की ललक बरकरार है और रहेगी. Pragati.Pant@india.com ईमेल के जरिए आप संपर्क कर सकते हैं.
Read More

ZEENEWS TRENDING STORIES