दिल्ली में CJP का प्रदर्शन: अलवर में दीपक बालियान बोले- मेरे घर के बाहर सिविल ड्रेस में पुलिसकर्मी
Alwar News: 10 अक्टूबर को CJP के प्रस्तावित दिल्ली प्रदर्शन से पहले सुरक्षा कड़ी कर दी गई है. राष्ट्रीय प्रवक्ता दीपक बालियान ने घर के बाहर सिविल ड्रेस में पुलिस तैनात होने का दावा किया है. उन्होंने कहा कि कुछ पुलिसकर्मी खेतों में लगाए गए हैं. इसी कारण वह दिल्ली नहीं पहुंच पाए हैं.
Alwar News: 10 अक्टूबर को कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है. पिछले अनुभवों से सबक लेते हुए पुलिस ने व्यापक इंतजाम किए हैं. एनडीएमसी क्षेत्र में किलेबंदी की गई है, वहीं राजधानी की सीमाओं पर भी कड़ी निगरानी रखी जा रही है. इस बीच, CJP के राष्ट्रीय प्रवक्ता दीपक बालियान का बयान सामने आया है. उन्होंने कहा कि उनके घर के बाहर सिविल ड्रेस में पुलिसकर्मी तैनात हैं, जिसके चलते वह अभी तक दिल्ली में प्रस्तावित प्रदर्शन में शामिल होने के लिए नहीं पहुंच पाए हैं. सिविल ड्रेस में कुछ पुलिस कर्मी खेतों में लगा रखे हैं.
घर के बाहर पुलिस तैनात होने का दावा
कॉकरोच जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता दीपक बालियान ने दावा किया है कि उनके घर के बाहर पुलिस सिविल ड्रेस में तैनात है. उनका कहना है कि इसी वजह से वह अब तक दिल्ली नहीं पहुंच सके हैं. इससे पहले CJP की ओर से पुलिस पर दीपक बालियान को अपने साथ ले जाने के आरोप लगाए गए थे. इस मामले में कठूमर पुलिस ने अपना पक्ष रखते हुए हिरासत में लेने और मारपीट करने के आरोपों को खारिज किया था.
दीपक बालियान को लेकर क्या है पूरा मामला?
कठूमर थाने के नाइट ड्यूटी ऑफिसर ASI उमरुद्दीन के मुताबिक, पुलिस बुधवार देर रात मानखेड़ा गांव स्थित दीपक बालियान के घर पहुंची थी. पुलिस ने बताया कि दिल्ली में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 लागू होने के मद्देनजर दीपक को समझाइश दी गई थी.
ASI उमरुद्दीन के अनुसार, इस दौरान दीपक के पिता ने पुलिसकर्मियों को चाय पीने के लिए कहा. पुलिस का दावा है कि इस बात पर दीपक बालियान नाराज हो गए. इसके बाद पुलिस ने उन्हें समझाने की कार्रवाई की. इस घटनाक्रम में पुलिसकर्मियों को चाय ऑफर किए जाने का मामला भी चर्चा में आया था.
समझाइश के बाद कराया गया मेडिकल
पुलिस के अनुसार, दीपक बालियान को समझाइश देने के बाद BNSS की धारा 172(2) के तहत कार्रवाई की गई. इसके बाद उनका मेडिकल परीक्षण कराया गया और उन्हें वापस घर छोड़ दिया गया.
ASI उमरुद्दीन ने साफ किया कि दीपक बालियान को हिरासत में नहीं लिया गया था और न ही उनके साथ मारपीट की गई. पुलिस ने हिरासत और मारपीट से जुड़े आरोपों को अफवाह बताया है.
CJP और पुलिस के दावों में अंतर
इस पूरे मामले में CJP और पुलिस के बयानों में अंतर सामने आया है. CJP की ओर से दीपक बालियान को जबरन अपने साथ ले जाने का आरोप लगाया गया था. वहीं, पुलिस का कहना है कि कार्रवाई केवल समझाइश तक सीमित रही और मेडिकल परीक्षण के बाद उन्हें घर भेज दिया गया.
वहीं, दूसरी तरफ पार्षद की बेटी और यूथ कांग्रेस की प्रदेश उपाध्यक्ष निशा खिचड़ के नाम जयपुर पुलिस ने नोटिस जारी किया है. जयपुर में प्रस्तावित प्रदर्शन के मद्देनजर पुलिस ने उन्हें चेतावनी नोटिस दिया है. हालांकि, दिल्ली में प्रदर्शन के चलते जयपुर में होने वाला प्रदर्शन टल चुका है. हाल ही में निशा खिचड़ दिल्ली में प्रियंका गांधी के साथ प्रदर्शन में शामिल हुई थीं.
Reporter- Jugal Kishore Gandhi