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मध्यप्रदेश के धार जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस ने बड़ी मुहिम छेड़ रखी है. जिले में गांजे की अवैध खेती के लगातार सामने आ रहे मामलों के बीच मनावर क्षेत्र के उमरबन चौकी अंतर्गत ग्राम बढ़िया पटेलपुरा में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए आठ खेतों से करीब 67 क्विंटल गांजे के हरे पौधे जब्त किए हैं. जब्त गांजे की अनुमानित बाजार कीमत करीब 25 करोड़ रुपये बताई जा रही है. कार्रवाई के दौरान पुलिस ने चार आरोपियों को हिरासत में लिया है.
खास बात यह है कि यह कार्रवाई जिले में बीते एक महीने के दौरान गांजे की खेती के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा है. पुलिस के मुताबिक, पिछले एक महीने में जिलेभर में 25 लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर 17 हजार किलोग्राम से अधिक गांजा जब्त किया जा चुका है, जिसकी अनुमानित बाजार कीमत 45 करोड़ रुपये से अधिक है.
मनावर के उमरबन चौकी क्षेत्र के ग्राम बढ़िया पटेलपुरा में पुलिस को गांजे की अवैध खेती की सूचना मिली थी. इसके बाद पुलिस टीम ने ड्रोन से पुष्टि कर मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की. यहां एक-दो नहीं, बल्कि आठ अलग-अलग खेतों में गांजे की फसल उगाई जा रही थी.
पुलिस ने खेतों में पहुंचकर गांजे के हरे पौधों की कटाई और जब्ती की कार्रवाई की. अब तक करीब 67 क्विंटल गांजे के पौधे जब्त किए गए हैं. इनकी बाजार कीमत लगभग 25 करोड़ रुपये आंकी गई है. मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को हिरासत में लिया है. पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर रही है और इस अवैध खेती से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटा रही है.
बढ़िया पटेलपुरा की कार्रवाई इसलिए भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि धार जिले में गांजे की अवैध खेती के खिलाफ पिछले एक महीने से लगातार अभियान चलाया जा रहा है. इस दौरान जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए अब तक 17 हजार किलोग्राम से अधिक गांजा जब्त किया है.
यह मात्रा 17 टन से भी अधिक है. जब्त गांजे की अनुमानित बाजार कीमत 45 करोड़ रुपये से ज्यादा बताई जा रही है. इस अभियान के तहत पुलिस अब तक 25 लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर चुकी है. बढ़िया पटेलपुरा में हुई कार्रवाई भी इसी अभियान की बड़ी सफलता मानी जा रही है.
लगातार सामने आ रही गांजे की अवैध खेती के मामलों ने जिले में सक्रिय नशे के कारोबार को लेकर कई सवाल खड़े किए हैं. आखिर इतनी बड़ी मात्रा में गांजे की खेती किसके संरक्षण में हो रही थी? इसकी सप्लाई किन क्षेत्रों में की जानी थी? इस अवैध कारोबार में और कौन-कौन लोग शामिल हैं? पुलिस अब इन तमाम पहलुओं की जांच कर रही है। कार्रवाई का उद्देश्य केवल खेतों से गांजे की फसल जब्त करना नहीं, बल्कि इस कारोबार से जुड़े पूरे नेटवर्क तक पहुंचना भी है.
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अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय डावर ने बताया कि धार जिले में गांजे की अवैध खेती के खिलाफ पुलिस लगातार अभियान चला रही है. पिछले एक महीने में 25 लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किए गए हैं और 17 हजार किलोग्राम से अधिक गांजा जब्त किया गया है. जब्त गांजे की अनुमानित कीमत 45 करोड़ रुपये से अधिक है. जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ आगे भी लगातार कार्रवाई जारी रहेगी.
एक महीने में 45 करोड़ रुपये से अधिक कीमत का गांजा जब्त होना धार पुलिस की बड़ी कार्रवाई है. हालांकि, अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि जिले में इतने बड़े पैमाने पर हो रही अवैध खेती के पीछे कौन सा नेटवर्क सक्रिय है और इस कारोबार की जड़ें कितनी गहरी हैं.
(रिपोर्टः कमल सोलंकी, धार)