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मध्य प्रदेश सरकार साल 2026 को 'किसान कल्याण वर्ष' के रूप में मना रही है और सरकार ने किसानों के लिए कई कदम उठाए हैं. इसके बाद मध्य प्रदेश सरकार ने राज्य के विकास और युवाओं के भविष्य को ध्यान में रखते हुए साल 2027 को 'युवा वर्ष' के रूप में समर्पित करने का बड़ा निर्णय लिया है. आपके मन में भी सवाल आता होगा कि कभी उद्योग रोजगार, कभी कृषि कल्याण और कभी युवा थीम... हर साल एमपी सरकार इस तरह थीम क्यों रखती है? इसके पीछे क्या सोच है? Zee MPCG के 'युवा संवाद' कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने खुद इसका जवाब दिया. इसके अलावा उन्होंने युवाओं को लेकर अपने प्लान की भी जानकारी दी.
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव बताया कि 2027 को सिर्फ कागजों तक सीमित न रखकर धरातल पर उतारने की पूरी तैयारी कर ली गई है. सीएम ने स्पष्ट किया कि 2027 में राज्य सरकार युवाओं के लिए 1 लाख नई सरकारी नौकरियों के अवसर खोलेगी और प्रतियोगी परीक्षार्थियों को राहत देते हुए साल में दो बार MPPSC (एमपीपीएससी) परीक्षाएं आयोजित कराई जाएंगी. इसके साथ ही प्रदेश भर में 12 नए मेडिकल कॉलेज और 12 नए विश्वविद्यालय स्थापित करने का लक्ष्य तय किया गया है, जिससे उच्च शिक्षा और रोजगार के नए रास्ते खुलेंगे.
डॉ. मोहन यादव ने बताया कि बहुत सरल बात है. हमारे लिए यह स्वर्णिम काल चल रहा है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अपने संसदीय जीवन के 25 साल पूरे हो चुके हैं, जो सच में केस स्टडी का विषय है. पीएम मोदी कोई भी काम करते हैं, तो उसकी बहुत गहरी स्टडी करते हैं और फिर काम करते हैं. उन्होंने देश के अंदर एक तरह से चार श्रेणियों में पूरे समाज को बांटा है. उसमें महिला, युवा, गरीब और किसान हैं. इन चारों श्रेणी में करीब-करीब पूरा देश आ जाता है. हमारे लिए सौभाग्य की बात है कि मध्य प्रदेश में जबसे हमारी सरकार बनी है, हमने इसी को टारगेट किया है. इसलिए, 2025 हमने रोजगार वर्ष के नाते से गरीबों के लिए और काम वालों के लिए रखा.
सीएम मोहन यादव ने आगे बताया कि अभी किसान कल्याण वर्ष चल रहा है और अगला वर्ष हमने युवाओं के लिए लिया है. जब हम किसान कल्याण वर्ष की बात करते हैं, तो हमारी सरकार की एक मजबूरी भी है और एक व्यवस्था भी है. एग्रीकल्चर डिपार्टमेंट अलग, पशुपालन विभाग अलग, सहकारिता अलग, हॉर्टिकल्चर अलग, तो यह अलग-अलग विभाग काम एक ही कर रहे हैं. इसलिए, हमने कहा इसको समेकित रूप से 16-17 विभागों का एक साथ टारगेट तय करें और इन सबके आधार पर एक वर्ष डिक्लेयर करें. मुझे इस बात की प्रसन्नता जब हम युवा की बात कर रहे हैं, तो हमने ऐसी सारी संभावनाओं के आधार पर युवा वर्ष डिक्लेयर करने की बात कही है. आज भारत दुनिया का सबसे युवा देश है और मुझे गर्व है कि मध्य प्रदेश सबसे युवा प्रदेश है, इसलिए हम 2027 युवा वर्ष मनाने जा रहे हैं.
सीएम डॉ. मोहन यादव ने बताया कि जब हम युवा वर्ष की बात कर रहे हैं, तो उसकी तैयारी भी एडवांस में करना चाहिए. इसलिए, हमने अभी हजारों लोगों के सामने अपनी बात रखी है. अपने अलग-अलग प्लेटफॉर्म पर हर बार बात कर रहे हैं कि 2027 को युवा वर्ष मनाएंगे, तो केवल कागज में नहीं होना चाहिए. यह यथार्थ में होना चाहिए और इसका असर दिखना चाहिए. इसीलिए, आपके प्लेटफॉर्म पर मैं बता सकता हूं कि लाल परेड ग्राउंड पर युवाओं को लेकर आयोजित कार्यक्रम में कई घोषणाएं की.
सीएम मोहन यादव ने आगे बताया कि आमतौर पर पीएससी साल में एक बार होती है. कई राज्यों में तो हर साल एक बार भी नहीं होती. कई बार तीन-चार साल में एक बार होती है. हमने कहा हम हर साल तो कर ही रहे हैं. लगभग 85,000 लोगों को अभी तक रोजगार दे चुके हैं, लेकिन युवा वर्ष में 1 लाख युवाओं के लिए नौकरी खोलेंगे. पीएससी के लिए एक बार नहीं, साल में 2 बार एमपीपीएससी की एग्जाम राज्य के द्वारा आयोजित कराई जाएगी ताकि बड़े पैमाने पर हमारे युवाओं को मौका मिले.
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बताया कि हम 12 मेडिकल कॉलेज खोलेंगे और 12 विश्वविद्यालय खोलेंगे. इसके साथ ही बहुत सारी बातें, जो पूरे वर्ष चलती रहेगी. अगर आकलन करेंगे, तो लगेगा कि हां हमने कुछ किया. मुझे संतोष है कि विभागों ने अच्छी तैयारियां शुरू कर दी हैं और हम पूरी ताकत के साथ बहुत अच्छे से युवा वर्ष मनाएंगे.