'ज्ञानेश कुमार जाएंगे, यह सरकार जाएगी और फिर...', CEC पर राहुल गांधी का जोरदार हमला
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार और केंद्र सरकार पर हमला बोला है. वोटर लिस्ट, फॉर्म 6 विवाद और 'वोट चोरी' के आरोपों को लेकर विपक्षी गठबंधन (INDIA Bloc) ने चुनाव आयोग और सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है.
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने अपने आधिकारिक एक्स प्लेटफॉर्म पर एक बार फिर से CEC ज्ञानेश कुमार और केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर हमला बोला है. राहुल गांधी ने CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ 6 अक्टूबर से ही मोर्चा खोल रखा है. राहुल गांधी 6 अक्टूबर से लगातार ज्ञानेश कुमार के खिलाफ INDIA ब्लॉक के सांसदों के साथ विरोध कर रहे हैं.
6 अक्टूबर को राहुल गांधी ने आकाशवाणी भवन में अपनी बहन प्रियंका गांधी के साथ ज्ञानेश कुमार को लेकर प्रोटेस्ट किया था. उसके बाद उनका प्रदर्शन लगातार 9 अक्टूबर तक जारी रहा. आज राहुल गांधी दिल्ली से चेन्नई के लिए रवाना हुए हैं. राहुल गांधी चेन्नई में 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए जा रहे हैं. इस कार्यक्रम में राहुल गांधी छात्रों के साथ संवाद करेंगे.
बहन प्रियंका के साथ सड़कों पर उतरे राहुल
6 अक्टूबर की तारीख भारतीय राजनीति के लिहाज से एक बड़े टकराव की गवाह बनी। राहुल गांधी ने उसी दिन से CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है। संसद परिसर से लेकर राजधानी की सड़कों तक, INDIA ब्लॉक के तमाम सांसद इस विरोध प्रदर्शन में राहुल गांधी के कंधे से कंधा मिलाकर खड़े नजर आए. इस आंदोलन की सबसे खास तस्वीर 6 अक्टूबर को आकाशवाणी भवन के पास देखने को मिली, जब राहुल गांधी अपनी बहन और कांग्रेस नेत्री प्रियंका गांधी वाड्रा के साथ ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए.
चुनाव आयोग की कार्य-प्रणाली पर उठाए सवाल
भाई-बहन की इस जोड़ी ने सड़क पर उतरकर जिस तरह से सरकार और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए, उसने राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज कर दी. यह विरोध प्रदर्शन सिर्फ एक दिन का नहीं था, बल्कि INDIA ब्लॉक के सांसदों का यह तेवर लगातार 9 अक्टूबर तक जारी रहा, जिसमें चुनाव आयोग की निष्पक्षता और कामकाज के तौर-तरीकों पर गंभीर सवाल दागे गए.
चेन्नई में 'छात्रों की गूंज' में करेंगे सीधा संवाद
दिल्ली के सियासी अखाड़े में गर्माहट पैदा करने के बाद, आज सुबह राहुल गांधी दिल्ली से चेन्नई के लिए रवाना हो चुके हैं. राहुल गांधी के लिए चेन्नई का यह दौरा बेहद खास माना जा रहा है, क्योंकि वे तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में आयोजित होने वाले चर्चित कार्यक्रम 'छात्रों की गूंज' में हिस्सा लेने जा रहे हैं.
'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम में किन मुद्दों पर होगी चर्चा?
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि दिल्ली के बंद कमरों की बैठकों और संसद के हंगामेदार सत्रों से अलग, राहुल गांधी का यह कदम युवाओं के बीच सीधे अपनी बात रखने की रणनीति का हिस्सा है. 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम के दौरान वे देश के मौजूदा हालात, संवैधानिक संस्थाओं की स्थिति, बेरोजगारी, शिक्षा और लोकतंत्र जैसे तमाम अहम मुद्दों पर युवाओं से रूबरू होंगे. वे न सिर्फ छात्रों के सवालों के जवाब देंगे, बल्कि उनके मन में चल रहे राजनीतिक और सामाजिक सवालों को भी सुनेंगे.
सियासत का नया अध्याय
एक तरफ मुख्य चुनाव आयुक्त को लेकर केंद्र सरकार पर चौतरफा हमला बोलना और दूसरी तरफ देश के युवाओं के बीच पहुंचकर सीधे संवाद स्थापित करना, इस बात का साफ संकेत देता है कि राहुल गांधी आने वाले दिनों में सियासी पिच पर अपनी आक्रामक रणनीति को और धार देने वाले हैं. दिल्ली की तपिश के बाद अब चेन्नई के युवा मंच से उनकी यह 'गूंज' राष्ट्रीय राजनीति में क्या नया मोड़ लाएगी, इस पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं.
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