)
नागपुर के सर्राफा बाजार में इन दिनों त्योहारों की चहल-पहल की जगह डर और दहशत ने ले ली है. शहर के नामी ज्वेलर्स को कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम से धमकी भरे पत्र मिले हैं, जिसके बाद से पूरे व्यापारी वर्ग में हड़कंप मचा हुआ है. हाथ से लिखे इन पत्रों में बेहद अभद्र और अश्लील भाषा का इस्तेमाल किया गया है. पत्र भेजने वाले ने नागपुर के आठ प्रमुख ज्वेलर्स और उनके परिवारों को सीधे जान से मारने की धमकी दी है. धमकी के साथ ही हर ज्वेलर से 10-10 लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई है.
इतना ही नहीं, अपनी बात का खौफ पैदा करने के लिए पत्र में अभिनेता टाइगर श्रॉफ से जुड़ी फायरिंग की घटना का भी हवाला दिया गया है. अपनी मांग पूरी करने के लिए व्यापारियों को 3 से 5 दिन का वक्त दिया गया है. धमकी भरी चिट्ठी मिलते ही ज्वेलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष राजेश रोकड़े ने तुरंत हरकत में आए और सूबे के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और नागपुर के पुलिस कमिश्नर से मुलाकात कर मामले की शिकायत की.
दिवाली के मौके पर जब सर्राफा बाजार में सबसे ज्यादा खरीदारी और भीड़ होती है, ऐसे समय में इस तरह की धमकी मिलने से व्यापारी अपने बिजनेस और अपने परिवार की सुरक्षा को लेकर बेहद चिंतित हैं. गृह राज्य मंत्री पंकज भोयर ने इस पूरे मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि तहसील पुलिस स्टेशन में औपचारिक शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है. पुलिस प्रशासन ने इसे बेहद गंभीरता से लिया है और मामले की गहराई से जांच की जा रही है.
पुलिस अब इस पहलू की जांच कर रही है कि क्या इन धमकियों के पीछे सचमुच लॉरेंस बिश्नोई गैंग का हाथ है या फिर यह किसी शरारती तत्व की करतूत है. अधिकारी इस संभावना पर भी काम कर रहे हैं कि कहीं कोई स्थानीय अपराधी बिश्नोई गैंग के नाम का इस्तेमाल कर व्यापारियों में दहशत फैलाने और वसूली करने की कोशिश तो नहीं कर रहा.
मामले की गुत्थी सुलझाने के लिए तहसील पुलिस की टीमों ने छानबीन तेज कर दी है. इलाके के CCTV फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि यह पता लगाया जा सके कि ये पत्र ज्वेलर्स तक किसने और कैसे पहुंचाए. इसके साथ ही पत्र की डिलीवरी का रूट ट्रेस करने के लिए पुलिस तकनीकी जांच (Technical Surveillance) का सहारा ले रही है, ताकि जल्द से जल्द आरोपियों तक पहुंचा जा सके.