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'वैलेंटाइन डे के लिए बचाकर रखिए गुलाब...': हिमंता बिस्वा सरमा ने राहुल गांधी के दिवाली वीडियो पर कसा तंज

असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के दिवाली वीडियो पर तीखा तंज कसा है. सरमा ने सोशल मीडिया पर राहुल गांधी के बयान पर चुटकी लेते हुए कहा कि 'वैलेंटाइन डे के लिए गुलाब बचाकर रखिए.'

Written By Ravindra Pratap Singh
Published: Nov 04, 2026, 05:08 PM IST | Updated: Nov 04, 2026, 05:35 PM IST
Image Credit: ANI Video Grab - 'देश बांग्लादेश या नेपाल नहीं है...': राहुल गांधी के गुलाब वाले वीडियो पर भड़के हिमंता बिस्वा सरमा, किया पलटवार
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कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने मंगलवार (3 नवंबर) को अपने हाथों में एक गुलाब के फूल लिए हुए फोटो साझा करते हुए पीएम मोदी को हैप्पी दिवाली का पोस्ट किया था. अब असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने राहुल गांधी के उस वीडियो पर जवाब दिया है. हिमंता ने 3 मिनट 15 सेकेंड के इस वीडियो में राहुल गांधी को हर एक मुद्दे पर घेरा है. उन्होंने इस वीडियो मैसेज में कहा, 'आप देश के लीडर ऑफ अपोजिशन (नेता प्रतिपक्ष) हैं. आपको यह बात अच्छी तरह मालूम होनी चाहिए. अगर आप खुद को नेता प्रतिपक्ष मानते हैं, तो प्रधानमंत्री जी के साथ आपकी डिबेट सड़क पर या किसी गली-मोहल्ले में थोड़ी होगी? डिबेट तो संसद के भीतर होनी चाहिए.'

CM हिमंता ने आगे कहा, 'आप मोहन भागवत जी को जज क्यों मानते हैं? आपके परिवार से आपकी माता जी और बहन जी भी तो संसद में ही हैं. स्पीकर साहब भी संसद में ही बैठते हैं. फिर डिबेट के लिए संसद से बेहतर जगह कौन सी हो सकती है? और सबसे बड़ी बात, संसद में किसी 'जज' की कोई जरूरत नहीं होती. आप अक्सर कहते हैं कि फॉरेन रिलेशनशिप पर डिबेट होनी चाहिए, यूएस के साथ डील पर बात होनी चाहिए. लेकिन राहुल जी, पहले यह तो बताइए कि यूएस के साथ वैसी कोई डील हुई भी है या नहीं? अगर डिबेट शुरू होगी, तो बोफोर्स से लेकर भोपाल गैस कांड तक, इतिहास के कई पन्नों पर चर्चा होगी. जनता बहुत से मुद्दों पर जवाब चाहती है.'

'संसद में पीएम मोदी देंगे आपके सवालों के जवाब'

हिमंता ने वीडियो में आगे कहा, 'इस बार कृपा करके संसद में यह सुनिश्चित कीजिए कि बिना बात के हल्ला-गुल्ला और हंगामा न हो. डिबेट की शुरुआत आप खुद कीजिए, और प्रधानमंत्री जी आपके सवालों का जवाब देंगे. संसद के अंदर तमाम मुद्दों पर बात होगी, तो फिर इसके लिए सड़क पर लोगों को बुलाने की क्या जरूरत है? यह बांग्लादेश या नेपाल नहीं है. दुनिया भर के देशों के साथ तुलना करने से पहले हमें अपने देश की गरिमा देखनी चाहिए. चाइनीज़ कम्युनिस्ट पार्टी के साथ एमओयू (MoU) साइन करके कौन बैठा है? जनता को इतना नासमझ मत समझिए, सब जानती है.'

आप हमेशा एंग्री यंग मैन की छवि में नहीं रह सकते...

EVM के आरोपों पर पलटवार करते हुए हिमंता ने कहा, 'राहुल जी, आपको एक मुफ्त और सच्ची सलाह देता हूं- आप हमेशा 'एंग्री यंग मैन' की छवि में नहीं रह सकते. अगर आपको वाकई एक परिपक्व राजनीतिज्ञ बनना है, तो इस बार संसद के अंदर आइए, शांति से डिबेट कीजिए, हंगामा मत मचाइए और देश की जनता को डिबेट सुनने दीजिए. गृह मंत्री जी आपकी बात का जवाब देंगे और शायद प्रधानमंत्री जी भी उसमें हस्तक्षेप करें. लेकिन दिक्कत यह है कि आप संसद में डिबेट करना ही नहीं चाहते. आप चाहते हैं कि डिबेट सड़कों पर हो, जबकि हम चाहते हैं कि डिबेट संसद के पवित्र सदन में हो.'

दोहरा मापदंड और चुनाव जीतने का गणित

आपके दोहरे मापदंड भी गजब के हैं. जब आप असम में चुनाव जीतते हैं, तो वह 'मैच फिक्सिंग' हो जाती है, और जब केरल में आपकी पार्टी जीतती है, तो वह 100 प्रतिशत शुद्ध सोना बन जाती है. ईवीएम तब खराब लगती है जब नरेंद्र मोदी जी वाराणसी से जीतते हैं, लेकिन वही ईवीएम तब बहुत अच्छी हो जाती है जब आप रायबरेली से चुनाव जीतते हैं. इस दोहरे रवैये से थोड़ा बाहर आइए.

'वोट चोरी' नहीं 'जनता का दिल' चुरा रहे हैं

बिहार में हिमंत बिस्वा सरमा ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के 'वोट चोरी' वाले आरोपों पर तीखा पलटवार करते हुए कहा कि देश में राहुल गांधी ने यह नया शिगूफा छेड़ा है कि लोगों के वोट चुराए जा रहे हैं. उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि देश में कुछ तो चुराया जा रहा है, लेकिन वह वोट नहीं बल्कि जनता का 'दिल' है. सीएम हिमंताा ने आगे कहा कि जिस जगह पर 500 सालों तक बाबरी मस्जिद रही, वहां अगर आज भव्य राम मंदिर बन गया है, तो यह जनता का दिल जीतना ही तो है. उन्होंने आगे कहा कि सीमांचल, असम और पश्चिम बंगाल के जमीनी हालात किसी से छिपे नहीं हैं. ऐसे में अगर देश से बाबर और औरंगजेब जैसे विदेशी आक्रांताओं के नाम और निशान हटाए जाते हैं, तो क्या इसे 'वोट चुराना' कहा जाएगा या 'दिल जीतना'? 

यह भी पढ़ेंः '24 घंटे हो गए, डरिए मत...मोहन भागवत को जज बना लीजिए', राहुल ने फिर याद दिलाया PM मोदी को डिबेट वाला चैलेंज

एक छोटी सी सलाह और विदाई

अंत में बस यही कहूंगा कि यह जो हाथ में गुलाब का फूल लेकर वीडियो बनाने का सिलसिला है, इसे वैलेंटाइन डे के लिए बचाकर रखिए. दीपावली जैसे बड़े त्योहार पर गुलाब लाकर राजनीति का तड़का मत लगाइए. इस बार संसद में आइए, अच्छी और सार्थक डिबेट कीजिए. डिबेट से पीछे मत हटिए, क्योंकि देश की जनता अब संसद में असली मुद्दों पर ठोस चर्चा देखना चाहती है. ठीक है राहुल जी, बाय-बाय!

 

राहुल गांधी ने दिया था पीएम मोदी को चैलेंज

इसके पहले मंगलवार (3 नवंबर) को लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपना 24 घंटे पुराना चैलेंज याद दिलाते हुए एक बार फिर खुली बहस की चुनौती दी थी. राहुल गांधी ने साफ कहा था कि विपक्ष पर देशद्रोह के आरोप लगाने के बजाय प्रधानमंत्री सामने आएं और आमने-सामने बैठकर चर्चा करें.

'जगह आप चुनिए, जज भागवत को बना दीजिए'

राहुल गांधी ने कहा कि पीएम जहां चाहें, जिस मंच पर चाहें डिबेट तय कर लें. जारी किए गए वीडियो में उन्होंने कहा था, '24 घंटे बीत चुके हैं, डरिए मत. एक टेबल होगी, एक तरफ आप बैठेंगे और दूसरी तरफ मैं. सामने मीडिया और देश के नौजवान होंगे. निष्पक्षता के लिए जज भी आप ही चुन लीजिए, चाहें तो मोहन भागवत जी को ही जज बना दीजिए, पर चर्चा से पीछे मत हटिए." राहुल के मुताबिक, इस डिबेट से यह साफ हो जाएगा कि असली देशद्रोही कौन है और विदेशी ताकतों से किसका और कैसा संबंध है.

अडानी, यूएस डील और एप्स्टीन पर उठाए सवाल

राहुल गांधी ने डिबेट के मुद्दों का जिक्र करते हुए कहा कि बहस में देश के फाइनेंशियल सिस्टम, अचानक हुई अमेरिकी डील, कैबिनेट को भरोसे में न लेने की वजह, अडानी केस के बंद होने और एप्स्टीन जैसे कई गंभीर मामलों पर खुलकर सवाल-जवाब होंगे.

'विदेशी कनेक्शन पर मानहानि का केस क्यों नहीं?'

विपक्षी नेता ने तंज कसते हुए कहा कि उन पर पहले से करीब 45 मानहानि के मुकदमे दर्ज हैं. ऐसे में अगर विदेशी ताकतों से कनेक्शन का आरोप सच है, तो उस पर भी केस दर्ज करवाएं, वहां भी बात साफ हो जाएगी. वीडियो के अंत में राहुल गांधी ने अपने हाथ में एक गुलाब का फूल लेकर बेहद शांत अंदाज में प्रधानमंत्री को 'हैप्पी दिवाली' भी विश किया.

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About the Author

रवींद्र प्रताप सिंह ने साल 2015 में जागरण.कॉम से डिजिटल मीडिया में कदम रखा मौजूदा समय वो ज़ी न्यूज डिजिटल में चीफ सब एडिटर हैं. अगस्त 2025 में उन्होंने ज़ी न्यूज ज्वाइन किया है. रवींद्र देश और दुनिया की खबरों के अलावा खेलों में क्रिकेट जगत और क्राइम की खबरों पर बेहतरीन पकड़ रखते हैं. इसके पहले रवींद्र रिपब्लिक भारत में इवनिंग शिफ्ट के इंचार्ज रहे और शाम की शिफ्ट संभालते हुए होम पेज की जिम्मेदारी रवींद्र के ऊपर थी. उससे पहले रवींद्र ने जनसत्ता और न्यूज नेशन में भी शाम की शिफ्ट और होम पेज की जिम्मेदारी बखूबी निभाई. इसके पहले रवींद्र ने 5 सालों तक पी7 और लाइव इंडिया जैसे न्यूज चैनलों में काम किया था. रवींद्र आकाशवाणी में काम करने का अनुभव रखते. अवध यूनिवर्सिटी से मॉस कम्युनिकेशन से पोस्ट ग्रेजुएट रवींद्र पिछले डेढ़ दशक से सक्रिय पत्रकारिता कर रहे हैं. आप रवींद्र से जुड़ने के लिए Ravindra.Singh@India.com पर मेल कर सकते हैं या फिर फेसबुक पर संपर्क करने के लिए https://www.facebook.com/pintu.singh.397 और एक्स पर https://x.com/rs66533 रवींद्र से संपर्क किया जा सकता है. 
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