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Assam Illegal Encroachment: असम में रविवार ( 1 नवंबर 2026) को धुबरी में जिला प्रशासन ने गौरीपुर के आलमगंज पार्ट-IX में अतिक्रमण के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया. इस दौरान प्रशासन की ओर से लगभग 215 एकड़ जमीन पर बुलडोजर चलाकर अतिक्रमण हटाया गया. इस अभियान में 500 से ज्यादा घर ध्वस्त हुए. यह अभियान सुबह लगभग 7 बजे शुरू हुआ, जिसमें सरकारी जमीन के उस सबसे बड़े हिस्से को निशाना बनाया गया, जहां अवैध कब्जा किया गया था.
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने इस कार्रवाई के बाद अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X'पर एक पोस्ट शेयर किया, जिसमें उन्होंने घुसपैठियों को संदेश देते हुए कहा कि जमीन पर अवैध रूप से कब्जा करने वालों पर इसी तरह की कार्रवाई की जाएगी.
हिमंता ने अपने 'X' हैंडल पर सलमान खान के स्टाइल में लिखा,' धुबरी में अतिक्रमणकारी इट्स डन ब्रो. मैंने कितनी बार बोला है कि असम की जमीन उसके लोगों के लिए है, घुसपैठियों के लिए नहीं लेकिन कुछ लोग मेरी बात शायद समझना नहीं चाहते. उनके लिए पेश है जेसीबी. अतिक्रमण हटाने का गारंटी वाला फॉर्मुला.'
Encroachers in Dhubri - It's done bro! मैंने कितनी बार बोला है कि असम की ज़मीन उसके लोगों के लिए है, घुसपैठियों के लिए नहीं। लेकिन कुछ लोग मेरी बात शायद समझना नहीं चाहते। उनके लिए पेश हैं - JCBs. अतिक्रमण हटाने का Guaranteed Formula! https://t.co/JOj7WfiUbo
— Himanta Biswa Sarma (@himantabiswa) November 2, 2026
धुबरी के जिला आयुक्त दिवाकर नाथ के मुताबिक, प्रशासन ने तकरीबन 800 बीघा जमीन पर कब्जा किए लगभग 700 परिवारों को नोटिस जारी किए थे. हालांकि, रविवार की कार्रवाई में 150 बीघा जमीन को शामिल नहीं किया गया, क्योंकि वहां रहने वाले लोग कोर्ट चले गए थे. ऐसे में यह मामला अभी कोर्ट में विचाराधीन है.
प्रशासन की ओर से अतिक्रमण हटाने की यह कार्रवाई भारी सिक्योरिटी के साथ की गई. इसमें पुलिस बल भी मौजूद थी और इसका नेतृत्व महानिरीक्षक अखिलेश कुमार सिंह कर रहे थे. इस दौरान जिला प्रशासन ने 50 से 60 खुदाई करने वाली मशीनें, ट्रैक्टर-ट्रॉलियां और अन्य मशीनरी तैनात की थीं.
Scenes in Dhubri today. https://t.co/HPyCoQz06N
— Himanta Biswa Sarma (@himantabiswa) November 1, 2026
सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, इस कार्रवाई में लगभग 550 परिवार प्रभावित हुए, जबकि कई रिपोर्ट्स में 750 तक परिवारों को हटाने की बात कही गई. हटाए गए लोगों की कुल संख्या 4,000-5,000 के करीब बताई जा रही है.
असम में हिमंता बिस्वा की सरकार साल 2021 में सत्ता में आने के बाद से ही लगातार अवैध कब्जे के खिलाफ एक्शन ले रही है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, यहां पिछले 1 दशक में तकरीबन 19,000 परिवारों को सरकारी जमीन से बेदखल किया गया है, जिनमें से अधिकतर मुस्लिम परिवार हैं. आलमगंज में हुई इस कार्रवाई से ठीक 2 हफ्ते पहले नांगांव, होजाई और गोलाघाट जिलों के जंगलों से 1,100 से ज्यादा मुस्लिम परिवारों को बेदखल किया गया था. जिला प्रशासन ने बताया कि यह कार्रवाई 3 महीने की प्रक्रिया के बाद की गई है. कार्रवाई से पहले लोगों की डॉक्यूमेंट्स की जांच की गई, कारण बताओ नोटिस जारी किया गया, सुनवाई की गई और लोगों को जगह खाली करने के लिए 1 हफ्ते का समय दिया गया.