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Simi Garewal Birthday Special: हिंदी सिनेमा के दिग्गज फिल्ममेकर राज कपूर और उनके गानों को लोग आज भी याद करते हैं. उनके गानों से जुड़े किस्से आज भी लोगों में दिलचस्पी जगाते हैं. आज हम एक्ट्रेस सिमी ग्रेवाल के जन्मदिन के खास मौके पर एक दिलचस्प किस्सा सुनाने जा रहे हैं, जो राज कपूर से भी जुड़ा हुआ है. एक बार सिमी ग्रेवाल ने राज कपूर से फोन पर बात करते हुए कहा था कि अगर वह झूठ बोलेंगी, तो उन्हें काला कौवा काट लेगा. इतना ही नहीं, इस बात के करीब 2 घंटे बाद ही राज कपूर ने एक्ट्रेस को दोबारा फोन किया था और बताया कि उन्हें एक गाने का आइडिया मिल गया है और 'झूठ बोले कौवा काटे' गाने का आइडिया आ गया है.
'कर्ज' और 'मेरा नाम जोकर' जैसी दमदार फिल्मों में काम करने वाली एक्ट्रेस सिमी ग्रेवाल 17 अक्टूबर को अपना 79वां जन्मदिन सेलिब्रेट करेंगी. उनके जन्मदिन के खास मौके पर हम आपको उनसे जुड़ा एक खास किस्सा सुनाते हैं. हिंदी सिनेमा का मशहूर गाना 'झूठ बोले कौवा काटे' तो आपने कई बार सुना होगा, लेकिन इसके बनने के पीछे का मजेदार किस्सा नहीं पता होगा. इस किस्से का जिक्र एक्ट्रेस ने खुद किया है.
दरअसल, सिमी ग्रेवाल ने राज कपूर के बारे में बताते हुए अपने ब्लॉग में लिखा था, 'एक इंसान के तौर पर राज जी बिल्कुल किसी बच्चे, एक जोकर या मनोरंजन करने वाले कलाकार की तरह थे. उन्हें लोगों को खुश करने में मजा आता था. मेरी राज कपूर से पहली मुलाकात रांची के 'रतन टॉकीज' में हुई थी. यह एक बेहद अजीब मुलाकात थी, क्योंकि उन्हें इसके बारे में कुछ भी नहीं पता था. असल में, मैं अपनी सीट पर मंत्रमुग्ध होकर बैठी हुई थी और स्क्रीन पर राज कपूर थे. फिल्म 'आवारा' थी और उस समय मैं केवल 5 साल की थी. मुझे लगा कि कोका-कोला के बाद, यही सबसे बेहतरीन चीज है. ऐसे में आप समझ सकते हैं कि 'मेरा नाम जोकर' मेरे लिए कितनी खास रही होगी.'

उन्होंने आगे बताया, 'एक ऐसी लड़की, जिसने बचपन से ही राज कपूर को अपना आदर्श माना था, वह सच में उनके साथ काम कर रही थी और फिर पता नहीं किसने अपना लिया, लेकिन कपूर परिवार मेरे लिए अपने परिवार जैसा ही हो गया. मुझे 'मेरा नाम जोकर' की शूटिंग के दौरान बिताए गए मजेदार पल याद हैं. राज जी देर रात तक जागते थे और उन्हें सुबह जल्दी उठना बिल्कुल पसंद नहीं था. एक बार, दार्जिलिंग में शूटिंग के दौरान, उन्होंने सुबह 4 बजे ही सबके दरवाजे जोर-जोर से खटखटाना शुरू कर दिया. 'राधा उठो... खान-साहब उठो! उठो आलसियों! काम पर लगो!' इस शोर-शराबे में पूरा होटल ही जाग गया. हम सब अपने अलार्म बजने से बहुत पहले ही बिस्तर से बाहर आ गए. नहा-धोकर, मेकअप और कॉस्ट्यूम पहनकर हम सब उनके कमरे में इकट्ठा हो गए और वहां क्या देखते हैं? साहब तो वापस सो गए थे और कोई उन्हें जगा भी नहीं सका.'

वहीं, इस ब्लॉग में एक्ट्रेस ने आगे बताया, 'क्या आपने 'रेसिंग' नाम के खेल के बारे में सुना है? राज जी ने हमें यह खेल सिखाया था. हुकुम की बेगम को 'वैजयंतीमाला' कहा जाता था और चिड़ी की बेगम को 'पद्मिनी', पान की बेगम 'हेमा मालिनी' थीं और ईंट की बेगम का नाम मुझे याद नहीं आ रहा. यह खेल कुछ इस तरह होता है- चारों बेगमों को एक कतार में सबसे आगे रखा जाता है. फिर उनके बगल में सात ताश के पत्तों को एक ट्रैक की तरह सीधा (वर्टिकल) रखा जाता है. बुकी एक-एक करके बाकी पत्ते खोलता है और जिस सूट (रंग/प्रकार) का पत्ता खुलता है, उसी सूट की बेगम आगे बढ़ती है. जल्द ही वहां 'चल मेरी हेमा!... चल मेरी पद्मिनी!' जैसी आवाजें गूंजने लगतीं, मानो सचमुच कोई रेस हो रही हो! दांव भले ही छोटे होते, पर तनाव बहुत बड़ा होता था! राज जी की आवाज सबसे तेज होती, वे खुलकर हंसते और सबसे ज्यादा मजा लेते! एक सुबह, पुणे वाले अपने फार्म पर, राज जी सोकर उठे, शूटिंग रद्द की और घोषणा की, 'आज हम खाना बनाएंगे.'

सिमी ग्रेवाल ने आगे बताया, 'मुझे याद है कि मैं डिंपल को कई महीनों तक हर जगह ले गई, ब्यूटी पार्लर, कपड़ों की फिटिंग आदि के लिए. वह बहुत मजेदार थी और हमारे पास एक गेंद थी. एक बार मैं उनसे फोन पर बात कर रही थी और गीतकार विट्ठल भाई बैठे थे. मैंने कुछ कहा और राज जी ने जवाब दिया, 'तुम झूठ बोल रही हो, मुझे क्यों झूठ बोलना चाहिए? तुम झूठ बोलोगी ना, तो तुमको काला कौवा काटेगा, देख लेना.' वैसे भी, हमने जल्द ही फोन रख दिया. दो घंटे बाद उन्होंने मुझे फोन किया, 'सुनो! मुझे मिल गया! मुझे गाना मिल गया! यह 'झूठ बोले काला कौवा काटे' है.' पहले उन्होंने कहा, 'काला कौवा', फिर कहा, 'नहीं, झूठ बोले कौवा काटे, काले कौवे से डरियो...'

वहीं, एक्ट्रेस सिमी ग्रेवाल की बात करें, तो उन्होंने दमदार फिल्मों में काम करके इंडस्ट्री में अलग पहचान बनाई है, लेकिन उनकी लव लाइफ काफी चर्चा में रही. उनकी जिंदगी में प्यार ने दस्तक दी थी, लेकिन यह रिश्ता शादी तक नहीं पहुंच सका था. एक्ट्रेस ने खुद अपने एक इंटरव्यू में खुलासा किया था कि जब वह महज 17 साल की थीं, तब उन्हें जामनगर के महाराजा से प्यार हो गया था. दोनों का रिश्ता करीब तीन साल तक चला और इस दौरान उन्होंने कई यादें बनाईं. उनका पूरा नाम सिमरिता ग्रेवाल है. उन्होंने बेहद कम उम्र में ही एक्टिंग की दुनिया में कदम रखा था और धीरे-धीरे हिंदी फिल्मों में अपनी खास जगह बनाई.