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Lock Upp 2 और Alliance ने बदला Reality Show का गेम, अब Bigg Boss 20 की बारी; क्या सलमान खान फिर जीत पाएंगे TRP की जंग?

Bigg Boss 20 vs New Reality Shows: क्या 'लॉक अप 2' और 'अलायंस' जैसे रियलिटी शोज बिगाड़ेंगे 'बिग बॉस 20' का खेल? जानिए दर्शकों की बदलती पसंद और ओटीटी के नए विकल्प सलमान खान के शो की टीआरपी के लिए बड़ी चुनौती बन गए हैं.

Written By Kajol Gupta
Published: Aug 31, 2026, 10:26 PM IST | Updated: Aug 31, 2026, 10:52 PM IST
Image Credit: सलमान खान फिर जीतेंगे TRP की जंग?
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Bigg Boss 20 vs New Reality Shows: रियलिटी टीवी की दुनिया में लंबे समय से 'बिग बॉस' का काफी दबदबा रहा है. सलमान खान की होस्टिंग, सेलिब्रिटी कंटेस्टेंट्स, घर के अंदर के रिश्ते, लड़ाई-झगड़े, नॉमिनेशन और 'वीकेंड का वार' इस शो की असली पहचान रहे हैं. लेकिन अब साल 2026 में रियलिटी शो का गेम काफी बदलता हुआ नजर आ रहा है. हाल ही में ओटीटी पर 'लॉकअप 2' और 'अलायंस' जैसे दमदार शोज आए, जिन्होंने दर्शकों का जबरदस्त मनोरंजन किया और उन्हें गेम के साथ नई रणनीति व बिल्कुल अलग तरह के कॉन्सेप्ट भी देखने को मिले.

ऐसे में अब सबसे बड़ा सवाल उठता है कि 6 सितंबर से शुरू होने वाला सलमान खान का फेमस रियलिटी शो 'बिग बॉस 20' क्या अपने पुराने फॉर्मूले के दम पर टीआरपी की रेस जीत पाएगा या फिर मेकर्स को इस बार गेम में कुछ बड़ा बदलाव करना होगा? दरअसल, एक समय था जब रियलिटी शो का मतलब ही हाई-वोल्टेज ड्रामा, कंटेस्टेंट्स के बीच झगड़े और विवादित बयानों से लगाया जाता था. 'बिग बॉस' ने इस फॉर्मूले को लंबे समय तक बेहद सफल तरीके से इस्तेमाल भी किया, लेकिन इन दिनों ओटीटी की बढ़ती पहुंच के साथ दर्शकों के पास अब कई तरह के रियलिटी शोज के विकल्प मौजूद हैं.

क्या ड्रामे से आगे निकल गया है दर्शक?

हाल ही के दिनों में 'लॉक अप 2' और 'अलायंस' ने इसी स्पेस में अपनी अलग पहचान बनाने की कोशिश की है. जहां 'लॉकअप 2' में कंटेस्टेंट के राज और विवादों ने दर्शकों का ध्यान खींचा, वहीं 'अलायंस' ने रणनीति, टीमवर्क और स्मार्ट गेमप्ले को काफी ज्यादा महत्व दिया. दोनों शोज की दमदार तुलना करते हुए इंडिया टुडे ने भी इस अंतर को रेखांकित किया था कि 'अलायंस' में ड्रामा के बजाय गेम और रणनीति को कहानी के केंद्र में रखा गया था. यानी दर्शकों के पास अब सिर्फ एक ही तरह का रियलिटी कंटेंट देखने का विकल्प नहीं है.

क्या है 'बिग बॉस 20' के सामने सबसे बड़ी चुनौती?

सलमान खान ही फेमस रियलिटी शो 'बिग बॉस' की सबसे बड़ी ताकत हैं. उनकी लोकप्रियता शो को शुरुआत में काफी ज्यादा बज (Buzz) दे सकती है, लेकिन असली चुनौती यह है कि क्या यह बज कई हफ्तों तक कायम रह पाएगा? किसी भी लंबे रियलिटी शो के लिए शुरुआत की चर्चा से ज्यादा जरूरी उसके साथ दर्शकों का लगातार बने रहना है. अगर शो में वही पुराने टास्क, नॉमिनेशन प्रक्रिया, वही लड़ाई-झगड़े और वही रिश्तों का खेल देखने को मिलेगा, तो दर्शक तुरंत बोर हो सकते हैं, क्योंकि अब उन्हें कुछ नया और मजेदार चाहिए. इस बार मेकर्स को कंटेंट, गेम और ऑडियंस एंगेजमेंट तीनों मोर्चों पर दमदार काम करना होगा.

क्या सिर्फ होस्ट की स्टार पावर काम आएगी?

बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान काफी लंबे समय से 'बिग बॉस' का चेहरा बने हुए हैं और शो की पहचान भी उनसे काफी हद तक जुड़ी हुई है, लेकिन अब सवाल यह है कि क्या सिर्फ होस्ट की स्टार पावर इस बार काम आ पाएगी? दरअसल, भाईजान दर्शकों को शो तक लाने का काम तो कर सकते हैं, लेकिन उन्हें कई महीनों तक शो पर टिकाए रखने के लिए मेकर्स को बेहतरीन कंटेस्टेंट्स और मजबूत गेम प्लानिंग करने की जरूरत है. दर्शकों को ऐसे चेहरे चाहिए, जो सिर्फ विवाद पैदा न करें, बल्कि अपनी पर्सनैलिटी, रणनीति और गेमप्ले से भी दिलचस्पी बनाए रखें.

क्या कास्टिंग ही बनेगी शो का गेमचेंजर?

इस बार शो की सफलता के लिए कंटेस्टेंट्स की कास्टिंग बेहद महत्वपूर्ण हो जाती है. टीवी कलाकारों के साथ सोशल मीडिया क्रिएटर्स, इन्फ्लुएंसर्स, ओटीटी चेहरे और अलग-अलग बैकग्राउंड से आने वाले लोगों का मिश्रण शो को ज्यादा रिलेटेबल और अप्रत्याशित (unpredictable) बना सकता है. यही वह बदलाव है जो 'बिग बॉस 20' को टीआरपी की रेस में दोबारा सबसे आगे खड़ा कर सकता है.

क्या ऑडियंस के पास आई असली ताकत?

'बिग बॉस 20' के मेकर्स दर्शकों की भागीदारी बढ़ाने के लिए एक बड़ा बदलाव लेकर आ रहे हैं. शो के नए प्रोमो में फैन्स को दो संभावित कंटेस्टेंट्स—रिया अहीर और लव गिल—में से किसी एक को चुनने का मौका दिया गया है. घर में किसे एंट्री मिलेगी, इसका फैसला पूरी तरह से दर्शकों के वोटों पर निर्भर करेगा. यह छोटा-सा बदलाव इस बात का साफ इशारा है कि आज का दर्शक केवल स्क्रीन के सामने बैठकर शो देखना नहीं चाहता, बल्कि वह खुद गेम का सक्रिय हिस्सा बनना चाहता है. अगर पूरे सीजन में दर्शकों की इस भागीदारी को बढ़ाया गया, तो शो की एंगेजमेंट काफी मजबूत हो सकती है.

क्या 'अलायंस' से मेकर्स ने कुछ सीखा?

'अलायंस' शो के प्रोड्यूसर दीपक धर ने इसे एक 'एंटी-रियलिटी शो' के रूप में पेश किया था. उन्होंने बताया था कि चीखने-चिल्लाने और टॉक्सिक लड़ाई-झगड़ों की जगह दोस्ती, उम्मीद और एक अलग तरह के गेमप्ले को बढ़ावा देना उनका मुख्य मकसद था. यह बयान मौजूदा रियलिटी टीवी में आ रहे बड़े बदलाव को समझने के लिए काफी अहम है. दर्शक आज भी ड्रामा देखना पसंद करते हैं, लेकिन अब वे इसके पीछे एक मजबूत गेम और स्ट्रैटेजी भी देखना चाहते हैं. अगर हर एपिसोड में सिर्फ दो कंटेस्टेंट्स की आपसी लड़ाई ही मुख्य आकर्षण बनी रही, तो दर्शकों को लंबे समय तक शो से जोड़े रखना मुश्किल हो जाएगा.

कैसे मिलेगी शो को हाई टीआरपी?

मेकर्स को यह समझना होगा कि सिर्फ सलमान खान के चेहरे और पुराने घिसे-पिटे झगड़ों के भरोसे 'बिग बॉस 20' को सुपरहिट नहीं बनाया जा सकता. इस सीजन में सफलता हासिल करने के लिए कास्टिंग में बड़ा बदलाव करना होगा. टीवी एक्टर्स और सोशल मीडिया स्टार्स को केवल विवाद खड़े करने के लिए नहीं, बल्कि दिमागी खेल (माइंड गेम्स) खेलने के लिए शो में लाना होगा. दर्शक अब खाना छीनने और बेवजह चिल्लाने वाले क्लेश से थक चुके हैं. इस वजह से शो को दोबारा से 'टास्क-ओरिएंटेड' बनाना जरूरी हो गया है, जहां केवल रणनीति और बुद्धिमानी की ही जीत हो.

क्या लाइव स्ट्रीम से बदलेगा गेम?

ओटीटी प्लेटफॉर्म्स पर 24x7 लाइव स्ट्रीम का सही इस्तेमाल करना बेहद जरूरी है. इसके लिए केवल कैमरों को ऑन रखना काफी नहीं होगा, बल्कि लाइव देखने वाले दर्शकों को तुरंत वोटिंग करने या टास्क का फैसला करने जैसे एक्सक्लूसिव इंटरएक्टिव फीचर्स देने होंगे, ताकि मुख्य टीवी टेलीकास्ट से पहले उनका सस्पेंस खत्म न हो. इसके अलावा, एडिटेड क्लिप्स और गढ़े हुए नकली लव-एंगल को आज के स्मार्ट दर्शक तुरंत पकड़ लेते हैं, इसलिए मेकर्स को शो का नैरेशन पूरी तरह से नेचुरल और वास्तविक रखना होगा.

क्या काम आएगा सलमान का जादू?

टीवी बनाम ओटीटी की इस बढ़ती जंग में सलमान खान निसंदेह बिग बॉस के सबसे बड़े 'ट्रंप कार्ड' हैं. लेकिन आज का स्मार्ट दर्शक केवल होस्ट के लिए 100 दिनों तक चलने वाला शो नहीं देख सकता; उसे कंटेंट में नयापन और आधुनिकता चाहिए. ऐसे में 'बिग बॉस 20' की सफलता पूरी तरह से इस बात पर निर्भर करेगी कि मेकर्स सलमान खान की बेजोड़ स्टार पावर के साथ ओटीटी दौर के इस नए और मॉडर्न फ्लेवर को कितनी खूबसूरती के साथ दर्शकों के सामने पेश करते हैं.

किसे टक्कर दे रहा है बिग बॉस 20?

'बिग बॉस 20' के सामने असली चुनौती सिर्फ 'लॉक अप 2' या 'अलायंस' जैसे शोज की नहीं है, बल्कि सबसे बड़ा मुकाबला दर्शकों की तेजी से बदलती पसंद से है. आज के समय में दर्शकों के पास टेलीविजन और ओटीटी (OTT) दोनों ही प्लेटफॉर्म्स पर रियलिटी कंटेंट के ढेरों विकल्प मौजूद हैं. ऐसे में दर्शकों को किसी एक शो से लंबे समय तक बांधे रखना मेकर्स के लिए पहले से कहीं अधिक चुनौतीपूर्ण हो गया है.

क्या चाहते हैं आज के Gen Z दर्शक?

हालिया विश्लेषणों में यह बात साफ तौर पर सामने आई है कि आज की युवा पीढ़ी यानी Gen Z के बीच रियलिटी शोज की लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है. 'लॉक अप 2', 'अलायंस' और 'द ट्रेटर्स 2' जैसे आधुनिक शोज के सोशल मीडिया पर गहरे प्रभाव को इसकी एक बड़ी वजह माना गया है. ये शोज युवाओं के बीच जबरदस्त चर्चा बटोर रहे हैं, जिससे पुराने ढर्रे के शोज के लिए अपनी पकड़ बनाए रखना मुश्किल हो रहा है.

क्या बदल पाएगा बिग बॉस का पुराना फॉर्मूला?

अब यह देखना बेहद दिलचस्प होगा कि मेकर्स शो के इस ऐतिहासिक 20वें सीजन में पुराने 'बिग बॉस' की मूल पहचान को बचाए रखते हुए उसमें कितना नया रंग भर पाते हैं. अगर गेम में नयापन लाया जाता है, कंटेस्टेंट्स मजबूत होते हैं और दर्शकों को फैसलों में ज्यादा ताकत मिलती है, तो 'बिग बॉस 20' एक बार फिर टीआरपी (TRP) की रेस में सबसे आगे निकल सकता है. लेकिन अगर मेकर्स पुराने और घिसे-पिटे फॉर्मूले पर ही अड़े रहे, तो ओटीटी के नए रियलिटी शोज से मिल रही कड़ी चुनौती को नजरअंदाज करना उनके लिए काफी भारी साबित हो सकता है.

 

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About the Author

काजोल गुप्ता जी न्यूज में सब एडिटर हैं और पिछले साढ़े 3 साल से डिजिटल मीडिया में काम कर रही हैं. कुछ समय तक उन्होंने नेशनल, बिहार-झारखंड और पॉलिटिकल बीट पर काम किया. इसके बाद बीते 2 साल से उन्होंने जी न्यूज में एंटरटेनमेंट बीट पर काम करना शुरू किया. अभी फिलहाल वह एंटरटेनमेंट बीट पर ही एक्टिव हैं. जी न्यूज से पहले उन्होंने सुदर्शन चैनल, इनखबर वेबसाइट और फ्रीलांस काम किया है. पिछले साढ़े तीन साल से जी न्यूज के साथ काम कर रही हैं. उन्होंने मास कम्युनिकेशन में सिंघानिया यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन और माखनलाल चतुर्वेदी यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में ही पोस्ट ग्रेजुएशन की है. पत्रकारिता के साथ उन्हें कहानियां लिखने का भी काफी शौक है. आप काजोल के साथ kajol.gupta@India.com पर या एक्स और इंस्टाग्राम हैंडल्स पर कनेक्ट कर सकते है. सीधे ईमेल पर इनसे जुड़ सकते हैं.     
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