Teacher Recruitment 2026: देशभर में युवाओं की शिकायतें लगातार बढ़ती जा रही हैं और शिक्षक भर्ती से संबंधित अपडेट का इंतजार कर रहे हैं. दिल्ली, उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों में युवाओं को शिक्षक की नौकरी की तलाश है. वहीं, हिमाचल प्रदेश के सीएम ने युवाओं को एक खुशखबरी दी है. राज्य के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने नई शिक्षक भर्ती का ऐलान किया है.
दरअसल, हिमाचल प्रदेश के शिमला के नोगली में एक जनसभा के दौरान सीएम ने भर्ती से संबंधित घोषणा की है. उन्होंने कहा है कि अगले 6 महीनों में प्रदेश में 4000 शिक्षकों की भर्ती की जाएगी.
हिमाचल प्रदेश में पिछल 3 सालों में पहले ही 10 हजार से ज्यादा पदों पर शिक्षकों की भर्ती की जा चुकी है. वहीं, अब आगामी दिनों में 4000 पदों पर शिक्षकों की भर्ती करने का ऐलान किया गया है. सीएम सुक्खू के अनुसार, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के मामले में हिमाचल प्रदेश 2021 के 21वें स्थान से सुधरकर अब देश में 5वें स्थान पर पहुंच गया है.
राज्य के सीएम ने ये भी जानकारी दी है कि शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन करने के लिहाज से राज्य में सीबीएसई बोर्ड के 150 से ज्यादा स्कूल खुल चुके हैं जिनमें करीब 2000 शिक्षकों की नियुक्ति भी की गई है. सीबीएसई के अलावा 300 स्कूल वो हैं जो हिमाचल प्रदेश बोर्ड के हैं.
रामपुर बुशहर के नोगली में जनसभा को संबोधित किया। हिमाचल की समृद्धि का रास्ता गांवों से होकर गुज़रेगा। इसी सोच के साथ बजट में ग्रामीण अर्थव्यवस्था को प्राथमिकता दी है, ताकि गांवों में आमदनी और रोजगार के अवसर बढ़ें। गांव की अर्थव्यवस्था में किसान और पशुपालक अहम भूमिका निभाते हैं। उनकी मेहनत को उचित मूल्य मिले, इसके लिए दूध की खरीद पर MSP लागू की है। गांवों के विकास के साथ बच्चों के भविष्य को बेहतर बनाना भी हमारी जिम्मेदारी है। सरकारी CBSE स्कूलों में विद्यार्थियों की संख्या बढ़ी है और सभी विषयों के शिक्षकों की नियुक्तियां की जा रही हैं। अब तक करीब 2 हजार शिक्षकों की नियुक्ति हो चुकी है। लोगों को बेहतर इलाज मिले, इसके लिए स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार किया जा रहा है। देश-दुनिया के बड़े अस्पतालों में उपलब्ध आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं हिमाचल में उपलब्ध करवाई जा रही हैं।
— Sukhvinder Singh Sukhu (@SukhuSukhvinder) October 3, 2026
आवेदकों को मिलीं पेंडिंग नौकरियां
मुख्यमंत्री सुक्खू ने बताया कि राज्य सरकार ने लंबे समय से लंबित अनुकंपा के आधार पर मिलने वाली नौकरियों के मामलों का समाधान कर दिया है. दरअसल, परिवार में किसी सरकारी कर्मचारी की मृत्यु होने पर उनके परिजन को मिलने वाली नौकरी की प्रक्रिया लंबे समय से वेटिंग में थी. सरकार ने करीब 70% एलिजिबल एप्लीकेशन्स को पहले ही नौकरियां दे दी हैं. साथ ही, सरकार द्वारा खास नीति को भी तैयार किया जा रहा है जिसके लागू होने के बाद आउटसोर्स कर्मचारियों के हितों की रक्षा की जा सकेगी.