Dangers of Fake Rabies Injections: दिल्ली में दवा से जुड़ी एक और बड़ी समस्या है. ये समस्या है नकली दवा की. नकली वैक्सीन सावधान हमें भी होना चाहिए. हम जो दवा खरीदते हैं, उसमें से हर पांचवी दवा नकली होती है. हमारी सेहत और जीवन से खिलवाड़ करनेवाले एक नकली दवा सप्लायर गिरोह का पर्दाफाश हुआ है.
दिल्ली के भागीरथ पैलेस में हुई छापेमारी में 2 लाख रुपये की नकली एंटी रेबीज वैक्सीन पकड़ी गई. छापेमारी में नकली इंजेक्शन के 481 वायल जब्त किए गए. नकली इंजेक्शन के सैंपल जांच के लिए कसौली के CRI सेंटर भेजे गए हैं.
रेबीज जैसी जानलेवा बीमारी का नकली इंजेक्शन. सोचिए ये कितना बड़ा अपराध है. इस अपराध की जांच जब आगे बढ़ी तो नकली रेबीज इंजेक्शन की सप्लाई का कनेक्शन कानपुर से जुड़ा.
दिल्ली पुलिस की टीम ने कानपुर के न्यू आरजे एजेंसी के मालिक सरदार राजेंद्र सिंह को गिरफ्तार किया है. बुधवार सुबह जी न्यूज़ की टीम कानपुर में न्यू आरजे एजेंसी पहुंची. दुकान का शटर बंद था. जी न्यूज़ की रिपोर्ट का असर कुछ ही घंटों में दिखा. हमारी रिपोर्ट के बाद प्रशासन ने न्यू आरजे एजेंसी के दुकान और गोदाम को सील कर दिया.
नकली एंटी रेबीज वैक्सीन रैकेट का पर्दाफाश, नकली दवा के बाद.. अब 'नकली वैक्सीन'
कानपुर में बन रही.. दिल्ली तक बिक रही— Zee News (@ZeeNews) September 23, 2026
न्यू आरजे एजेंसी की दोनों दुकानें सील कर दी गई हैं. उसपर नोटिस चिपका दिया गया है. यहां हम आपको बताना चाहेंगे कि रेबीज का नकली इंजेक्शन कितना खतरनाक है.
अगर किसी व्यक्ति को जानवर ने काटा है तो लक्षण दिखने से पहले इंजेक्शन लगवाने पर रेबीज 100 प्रतिशत ठीक हो सकता है. समय पर टीकाकरण से जान पूरी तरह बचाई जा सकती है. हालांकि, अगर किसी व्यक्ति में रेबीज के लक्षण दिखने शुरू हो जाए तो यह बीमारी 100 प्रतिशत लाइलाज और जानलेवा हो जाती है. लक्षण दिखने के बाद मरीजों को बचाना बेहद मुश्किल होता है.
सोचिए रेबीज का नकली टीका कितना खतरनाक है. रेबीज का नकली इंजेक्शन सीधे तौर पर मौत का बुलावा है. इन अपराधियों के नकली इंजेक्शन से न जाने कितने आम लोगों की जान मुश्किल में होगी. इसलिए जरूरी है आम आदमी के जीवन को खतरे में डालनेवाले ऐसे अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो. सिर्फ इनकी दुकान ही सील नहीं की जाए, उन्हें कानून के मुताबिक कठोर से कठोर सजा भी दी जाए