अब हम एलन मस्क की हवाई कार का DNA टेस्ट करेंगे. टेस्ला के सीईओ एलन मस्क ने फ्लाइंग कार का डेमो दिखाया. एक लाइव ऑडियंस के सामने मस्क ने दुनिया को अपनी कार के करतब दिखाए . इस डेमो के दौरान मस्क की नई कार ने हवा में कई फुट उंचाई पर उछलकर सफल लैंडिंग की . 1 सेकेंड से भी कम वक्त में 97 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ी. दुनिया टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में बेहद तेजी से आगे बढ़ रही है. आने वाले समय में अगर आसमान में उड़ती हुई कारें दिखने लगें, तो इसमें कोई हैरानी नहीं होगी.
दिग्गज बिजनेसमैन एलन मस्क की कंपनी टेस्ला ने हाल ही में इस सपने को हकीकत के बेहद करीब लाकर खड़ा कर दिया है. ये सिर्फ कार नहीं, रॉकेट जैसी उड़ान भरती कार है...एलन मस्क ने कल टेक्सास में टेस्ला की नई रोडस्टर का वो डेमो दिखाया, जिसे देखकर सारी दुनिया हैरान है. इस डेमो में गाड़ी हवा में उड़कर दूसरी टेस्ला गाड़ियों के ऊपर से गुज़रती दिखी. इसमें अत्याधुनिक..बेहद उच्च दबाव वाला एयर टैंक इस्तेमाल किया गया है, इसलिए कार अपने एयर टैंक को दोबारा चार्ज कर सकती है. इसके लिए किसी खास ईंधन की जरूरत नहीं होगी. यह हवा के दबाव से खुद को ऊपर उठाएगी और जब भी आप चाहेंगे, ऐसे करतब दिखा सकेगी.
#DNAमित्रों | टेस्ला की नई कार..हवा में कैसे उड़ती है? आपकी पार्किंग में 'उड़ने वाली कार' कब? एलन मस्क की 'हवाई कार' का DNA टेस्ट #DNA #DNAWithRahulSinha #Tesla #Roadster #ElonMusk @RahulSinhaTV https://t.co/6BwqeBG54L
— Zee News (@ZeeNews) October 16, 2026
15 अक्टूबर को टेक्सस के मैकग्रेगर में आयोजित एक इवेंट के दौरान टेस्ला ने अपने नए डिजाइन वाले 'रोडस्टर' (Roadster) का शानदार प्रदर्शन किया। इवेंट में कार एक खास रैंप पर उल्टी चली और कुछ देर तक हवा में घूमते हुए करतब दिखाती रही. इसके बाद कार पूरी सुरक्षा के साथ जमीन पर उतर आई. यह हैरतअंगेज स्टंट उस खास तकनीक की झलक दिखाता है जिसे टेस्ला ने एलन मस्क की रॉकेट कंपनी 'स्पेसएक्स' (SpaceX) के साथ मिलकर तैयार किया है.
इस नए रोडस्टर में स्पेसएक्स द्वारा विकसित 'कोल्ड-गैस थ्रस्टर्स' (Cold-gas thrusters) लगाए गए हैं. यह तकनीक कार को हवा में उठाने और संतुलित रखने के लिए दबाव वाली गैस (pressurized gas) का इस्तेमाल करती है. एलन मस्क ने इस प्रदर्शन का वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर शेयर करते हुए लिखा, 'लगता है कि भविष्य में सच में उड़ने वाली कारें होंगी.' भले ही फ्लाइंग कार का यह नमूना बेहद रोमांचक है, लेकिन आम लोगों के रोजमर्रा के इस्तेमाल में इस तकनीक को आने में अभी काफी वक्त लगेगा. फिर भी, टेस्ला का यह कदम भविष्य के यातायात की दिशा में एक बड़ा बदलाव माना जा रहा है.
ये टेस्ला और स्पेसएक्स की साझेदारी का नतीजा है. कार में हाई-प्रेशर एयर टैंक और 10 थ्रस्टर्स लगे हैं. सक्शन फैन सिस्टम कार को जमीन से चिपकाए रखता है..सक्शन फैन सिस्टम एक वैक्युम क्लीनर की तरह काम करता है . जैसे वैक्यूम क्लीनर किसी सतह से हवा खींचकर उसे अपनी तरफ खींचता है. वैसे यह सिस्टम कार के नीचे की हवा खींचकर कम दबाव पैदा करता है. इससे कार पर नीचे की तरफ खिंचाव पैदा होता है और वह सतह से मजबूती से चिपकी रह सकती है. जबकि थ्रस्टर्स इसे हवा में उछालते और घुमाते हैं
एलन मस्क ने कहा है कि उड़ने वाली कारें सिर्फ कल्पना नहीं, बल्कि हकीकत हैं लेकिन मस्क ने खुद माना है. इसमें सफलता की कोई गारंटी नहीं है. ये कारें हर जगह कानूनी तौर पर सड़क या हवा में नहीं चल पाएंगी और ये अभी पूरी तरह से सुरक्षा के मानकों पर खरी नहीं उतरी हैं.