दिल्ली विश्वविद्यालय छात्रसंघ (DUSU) की तरफ से नवरात्रि में शक्ति वंदन 4.0 का आयोजन किया जा रहा है. ये कार्यक्रम अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) की तरफ से आयोजित किया जा रहा है. इसके तहत NCC, खेल, अकादमिक सहित अलग-अलग क्षेत्रों में अच्छा प्रदर्शन करने वाली लड़कियों को उनकी उपलब्धियों के आधार सम्मानित किया जाएगा.
क्यों किया जा रहा ये आयोजन?
इसके तहत नवरात्रि के नौ दिनों में हर रोज एक छात्रा को अध्यक्ष, एक को सचिव और एक को सह-सचिव का जिम्मेदारी सौंपी जाएगी. इसका मेन उद्देश्य छात्राओं को नेतृत्व के अवसर देना है. इसके साथ ही छात्राओं की राजनीति में भागीदारी को प्रोत्साहित करना है.
शक्ति वंदन 4.0 क्या है?
DUSU अध्यक्ष यश डबास के अनुसार, नवरात्रि नारी शक्ति के सम्मान और सामर्थ्य का त्योहार है. शक्ति वंदन 4.0 केवल योजना नहीं है. ये छात्राओं के सम्मान, स्वाभिमान और नेतृत्व क्षमता को बढ़ावा देने की एक कोशिश है. उन्होंने कहा कि रजिस्ट्रेशन फॉर्म के माध्यम से छात्राओं की उपलब्धियों और योगदान का आकलन कर अलग-अलग क्षेत्रों में बेहतर प्रदर्शन करने वाली प्रतिभागियों का चयन किया गया है.
डबास ने क्या कहा?
डबास ने कहा कि विश्वविद्यालय में छात्राओं को अपनी प्रतिभा दिखाने और नेतृत्व करने के बराबर अवसर मिलने चाहिए. उन्होंने बताया कि इस पहल का उद्देश्य छात्राओं को आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करना और उन्हें भारतीय संस्कृति और परंपराओं के प्रति जागरूक करना है.
क्या है आयोजन का उद्देश्य?
कार्यक्रम के दौरान नवरात्रि के नौ दिनों में हर दिन एक छात्रा को अध्यक्ष, एक को सचिव और एक को सह-सचिव की जिम्मेदारी दी जाएगी. इसका उद्देश्य छात्राओं को नेतृत्व करने के अवसर देना और छात्र राजनीति में उनकी भागीदारी बढ़ाना होगा.
कब से कब तक है नवरात्रि?
नवरात्रि की शुरुआत 11 से 20 अक्टूबर तक है. इस दौरान मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की जाती है. इसके साथ ही लोग व्रत भी रखते हैं. कहते हैं जो कोई भी इस दौरान मां अंबे की सच्चे मन से भक्ति करता है उसके जीवन के सारे दुख-दर्द दूर हो जाते हैं. इस दौरान सुबह और शाम माता रानी की आरती करना जरूरी होता है.