क्या है ‘नियद नेल्लानार’ योजना? नक्सलियों के गढ़ में कैसे बदली गांवों की जिंदगी, जानिए किन जिलों को मिला फायदा
Niyad Nellanar Yojana: नियद नेल्लानार योजना के माध्यम से छत्तीसगढ़ के नक्सलियों के गढ़ गहे जाने वाले गांवों तक विकास की बहार देखने को मिल रही है. कभी इन इलाकों में लोग बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहे थे. आइए जानते हैं, कि नियद नेल्लानार योजना क्या है. इसके क्या-क्या फायदे हैं.
CG Govt Scheme: एक समय ऐसा था, जब छत्तीसगढ़ के बस्तर इलाके में डर का माहौल हुआ करता था. यहां के गांवों में नक्सलियों के खौफ के चलते विकास की राह दूर-दूर तक देखने को नहीं मिलती थी. इन इलाकों में ग्रामीण लोग सड़क, बिजली, पानी समेत स्कूल जैसी सुविधाओं के लिए तरसते थे. लेकिन अब इन्हीं इलाकों की तस्वीर धीरे-धीरे बदल रही है. इसकी सबसे बड़ी वजह सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है. यह एक ऐसी योजना है, इसके जरिए इन इलाकों के गांवों में विकास की रफ्तार कई गुना बढ़ गई है. आइए आज हम आपको इस योजना के बारे में विस्तार से बताते हैं. इसके अलावा, यह भी जानते हैं, कि इससे क्या-क्या लाभ हुए हैं.
दरअसल, हम जिस योजना की बात कर रहे हैं, उसका नाम नियद नेल्लानार योजना है. इस योजना की शुरुआत 14 फरवरी 2024 को छत्तीसगढ़ सरकार की तरफ से की गई थी. इस योजना के पहले चरण में बस्तर संभाग के कांकेर, दंतेवाड़ा, नारायणपुर, बीजापुर और सुकमा जिले के गांवों को शामिल किया गया था. इसका मकसद यह था कि नक्सल प्रभावित इलाकों में बुनियादी सुविधाओं से लेकर सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया जा सके. इसके बाद इस योजना का दूसरे चरण में गरियाबंद, मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी और खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिलों को भी शामिल किया गया था.
पहले चरण में कहां-कहां?
1. कांकेर
2. दंतेवाड़ा
3. नारायणपुर
4. बीजापुर
5. सुकमा
दूसरे चरण में कहां-कहां?
1. गरियाबंद
2. मोहला-मानपु-अंबागढ़ चौकी
3. खैरागढ़-छुईखदान-गंडई
आखिर यह योजना क्या है?
नियद नेल्लानार योजना, छत्तीसगढ़ की ऐसी पहल है. इसका उद्देश्य नक्सल प्रभावित इलाकों के गांवों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ना है. इस योजना का मतलब है कि 'आपका अच्छा गांव'. यह दक्षिण बस्तर में बोली जाने वाली दंडामी बोली से लिया गया है. नियद नेल्लानार योजना के तहत सुरक्षा शिविरों के एक किलोमीटर के दायरे में आने वाले गांवों में आवास, स्वास्थ्य, पानी, बिजली, सड़क और शिक्षा जैसी सुविधाओं पर खास फोकस किया जा रहा है.
इस योजना के क्या फायदे?
1. उज्ज्वला योजना का लाभ
2. राशन कार्ड की सुविधा
3. किसानों को सिंचाई पंप की सुविधा
4. पात्र परिवारों को मुफ्त बिजली
5. गांवों में आंगनवाड़ी की सुविधा
6. पात्र लोगों को वनाधिकार प्रमाण-पत्र
7. PVTG समुदायों के जीवन पर फोकस
8. सड़क, पानी, आवास, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी सुविधाएं
योजना की चर्चा इतनी क्यों?
नियद नेल्लानार योजना की सबसे ज्यादा चर्चा जब हुई, जब इसका असर जमीनी स्तर पर दिखाई देने लगा. बस्तर के नक्सल प्रभावित इलाका नारायणपुर जिले के इरकाभट्टी में नक्सलियों के चलते बुनियादी सुविधाएं नहीं पहुंच पा रही थीं. खासकर बच्चों के लिए शिक्षा का राह भी आसान नहीं थी. लेकिन अब सरकार की इस नियद नेल्लानार योजना के प्रयासों से यहां पर शिक्षा, कनेक्टिविटी और बुनियादी ढांचे को बेहतर बनाने पर किया गया. यानी जिन इलाकों में विकास की बात दूर-दूर तक नहीं होती थी, वहां इस योजना के चलते जमीनी स्तर पर काफी बदलाव देखने को मिल रहा है. सरकार ने इस योजना के माध्यम से उन गांवों में स्कूल, सड़क, बिजली, पानी, आवास से लेकर रोजगार के साधन पहुंचा दिए हैं, जहां पर लंबे समय तक नक्सलियों के डर के चलते हमेशा डर के साये में रहे हैं. इसीलिए आज इस योजना की चर्चा पूरे देश में खूब हो रही है.