SOCIAL MEDIA

Newsletter

PARTNER SITES
Select language

बस्तर में BJP-कांग्रेस के 116 नेताओं की सुरक्षा में कटौती, 9 की Z+ से Z हुई सिक्योरिटी...कई बड़े नाम शामिल

बस्तर क्षेत्र में सशस्त्र नक्सलवाद के प्रभाव में आई कमी को देखते हुए भाजपा और कांग्रेस के 116 नेताओं को दी गई सुरक्षा कम कर दी गई है. उप मुख्यमंत्री और गृह मंत्री विजय शर्मा ने इस बारे में जानकारी दी है.

Written By Ranjana Kahar
Published: Oct 29, 2026, 04:37 PM IST | Updated: Oct 29, 2026, 04:40 PM IST
Image Credit: Photo Ai- बस्तर में BJP-कांग्रेस के 116 नेताओं की सुरक्षा में कटौती
Join

छत्तीसगढ़ के बस्तर क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गृह विभाग ने एक महत्वपूर्ण और रणनीतिक फैसला लिया है. बस्तर में सशस्त्र नक्सलवाद में लगातार आई कमी और कानून-व्यवस्था की स्थिति में सुधार को देखते हुए वहां के प्रमुख राजनीतिक नेताओं को दी जाने वाली सुरक्षा में कटौती की गई है. उपमुख्यमंत्री और गृह मंत्री विजय शर्मा ने बताया कि यह कदम लगातार निगरानी के आधार पर उठाया गया है और हर छह महीने में इसकी समीक्षा की जाएगी. इस सूची में मंत्री केदार कश्यप, पूर्व मंत्री महेश गागड़ा, कांग्रेस नेता दीपक बैज और कवासी लखमा समेत अन्य लोग शामिल हैं.

बस्तर में BJP-कांग्रेस के 116 नेताओं की सुरक्षा में कटौती

इसके तहत भारतीय जनता पार्टी और कांग्रेस दोनों दलों के कुल 116 नेताओं की सुरक्षा घटाई गई है. विशेष रूप से 9 हाई-प्रोफाइल नेताओं की सुरक्षा को Z+ श्रेणी से घटाकर Z श्रेणी में कर दिया गया है, जिनमें राज्य के कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप और नक्सल प्रभावित कर्मा परिवार के सदस्य भी शामिल हैं.  इसके अलावा बस्तर क्षेत्र के सांसदों (MPs), विधायकों (MLAs) और पूर्व मंत्रियों को दी जाने वाली सुरक्षा में भी कुछ कटौती की गई है. जिन नेताओं के पास पहले Z श्रेणी की सुरक्षा थी, उन्हें Y+ श्रेणी में डाल दिया गया है, जबकि Y+ सुरक्षा वाले नेताओं को Y श्रेणी में स्थानांतरित कर दिया गया है.

यह भी पढ़ें: छत्तीसगढ़ कैबिनेट बैठक: 15 नवंबर से होगी धान खरीदी, बिजली बिल समेत इन मुद्दों पर लगी मुहर
 

कई बड़े नाम शामिल

गृह विभाग जल्द ही इस पर आदेश जारी करेगा. आदेश आने के बाद ही पता चलेगा कि किस नेता को कौन सी सुरक्षा मिलेगी और बदलाव कब से लागू होगा. लिस्ट में मंत्री केदार कश्यप के अलावा पूर्व मंत्री महेश गागड़ा और कांग्रेस के दीपक बैज और कवासी लखमा की भी सुरक्षा घटाई जाएगी.

लगातार मॉनिटरिंग के बाद घटाई सुरक्षा

बस्तर के सांसदों, विधायकों और पूर्व मंत्रियों की भी सुरक्षा घटाई गई है. बताया जा रहा है कि नक्सलवाद कम होने और सुरक्षा का नया आकलन करने के बाद यह फैसला लिया गया है. नेताओं की सुरक्षा की समीक्षा के बाद यह बदलाव किया गया है. हालांकि अभी तक इसका पूरा सरकारी आदेश जारी नहीं हुआ है.

हर छह महीने में की जाएगी समीक्षा

बस्तर में राजनीतिक नेताओं की सुरक्षा में की गई यह कटौती इस बात का स्पष्ट संकेत है कि इस क्षेत्र में नक्सलवाद अब कमजोर पड़ गया है और कानून-व्यवस्था की स्थिति में काफी सुधार आया है. हालांकि, गृह विभाग ने स्पष्ट किया है कि बदलती परिस्थितियों के अनुसार सुरक्षा का उचित संतुलन बनाए रखने के लिए हर छह महीने में सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की जाएगी.

 

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:

About the Author

रंजना कहार एक डिजिटल पत्रकार हैं, जिन्हें न्यूज़ मीडिया और डेस्क ऑपरेशंस के क्षेत्र में 4 सालों से ज्यादा का अनुभव है. वर्तमान में वे Zee News (MP-CG) की डिजिटल टीम में सब-एडिटर की जिम्मेदारी संभाल रही हैं. मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की राजनीतिक हलचलों, क्राइम और स्थानीय मुद्दों (हाइपरलोकल खबरों) की सटीक, निष्पक्ष व तथ्य-आधारित कवरेज में उनकी एक्सपर्टीज है.छत्तीसगढ़ के प्रतिष्ठित गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय (बिलासपुर) से पत्रकारिता में मास्टर डिग्री पूरी करने के बाद रंजना ने अपने करियर की शुरुआत ETV भारत से की थी. ज़ी मीडिया से पहले उन्होंने APN न्यूज़ के साथ भी काम किया है. कंटेंट एडिटिंग, न्यूज़ प्रोडक्शन और डेस्क मैनेजमेंट पर मजबूत पकड़ होने के कारण वे रीडर्स तक खबरें तेजी, गुणवत्ता और प्रामाणिकता के साथ पहुंचाने के लिए जानी जाती हैं.रंजना कहार से आप ranjana.kahar@india.com पर ईमेल के माध्यम से सीधे संपर्क कर सकते हैं. इसके अलावा, एक्स (ट्विटर) और लिंक्डइन पर भी उनसे सीधा संवाद कर सकते हैं.
Read More

ZEENEWS TRENDING STORIES