140 करोड़ का कस्टम मिलिंग घोटाला: कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल अरेस्ट, बड़ा खुलासा होने की उम्मीद
Chhattisgarh News: कस्टम मिलिंग घोटाले में ED ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल को गिरफ्तार कर लिया है. उन पर अवैध वसूली के जरिए ₹140 करोड़ से ज्यादा का घोटाला करने का आरोप है.
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने छत्तीसगढ़ के चर्चित कस्टम मिलिंग घोटाले के सिलसिले में कांग्रेस पार्टी के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल को अरेस्ट किया है. उन पर आरोप है कि उन्होंने राइस मिलर्स से गैर-कानूनी तरीके से प्रति क्विंटल ₹20 वसूलकर ₹140 करोड़ से ज्यादा का घोटाला किया. एजेंसी इस बात की जांच कर रही है कि क्या इकट्ठा किया गया पैसा पार्टी के फंड के लिए था. इसके अलावा ED ने शराब घोटाले के मामले में उनके खिलाफ लगभग 3,000 पन्नों की चार्जशीट भी दाखिल की है.
13 अक्टूबर तक 5 दिन की रिमांड मंजूर
गिरफ्तारी के बाद रामगोपाल अग्रवाल को एक स्पेशल कोर्ट में पेश किया गया, जिसने उन्हें 13 अक्टूबर तक यानी पांच दिनों के लिए ED की कस्टडी में भेज दिया. कस्टडी में भेजे जाने से पहले, जेल में रहते हुए उनसे लगातार दो दिनों तक पूछताछ की जा चुकी थी. ED अब इस बात की बारीकी से जांच कर रही है कि क्या यह वसूली पार्टी फंड के लिए की गई थी और इसमें शामिल लोगों की पहचान कर रही है. इस मामले में अहम खुलासे होने की उम्मीद है.
शराब घोटाले में भी बढ़ीं मुश्किलें
कस्टम मिलिंग के मामले के साथ-साथ शराब घोटाले के मामले में भी उनकी मुश्किलें बढ़ गई हैं. ED ने शराब घोटाले के सिलसिले में रामगोपाल अग्रवाल के खिलाफ कोर्ट में लगभग 3,000 पन्नों की विस्तृत चार्जशीट दाखिल की है. इन गंभीर मामलों में एक के बाद एक उनके चारों ओर शिकंजा कसने से राज्य की राजनीति में हलचल मच गई है.
जानिए पूरा मामला
ये पूरा मामला साल 2021-22 के खरीफ सीजन का है. उस वक्त सरकार ने चावल की कस्टम मिलिंग पर मिलने वाला बोनस 40 रुपये से बढ़ाकर 120 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया था. आरोप है कि इसी बढ़ी हुई राशि में से मिल मालिकों से 40 रुपये प्रति क्विंटल वसूले गए. ये वसूली दो किस्तों में 20-20 रुपये करके की गई. जांच एजेंसी का कहना है कि इस घोटाले से जो पैसा आया, उसे आरोपी रामगोपाल ने पार्टी फंड के लिए इकट्ठा किया था. रामगोपाल का नाम शराब घोटाले में भी सामने आ चुका है. इसी मामले में शुक्रवार को कोर्ट में आरोप-पत्र पेश किया गया है. अब इस केस की अगली सुनवाई 20 नवंबर को होगी.
छत्तीसगढ़ की राजनीति में कस्टम मिलिंग और शराब घोटाले के मामलों में कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल की ED द्वारा गिरफ्तारी और उसके बाद रिमांड पर लिया जाना एक बड़ा मोड़ साबित हो रहा है. ₹140 करोड़ से ज्यादा की अवैध वसूली के आरोपों और लगभग 3,000 पन्नों की नई चार्जशीट ने कानूनी शिकंजा और कस दिया है. उम्मीद है कि एजेंसी की रिमांड के दौरान पूछताछ से पता चलेगा कि इस घोटाले में और कौन-कौन लोग शामिल हैं. इस घटनाक्रम से आने वाले दिनों में राजनीतिक माहौल और गरमाने की पूरी संभावना है.