SOCIAL MEDIA

Newsletter

PARTNER SITES
Select language

Tomato Price Crash: टमाटर खरीदने वालों की मौज! एक हफ्ते में आधे हुए खुदरा भाव, आखिर किसानों की क्यों बढ़ी मुश्किल?

नासिक की पिंपलगांव APMC मंडी में टमाटर की थोक कीमतें एक हफ्ते में करीब 65% गिरकर ₹321 से ₹111 प्रति 20 किलो क्रेट पर आ गईं. ज्यादा तापमान से फसल जल्दी पकने, बंपर सप्लाई, कमजोर मांग और निर्यात में सुस्ती के कारण किसानों की मुश्किलें बढ़ गई हैं.

Written By Gaurav Singh
Published: Oct 21, 2026, 01:07 AM IST | Updated: Oct 21, 2026, 01:14 AM IST
Image Credit: व्यापारियों ने बाजार में आवक बढ़ने का कारण ऊंचे तापमान को बताया है इससे टमाटरों के पकने में तेजी आई हैं। AI
Join

Tomato Price Crash : टमाटर किसानों पर दोहरी मार पड़ी है. एक तरफ सूखे जैसे हालात हैं, तो दूसरी तरफ भारत की सबसे बड़ी थोक टमाटर मंडियों में से एक पिंपलगांव एग्रीकल्चर प्रोड्यूस मार्केट कमेटी (APMC) में कीमतों में भारी गिरावट आई है. 'टाइम्स ऑफ इंडिया' की एक रिपोर्ट के मुताबिक, ज्यादा सप्लाई और कम डिमांड के चलते एक हफ्ते में कीमतें लगभग 65% गिरकर 111 रुपये प्रति 20 किलो क्रेट (टोकरी) पर आ गई है.

खुदरा बाजार की बात करें तो, सोमवार को नासिक में टमाटर 20 रुपये प्रति किलो बिक रहा था, जबकि एक हफ्ते पहले इसकी कीमत लगभग 40 रुपये प्रति किलो थी यानी कीमतों में औसतन 50% की गिरावट आई है. एक रिटेलर ने बताया कि थोक कीमतों में आई गिरावट का असर खुदरा बाजार में दिखने में एक-दो दिन का समय लगता है. अगर यही ट्रेंड जारी रहा, तो आने वाले दिनों में खुदरा बाजार में भी कीमतें और कम हो सकती हैं.

एग्रीकल्चरल प्रोड्यूस मार्केट कमिटी (APMC) में औसत थोक भाव 12 अक्टूबर को 321 रुपये प्रति 20 किलो क्रेट (लगभग 16 रुपये प्रति किलो) था. सोमवार को गिरकर मात्र 111 रुपये प्रति क्रेट (5.55 रुपये प्रति किलो) रह गया. इससे उन किसानों की चिंता बढ़ गई है, जो पहले से ही खेती की बढ़ती लागत से जूझ रहे हैं.

टमाटर की सप्लाई में भारी उछाल

APMC के एक अधिकारी ने बताया, 'पिछले एक हफ्ते से APMC में हर दिन 3 लाख से 3.75 लाख क्रेट टमाटर आ रहे हैं. इससे बाजार पूरी तरह भर गया है. सप्लाई में भारी उछाल के कारण मांग बहुत पीछे छूट गई है, जिससे कीमतें सबसे निचले स्तर पर आ गई हैं.'

कीमतें 20 रुपये से लेकर 331 रुपये प्रति क्रेट

इस हफ्ते की शुरुआत में टमाटर की गुणवत्ता के आधार पर कीमतें 20 रुपये से लेकर 331 रुपये प्रति क्रेट तक रहीं. खराब गुणवत्ता वाले टमाटर 1 रुपये प्रति किलो तक बिके, जबकि अच्छी क्वालिटी के टमाटर 16.55 रुपये प्रति किलो तक बिके. व्यापारियों का कहना है कि अगर यही रुझान जारी रहा, तो कीमतें और गिर सकती हैं.

ये भी पढ़ें : क्या ऑनलाइन डिलीवरी छीन रही है फल-सब्जी दुकानदारों का कारोबार? जानिए कितना परसेंट शिफ्ट हुआ है ट्रेड

टमाटर की आवक बढ़ने के क्या कारण हैं?

व्यापारियों के अनुसार, बाजार में टमाटर की आवक बढ़ने का कारण उच्च तापमान है, जिससे टमाटर जल्दी पक रहे हैं. APMC के टमाटर विभाग के एक अधिकारी ने बताया, 'गर्मी की वजह से टमाटर सामान्य से जल्दी पक रहे हैं, जिसके कारण बाजार में इनकी आवक बढ़ गई है.' लेकिन मांग के मोर्चे पर भी कोई खास राहत नहीं मिली है. APMC अधिकारियों ने बताया कि नवरात्रि के दौरान मांग में सुस्ती रही, क्योंकि कई थोक बाजार बंद थे। इसके अलावा, निर्यात की मांग भी कमजोर रही. किसानों की मुश्किलें तब और बढ़ गईं जब उत्तर प्रदेश, बिहार और मध्य प्रदेश जैसे प्रमुख खपत वाले राज्यों ने अपनी जरूरतें स्थानीय आपूर्ति से पूरी करना शुरू कर दिया, जिससे नासिक से आने वाले टमाटरों पर उनकी निर्भरता कम हो गई है.

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:

About the Author

जी न्यूज में सीनियर सब-एडिटर हैं और वर्तमान में बिजनेस व फाइनेंशियल न्यूज कवर करते हैं.  देश की राजनीति से लेकर दुनिया के बनते-बिगड़ते सत्ता समीकरणों और घटनाओं को कवर कर चुके हैं  पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो UPTU से इलेक्ट्रॉनिक्स इंजीनियरिंग में ग्रेजुएशन किया है. उत्तर प्रदेश से ताल्लुक रखने वाले गौरव ने अपने करियर की शुरुआत डिजिटल मीडिया से की और पिछले 6 वर्षों से लगातार इस क्षेत्र में सक्रिय हैं. आप गौरव सिंह से Gaurav.Singh@India.Com पर ईमेल के जरिए सीधे जुड़ सकते हैं. 
Read More

ZEENEWS TRENDING STORIES