E20 के बाद अब 100% इथेनॉल से दौड़ेगी आपकी कार, सरकार ने E100 फ्यूल को दी मंजूरी, नफा-नुकसान समझिए
E100 Petrol: केंद्र सरकार ने 100 फीसदी इथेनॉल ब्लेडिंग फ्यूल को मंजूरी दे दी है. सरकार की हरी झंडी के बाद अब आपको E85, E100 फ्यूल मिलेंगे.
E100 Petrol: E20 फ्यूल विवाद के बीच सरकार ने E100 फ्यूल के इस्तेमाल से चलने वाली फ्लेक्स फ्यूल व्हीक्ल्स को मंजूरी दे दी है. सरकार की सहमति से देश में पूरी तरह से इथेनॉल वाले फ्यूल से चलने वाली गाड़ियों का रास्ता साफ हो गया है. 100% इथेनॉल वाली फ्लेक्स फ्यूल व्हीक्ल्स के लिए E100 पेट्रोल की बिक्री का रोडमैप भी तैयार हो गया है, लेकिन इस बार सरकार ने कुछ अहम नियम तय किए है, ताकि E20 पेट्रोल की तरह विवाद का बढ़े. सरकार ने इसके लिए सेंट्रल मोर व्हीक्ल्स रूल्स में बदलाव किया है.
सरकार ने क्या बदला
केंद्र सरकार ने 23 अक्टूबर को ही सेंट्रल मोटर व्हीक्ल्स रूल्स 1989 में संशोधन की अधिसूचना जारी कर दी. सरकार ने इस बदलाव के जरिए ऑटोमोबाइल कंपनियों के लिए E85, E100 फ्यूल से चलने वाली फ्लेक्स फ्यूल गाड़ियां तैयार करने को मंजूरी दे दी.
E100 पेट्रोल से चलेंगी गाड़ियां
केंद्र सरकार ने नोटिफिकेशन जारी करते हुए सेंट्रल मोटर व्हीक्ल्स रूल्स में बदलाव करते हुए फ्लैक्स फ्यूल व्हीक्ल्स में 100% इथेनॉल ब्लेंडेड पेट्रोल के इस्तेमाल को मंजूरी दे दी है. कार कंपनियों की ओर से E100 मॉडल्स लॉन्च किए जाने के लिए सरकार की हरी झंडी मिल गई है. नियम में बदलाव के बाद 100 फीसदी इथेनॉल ब्लेंडिंग का रास्ता भी साफ हो गया है.
देश में इस्तेमाल होगा E100 फ्यूल
सरकार ने इससे पहले E20 पेट्रोल को अनिवार्य कर दिया था, जिसके बाद गाड़ियों में खराबी को लेकर कई शिकायतें, विवाद आएं. अब सरकार ने E85, E100 पेट्रोल के इस्तेमाल को हरी झंडी दिखा दी है, लेकिन खास बात है कि ये E20 पेट्रोल कारों में इस्तेमाल नहीं होगा. इसका इस्तेमाल E100 फ्यूल सर्टिफाइल गाड़ियों में ही होगा. मतलब ये कि आप किसी भी कार में ई85, ई100 पेट्रोल नहीं भरवा पाएंगे. इन फ्यूल का इस्तेमाल उसके लिए स्पेशली डिजाइन किए गए व्हीकल्स में ही किया जा सकता है.
सरकार ने फैसले से क्या बदलेगा ?
सरकार ने स्पष्ट किया है कि E85, E100 फ्यूल का इस्तेमाल आम गाड़ियों में नहीं होगा यानी मौजूदा कार मालिकों को इससे परेशान होने की जरूरत नहीं है. आपको E85 या E100 फ्यूल पर शिफ्ट होने की जरूरत नहीं है. सरकार ने ये भी साफ किया है कि ये पूरी तरह से अल्टरनेटिव अरेंजमेंट है, यानी आपके पास ये फ्यूल ऑप्शन के तौर पर उपलब्ध होगा.
E100 फ्यूल से क्या फायदा होगा?
इथेनॉल ब्लेडिंग से कच्चे तेल के आयात पर दबाव कम होता है. इथेनॉल का ज्यादा इस्तेमाल देश की कच्चे तेल के इंपोर्ट पर निर्भरता को कर तक इंपोर्ट बिल को कम करने में मदद करता है. पर्यावरण में कार्बन उत्सर्जन कम करने में भी मदद मिलती है.