SOCIAL MEDIA

Newsletter

PARTNER SITES
Select language

चिराग पासवान की नजर अब बिहार सीएम की कुर्सी पर, क्या BJP के साथ रहकर संभव हो पाएगा?

लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय महासचिव राजू तिवारी ने अपने नेता चिराग पासवान को बिहार का सीएम बनाने का ऐलान करके सियासी पारे को चढ़ा दिया है. उनके इस बयान पर एनडीए में घमासान देखने को मिल सकता है, तो वहीं विरोधियों को हमला करने का एक मौका मिल गया है.

Written By K. Raj Mishra
Published: Sep 05, 2026, 09:14 AM IST | Updated: Sep 05, 2026, 10:13 AM IST
Image Credit: चिराग पासवान की नजर अब बिहार सीएम की कुर्सी पर? (File Photo)
Join

क्या बिहार की सियासत में फिर से बड़ा बदलाव होने वाला है? क्या अब सम्राट चौधरी को CM पद से हटाने की तैयारी हो रही है? दरअसल, बिहार एनडीए में एक बार फिर से मुख्यमंत्री की कुर्सी के लिए उठापटक देखने को मिल रही है. लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय महासचिव और गोविंदगंज विधायक राजू तिवारी ने अब चिराग पासवान को मुख्यमंत्री बनाने की बात कहकर सियासी पारे को चढ़ा दिया है. लोजपा-आर के महासचिव ने अभी से आगामी चुनाव का प्लान तैयार कर लिया है. शुक्रवार (4 सितंबर) को पटना स्थित पार्टी के प्रदेश कार्यालय में राजू तिवारी ने कहा कि हमको पूरा विश्वास है कि हम अपने नेता चिराग पासवान के नेतृत्व में दिन-प्रतिदिन आगे आएंगे और आने वाले विधानसभा चुनाव में  हम अपनी पार्टी की सरकार बनाएंगे.

राजू तिवारी ने बढ़ा दिया सियासी पारा

कार्यक्रम में पार्टी नेताओं को संबोधित करते हुए राजू तिवारी ने आगे कहा कि हम लोगों ने जो चिराग पासवान को मुख्यमंत्री बनाने का संकल्प लिया है, आने वाले चुनाव में हम उसको पूरा करेंगे. राजू तिवारी के अलावा प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र विवेक ने भी इसी तरह का बयान दिया. उन्होंने कहा कि 2029 या 2030 में जो भी चुनाव होना है और बिहार में जब हमारी पार्टी नंबर वन होगी, तो स्वाभाविक है कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान मुख्यमंत्री होंगे. लोजपा-आर नेताओं के इस तरह के बयानों के बाद बिहार की सियासत में चर्चा तेज हो गई है.

नीतीश कुमार से भी रह चुका है मनमुटाव

सियासी जानकारों के मुताबिक, लोजपा-आर पार्टी के इस बयान पर बिहार एनडीए के अंदर काफी उथल-पुथल देखने को मिल सकती है. सियासी जानकारों ने कहा कि चिराग पासवान हमेशा से बिहार की सियासत करना चाहते हैं और बिहार सीएम की कुर्सी पर बैठने की इच्छा रखते हैं. इसी बात को लेकर उनका नीतीश कुमार के साथ भी मनमुटाव देखने को मिलता रहा है. उनकी इसी लालसा के कारण नीतीश कुमार ने 2020 के विधानसभा चुनाव से पहले उन्हें एनडीए से बाहर करवा दिया था. जिसके बाद चिराग पासवान ने एनडीए से अलग होकर अकेले दम पर 135 सीटों पर चुनाव लड़ा था और सिर्फ एक सीट पर जीत हासिल हो सकी थी. 5.68 प्रतिशत वोट शेयर के साथ लोजपा ने भले ही कोई खास करिश्मा ना किया हो, लेकिन जेडीयू को तीसरे नंबर पर धकेल दिया था.

बीजेपी के साथ कैसे होगा संभव?

अब देखना होगा कि चिराग की पार्टी के नेताओं की ओर से आए इस बयान पर बीजेपी की ओर से क्या प्रतिक्रिया आती है? वहीं, बिहार विधानसभा चुनाव 2025 से ठीक पहले भी लोजपा-आर के नेताओं की ओर से चिराग पासवान को सीएम फेस के तौर पर प्रोजेक्ट किया गया था. खुद चिराग ने भी केंद्र की राजनीति छोड़ विधानसभा चुनाव लड़ने के संकेत दिए थे. उनके मगध-शाहाबाद की किसी सीट से मैदान में उतरने की अटकलें भी चली थीं. हालांकि, बाद में उन्होंने चुनाव नहीं लड़ा था. 2025 का चुनाव जीतने के बाद नीतीश कुमार फिर से मुख्यमंत्री बने थे. अब उनके दिल्ली जाने पर सम्राट चौधरी के नेतृत्व में एनडीए सरकार चल रही है. इस सरकार में लोजपा-आर भी शामिल है.

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:

About the Author

कर्मराज मिश्रा ज़ी न्यूज (डिजिटल) टीम में बतौर चीफ सब एडिटर कार्यरत हैं. वे यहां देश-विदेश की राजनीति और समसामयिक मुद्दों पर लिखते हैं. कानपुर यूनीवर्सिटी से पत्रकारिता में मास्टर की डिग्री हासिल करके IBN-7 न्यूज चैनल से इंटर्नशिप की. इसके बाद खबर फास्ट, नेशन लाइव और साधना न्यूज न्यूज चैनलों में काम करने के बाद डिजिटल का रुख किया और 2017 से 2020 तक हिंदुस्थान समाचार न्यूज एजेंसी में बतौर सीनियर सब एडिटर काम किया. इसके बाद News Nation, India Ahead के बाद वर्तमान में Z Media का हिस्सा हैं. मीडिया में 10 साल के कार्यकाल के दौरान यूपी, बिहार, छत्तीसगढ़ और दिल्ली विधानसभा चुनावों के अलावा 2019 और 2024 का लोकसभा चुनाव कवर किया है.
Read More

ZEENEWS TRENDING STORIES