सहरसा में 'पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना' की धूम, 3-4 साल में वसूल होगी लागत
केंद्र सरकार की तरफ से चलाई जा रही पीएम सूर्य घर फ्री बिजली योजना को लेकर सहरसा में लोगों के बीच उत्साह देखा जा रहा है. यहां पर लोग अपने छतों पर सोलर पैनल लगवा रहे हैं और लाभ ले रहे हैं.
देश भर में 'पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना' को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखा जा रहा है. इसका असर सहरसा में भी देखा जा रहा है, जहां जिला प्रशासन की अपील पर आम लोगों के साथ साथ जिला प्रशासन और चेम्बर ऑफ कॉमर्स और व्यापार संघ की पहल के बाद अब आम नागरिक और व्यापारी अपने प्रतिष्ठानों में सोलर पैनल लगवाकर न सिर्फ बिजली बिल से राहत पा रहे हैं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण में भी अहम योगदान दे रहे हैं.
सहरसा के व्यापारी अपना रहे 'पीएम सूर्य घर योजना'
इसी कड़ी में सहरसा में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत जिला प्रशासन की अपील पर जिला व्यापार संघ के अध्यक्ष अर्जुन चौधरी ने अपने फ्यूल सेंटर में 15 किलोवाट का सोलर पावर प्लांट लगाया है. 15 किलोवाट के इस प्लांट से औसतन 60 यूनिट बिजली प्रतिदिन और महीने में लगभग 1800 यूनिट बिजली का उत्पादन होगा.
जिला प्रशासन की पहल
विशेषज्ञों का मानना है कि इस योजना के तहत लगने वाली लागत तीन से चार सालों में पूरी तरह से वसूल हो जाती है. जिलाधिकारी दीपेश कुमार ने बताया कि चेम्बर ऑफ कॉमर्स के साथ बैठक कर हमने अपील की थी.
फ्यूल सेंटर पर लगा 15 KW का सोलर प्लांट
अर्जुन चौधरी ने 15 किलोवाट का प्लांट लगाकर एक मिसाल पेश की है. इससे प्रतिदिन 60 यूनिट और महीने में 1800 यूनिट बिजली बनेगी. 3-4 साल में इसकी लागत निकल जाएगी. आने वाला भविष्य सोलर एनर्जी का ही है. जीवाश्म ईंधन (Fossil Fuels) से ग्लोबल वार्मिंग बढ़ रही है.
बिजली बिल से मुक्ति और पर्यावरण की सुरक्षा
नेपाल जैसी हालिया प्राकृतिक आपदाएं इसी का नतीजा हैं. धरती और अपनी आने वाली पीढ़ी को बचाने के लिए हम सभी को सोलर ऊर्जा को अपनाना ही होगा.
क्या है 'पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना', जानिए
केंद्र सरकार की तरफ से प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना शुरू हुई है. इस योजना के तहत छत पर सोलर पैनल लगाने के लिए सरकार की तरफ से सब्सिडी दी जाती है. प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के जरिए न केवल हर महीने 300 यूनिट तक फ्री बिजली का फायदा उठाया जा सकता है, बल्कि केंद्र और राज्य सरकार की ओर से मिलकर 98,000 रुपए तक की सब्सिडी भी मिलती है.
रिपोर्ट: विशाल कुमार