App

पटनाः पुराने जनरल अस्पताल के टूटने के साथ ही समाप्त हो जाएगा 120 साल पुराना इतिहास

पटना PMCH में पुराने जनरल अस्पताल को तोड़ा जा रहा है. ये इमारत करीब 120 साल पुरानी है. इमारत को गिराने के लिए पहले ही पुराने दरवाजे और खिड़कियां हटा दी गईं थी.

पटनाः पुराने जनरल अस्पताल के टूटने के साथ ही समाप्त हो जाएगा 120 साल पुराना इतिहास
Image Credit: पटना PMCH, पुराना जनरल अस्पताल (फाइल फोटो)

पटना PMCH यानी पटना मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल परिसर में स्थित ऐतिहासिक पुराने जनरल अस्पताल भवन (बांकीपुर जनरल अस्पताल) के प्रसिद्ध हथवा वार्ड को गिराने का काम शुरू कर दिया गया है. बीते दिन (7 सितंबर) से ही इसे गिराने का काम किया जा रहा है. ये इमारत करीब 120 साल से भी अधिक पुरानी है, जिसका दौरा महात्मा गांधी 1947 में कर चुके हैं. यह भवन 101 साल से भी पहले तत्कालीन बिहार और उड़ीसा के पहले मेडिकल कॉलेज के रूप में स्थापित किया गया था.

बनाई जा रही आधुनिक और ऊंची इमारतें
मिली जानकारी के अनुसार, गंगा किनारे स्थित इस विशाल परिसर को गिराकर आधुनिक और ऊंची इमारतें बनाई जा रही हैं. इस संस्थान की स्थापना 1925 में मूल रूप से ‘प्रिंस ऑफ वेल्स मेडिकल कॉलेज’ के नाम से की गईथी. इसका नाम तत्कालीन प्रिंस ऑफ वेल्स (बाद में महाराजा एडवर्ड अष्टम) ने दिसंबर 1921 में पटना यात्रा की स्मृति के दौरान किया था. वहीं, भारत की आजादी के कुछ दशकों बाद इसका नाम बदलकर PMCH (Patna Medical College and Hospital) कर दिया गया.

ओल्ड बॉयज हॉस्टल को भी गिराया गया
यह मेडिकल कॉलेज टेम्पल मेडिकल स्कूल से विकसित हुआ, जिसकी स्थापना 1874 में पटना में हुई थी. बांकीपुर जनरल हॉस्पिटल (बाद में पटना जनरल हॉस्पिटल) 1904 के आसपास बनाया गया था. यह अस्पताल पहले मेडिकल स्कूल और बाद में मेडिकल कॉलेज से संबद्ध हो गया. 

कुछ महीने पहले PMCH के करीब एक सदी पुराने पहले छात्रावास ओल्ड बॉयज हॉस्टल को भी पुनर्विकास परियोजना के तहत गिरा दिया गया था. यह छात्रावास पुराने जनरल अस्पताल भवन के सामने स्थित था. पिछले कुछ महीनों से जनरल अस्पताल भवन को गिराने की तैयारी चल रही थी. इस प्रक्रिया के तहत, इमारत को गिराने का रास्ता साफ करने के लिए उसके पुराने दरवाजे और खिड़कियां हटा दी गईं थी.

Add Zee News as a Preferred Source

About the Author

Ranjana Kumari

Ranjana Kumari

रंजना कुमारी Zee Bihar Jharkhand की डिजिटल टीम में बतौर Sub-Editor अपनी जिम्मेदारी निभा रही हैं. बिहार के सिवान जिले के जीरादेई से ताल्लुक रखने वाली रंजना स्थानीय और जमीनी मुद्दों पर गहरी पकड़ रखती हैं. पत्रकारिता के क्षेत्र में वे मुख्य रूप से राजनीति, क्राइम, यूटिलिटी और देश-दुनिया की अहम रूटीन खबरों को प्रमुखता से कवर करती हैं. Zee Media का हिस्सा बनने से पहले रंजना ने न्यूज इंडिया 24x7 में भी डेढ़ साल तक अपनी सेवाएं दी थीं. एकेडमिक की बात करें तो रंजना GJU से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन कर रही हैं.
Read More