मुजफ्फरपुर में बिहार यूनिवर्सिटी पर हंगामाः राज्यपाल से मिलने के लिए युवक का ड्रामा, पुलिस ने हिरासत में लिया
आरोपी युवक की पहचान तुर्की थाना क्षेत्र के दरियापुर काफेन निवासी राहुल कुमार के रूप में हुई है. आरोपी ने काजी मोहम्मदपुर थाना में तैनात दरोगा मनोरंजन कुमार पर बड़े गंभीर आरोप लगाए हैं.
बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (रिटायर्ड) सैय्यद अता हसनैन ने आज (शुक्रवार, 11 सितंबर) मुजफ्फरपुर में स्थित बीआरए बिहार विश्वविद्यालय का दौरा किया. राज्यपाल ने यहां नवनिर्मित महाराजा गेट, आइटी सेल और स्वामी विवेकानंद पार्क का उद्घाटन किया. इसके अलावा स्वामी विवेकानंद की प्रतिमा का अनावरण किया गया. राज्यपाल के मुजफ्फपुर दौरे के दौरान उस वक्त हड़कंप मच गया, जब विश्वविद्यालय गेट के पास एक युवक उनसे मिलने को लेकर हंगामा शुरू कर दिया. राज्यपाल की सुरक्षा को देखते हुए पुलिस ने तुरंत उस व्यक्ति को हिरासत में ले लिया.
युवक को गाड़ी में बिठाने में छूटा पसीना
जानकारी के मुताबिक, राज्यपाल का काफिला जैसे ही विश्वविद्यालय के गेट पर पहुंचा, तभी एक युवक ने राज्यपास से मिलने के लिए हंगामा शुरू कर दिया. वहां पर मौजूद पुलिस अधिकारियों ने युवक को शांत करने का प्रयास किया, लेकिन युवक राज्यपाल से मिलने की जिद पर अड़ा रहा और वह लगातार हंगामा करता रहा. देखते ही देखते युवक इतना ज्यादा आक्रोशित हो गया कि मौजूद पुलिसकर्मियों के साथ गाली-गलौज करने लगा. इसके बाद पुलिसकर्मियों ने उसे हिरासत में लेकर अपनी गाड़ी में बिठाने की कोशिश, लेकिन इस काम में उनका पसीना छूट गया.
आरोपी युवक ने पुलिस पर गंभीर आरोप लगाए
पुलिस हिरासत में आरोपी युवक ने बताया कि उसका नाम राहुल कुमार है और वह तुर्की थाना क्षेत्र के दरियापुर काफेन का रहने वाला है. आरोपी ने बताया कि वह प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा था. युवक ने काजी मोहम्मदपुर थाना में तैनात दरोगा मनोरंजन कुमार पर आरोप लगाते हुए कहा कि उन्होंने 13 अक्टूबर 2022 को शराब के फर्जी केस में उसे पकड़कर जेल भेज दिया था. इस वजह से उसकी जिंदगी तबाह हो गई. राहुल कुमार का कहना है कि इस मामले को लेकर वह कई पुलिस अधिकारियों से मिल चुका है, लेकिन उसे न्याय नहीं मिला है.
सीएम सम्राट से भी मिलने पहुंचा था युवक
उसने बताया कि जब मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी मुजफ्फरपुर पहुंचे थे, तब उसने सीएम से मिलने का प्रयास भी किया था, लेकिन पुलिसवालों ने नहीं मिलने दिया था. अब राज्यपाल से मिलकर उनसे न्याय मांगना चाहता था, लेकिन एक बार फिर से पुलिसवालों ने उसे रोक लिया.
इनपुट- मणितोष कुमार