App

बिहार के 6 जिलों में बाढ़ से 5 लाख लोग प्रभावित: वायुसेना ने संभाला मोर्चा, हेलीकॉप्टर से गिराए 10 टन राहत पैकेट

बिहार के 6 जिलों में बाढ़ से 5 लाख लोग प्रभावित है. वायुसेना ने हेलीकॉप्टर से 10 टन राहत पैकेट का वितरण किया है. आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार प्रभावित लोगों के बीच अब तक करीब 68,600 पॉलीथिन शीट और 64,100 ड्राई राशन पैकेट वितरित किए जा चुके हैं.

बिहार के 6 जिलों में बाढ़ से 5 लाख लोग प्रभावित: वायुसेना ने संभाला मोर्चा, हेलीकॉप्टर से गिराए 10 टन राहत पैकेट
Image Credit: बिहार बाढ़ (AI Generated Image)

नेपाल और बिहार के सीमावर्ती इलाकों में सितंबर के अंतिम सप्ताह में हुई अत्यधिक बारिश के बाद राज्य के छह जिलों में बाढ़ की स्थिति बनी हुई है. इस बीच राहत और बचाव अभियान को तेज करते हुए भारतीय वायुसेना के हेलीकॉप्टरों ने सारण के बाढ़ प्रभावित इलाकों में करीब 10 टन आवश्यक राहत सामग्री पहुंचाई है. आपदा प्रबंधन विभाग के मुताबिक पश्चिम चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सारण, दरभंगा और मुजफ्फरपुर के 30 प्रखंडों की 144 ग्राम पंचायतों में करीब 4.93 लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं. भारतीय वायुसेना की मध्य वायु कमान (सीएसी) के हेलीकॉप्टरों को गंडक नदी के बढ़ते जलस्तर और तटबंधों में टूट के बाद 2 अक्टूबर को अल्प सूचना पर बिहार में राहत कार्य के लिए तैनात किया गया.

वायुसेना का अभियान जारी
पटना से संचालित हेलीकॉप्टरों ने दिनभर उड़ान भरते हुए सारण जिले के चकिया, पृथ्वीपुर, सतजोड़ा, करचोलिया और मकेर सहित प्रभावित क्षेत्रों में करीब 10 टन आवश्यक राहत सामग्री पहुंचाई. विषम परिस्थितियों और कठिन भूभाग के बीच चलाए गए इस अभियान के जरिए बाढ़ प्रभावित समुदायों तक जरूरी सहायता पहुंचाई गई. रक्षा प्रकोष्ठ के मुताबिक प्राकृतिक आपदा के समय नागरिक प्रशासन को सहयोग देने और प्रभावित लोगों तक राहत पहुंचाने के लिए वायुसेना का अभियान जारी है.

ड्राई राशन वितरण कार्य जारी
इधर, आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार प्रभावित लोगों के बीच अब तक करीब 68,600 पॉलीथिन शीट और 64,100 ड्राई राशन पैकेट वितरित किए जा चुके हैं. ड्राई राशन के वितरण का कार्य अभी जारी है. आबादी के निष्क्रमण और आवागमन को सुगम बनाने के लिए कुल 323 नावों का परिचालन कराया जा रहा है.

5.22 लाख लोगों को कराया गया भोजन
आवश्यकता के अनुसार नावों की संख्या बढ़ाने का निर्देश दिया गया है. बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए 242 सामुदायिक रसोई केंद्र संचालित किए जा रहे हैं. इनके माध्यम से अब तक करीब 5.22 लाख लोगों को भोजन कराया जा चुका है. इसके अलावा दो बाढ़ राहत शिविर भी संचालित हैं, जहां करीब 100 लोगों के लिए आवासन, भोजन और चिकित्सा समेत आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गई है. त्वरित राहत एवं बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ की 14 टीमें और एसडीआरएफ की 28 टीमें प्रतिनियुक्त की गई हैं.

दोनों बैराजों पर डिस्चार्ज में गिरावट 
प्रशासन प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति की लगातार निगरानी कर रहा है. वहीं, जल संसाधन विभाग की 3 अक्टूबर सुबह 8 बजे की रिपोर्ट के अनुसार वाल्मीकिनगर गंडक बराज से 71,730 क्यूसेक पानी का डिस्चार्ज दर्ज किया गया, जिसका रुझान स्थिर है. कोसी बराज, वीरपुर से 87,545 क्यूसेक और सोन बराज, इंद्रपुरी से 46,991 क्यूसेक पानी छोड़ा गया. दोनों बैराजों पर डिस्चार्ज में गिरावट दर्ज की गई है. राज्य के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य लगातार जारी है.

-आईएएनएस

Add Zee News as a Preferred Source

About the Author

Ranjana Kumari

Ranjana Kumari

रंजना कुमारी Zee Bihar Jharkhand की डिजिटल टीम में बतौर Sub-Editor अपनी जिम्मेदारी निभा रही हैं. बिहार के सिवान जिले के जीरादेई से ताल्लुक रखने वाली रंजना स्थानीय और जमीनी मुद्दों पर गहरी पकड़ रखती हैं. पत्रकारिता के क्षेत्र में वे मुख्य रूप से राजनीति, क्राइम, यूटिलिटी और देश-दुनिया की अहम रूटीन खबरों को प्रमुखता से कवर करती हैं. Zee Media का हिस्सा बनने से पहले रंजना ने न्यूज इंडिया 24x7 में भी डेढ़ साल तक अपनी सेवाएं दी थीं. एकेडमिक की बात करें तो रंजना GJU से मास कम्युनिकेशन में पोस्ट ग्रेजुएशन कर रही हैं.
Read More