बेगूसराय में बाढ़ के पानी में नहाना पड़ा भारी, तेज बहाव में बहने लगीं 2 महिलाएं, तैराकों ने बचाई जान
Begusarai News: बेगूसराय के बलिया प्रखंड में बाढ़ के पानी में नहाने के दौरान दो महिलाएं अचानक तेज बहाव की चपेट में आ गईं और गंगा की ओर बहने लगीं. महिलाओं को डूबता देख स्थानीय तैराकों और नाविकों ने तुरंत रेस्क्यू अभियान चलाया और दोनों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया.
Begusarai News: बिहार में कोसी और गंगा समेत कई नदियां उफान पर हैं. नदियों के बढ़ते जलस्तर और तेज बहाव के बीच लोगों की छोटी-सी लापरवाही जानलेवा साबित हो रही है. बेगूसराय में भी ऐसा ही एक मामला सामने आया, जहां बाढ़ के पानी में सड़क पर नहाना दो महिलाओं के लिए भारी पड़ गया. दोनों महिलाएं अचानक तेज बहाव की चपेट में आ गईं और गंगा में डूबने लगीं. हालांकि, स्थानीय तैराकों और नाविकों की तत्परता से दोनों की जान बचा ली गई. घटना बेगूसराय के बलिया प्रखंड के लखमिनियां-मसूदनपुर पथ स्थित चेचियाही ढाब की है, जहां बाढ़ का पानी सड़क पर बह रहा था. इसी दौरान दो महिलाएं सड़क पर जमा बाढ़ के पानी में नहाने लगीं, जबकि उनकी एक सखी मोबाइल से वीडियो बना रही थी.
इसी दौरान अचानक दोनों महिलाएं तेज बहाव की चपेट में आ गईं और देखते ही देखते पानी में बहते हुए गंगा की ओर जाने लगीं. यह देखकर वीडियो बना रही महिला जोर-जोर से चिल्लाकर मदद की गुहार लगाने लगी. महिलाओं को डूबता देख स्थानीय लोग तुरंत गंगा में कूद पड़े. इसी बीच वहां से गुजर रही एक नाव को भी महिलाओं की ओर मोड़ दिया गया. स्थानीय तैराक तेज बहाव के बीच दोनों महिलाओं तक पहुंचने के लिए तेजी से आगे बढ़े. एक समय ऐसा भी आया, जब दोनों महिलाएं पानी में डूबती-उतराती हुई गंगा की तेज धारा में आगे बढ़ती जा रही थीं. मौके पर मौजूद लोगों की सांसें थम गई थीं, लेकिन तैराकों ने हिम्मत नहीं छोड़ी.
कुछ ही देर में स्थानीय तैराक बारी-बारी से दोनों महिलाओं तक पहुंच गए. तब तक नाव भी उनके करीब पहुंच चुकी थी. तैराकों और नाविकों ने काफी मशक्कत के बाद दोनों महिलाओं को खींचकर नाव पर चढ़ाया और सुरक्षित बाहर निकाला. इसके बाद दोनों को किनारे लाकर इलाज के लिए भेजा गया. स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर रेस्क्यू में थोड़ी भी देर होती, तो दोनों महिलाएं गंगा की तेज धारा में डूब सकती थीं. स्थानीय लोगों की तत्परता से समय रहते दोनों की जान बच गई.
बताया जा रहा है कि दोनों महिलाएं नगरगामा निवासी उपेंद्र पासवान और योगेंद्र पासवान की बेटियां हैं. दोनों अपने मायके आई हुई थीं और शनिवार को चेचियाही ढाब से गुजरने के दौरान बाढ़ के पानी में नहाने लगी थीं. इसी दौरान यह हादसा हो गया. फिलहाल दोनों महिलाओं की जान स्थानीय तैराकों और नाविकों की तत्परता से बच गई. यह घटना एक बार फिर बताती है कि बाढ़ के पानी और नदी की तेज धारा के बीच थोड़ी-सी लापरवाही भी जान पर भारी पड़ सकती है. प्रशासन लगातार लोगों से बाढ़ के पानी और नदी की तेज धारा से दूर रहने की अपील कर रहा है.
रिपोर्ट: जितेन्द्र चौधरी