App

घरों में रोशनी के लिए कटेगी सदियों पुरानी हरियाली! पोर्टलैंड में 400 पेड़ों की बलि चढ़ाने की क्यों है तैयारी?

अमेरिका के पोर्टलैंड में 55 हजार से ज्यादा घरों को बिजली देने के लिए करीब 400 पेड़ों की बलि चढ़ाने की तैयारी है. 5.5 मिलियन डॉलर के इस नए पावर प्रोजेक्ट का पर्यावरण संगठन कड़ा विरोध कर रहे हैं, जिससे विकास बनाम पर्यावरण की नई बहस छिड़ गई है.

घरों में रोशनी के लिए कटेगी सदियों पुरानी हरियाली! पोर्टलैंड में 400 पेड़ों की बलि चढ़ाने की क्यों है तैयारी?
Image Credit: अमेरिका के पोर्टलैंड में 400 पेड़ों की बलि चढ़ाने की तैयारी.

अमेरिका के पोर्टलैंड में बिजली सप्लाई और पर्यावरण को लेकर नया विवाद खड़ा हो गया है. वहां की बिजली कंपनी (पोर्टलैंड जनरल इलेक्ट्रिक) लगभग 46 करोड़ रुपये (5.5 मिलियन डॉलर) का एक बड़ा बिजली प्रोजेक्ट लगा रही है. इसके लिए 'फॉरेस्ट पार्क' के करीब 5 एकड़ इलाके से लगभग 400 पुराने पेड़ काटे जा सकते हैं. इस मामले में पर्यावरणविदों का आरोप है कि बंद कमरों में डील कर कुदरत को नुकसान पहुंचाया जा रहा है.

पेड़ों की कटाई और पर्यावरण के नुकसान की भरपाई के लिए बिजली कंपनी (PGE) ने 5.5 मिलियन डॉलर (करीब 45 करोड़ रुपये) देने की पेशकश की है. इस पैसे का इस्तेमाल फॉरेस्ट पार्क और आसपास के इलाकों को ठीक करने में किया जाएगा. इस पैसे के जरिए नमी वाले प्राकृतिक इलाकों (वेटलैंड्स) को दोबारा ठीक किया जाएगा. जंगलों में आग लगने के खतरे को कम करने की कोशिश होगी. इसके अलावा जंगली जानवरों की सुरक्षा भी इसमें शामिल है.

इस पूरे काम की निष्पक्ष जांच (समीक्षा) के लिए लगभग 2 करोड़ रुपये (2.5 लाख डॉलर) का अलग बजट रखा गया है. हालांकि, यह पैसा कहां और कैसे खर्च होगा, इसका आखिरी फैसला वहां के नगर निगम (सिटी हॉल) को ही लेना है.

यह प्रोजेक्ट क्यों जरूरी है?

बिजली कंपनी (PGE) का कहना है कि भीषण गर्मी या कड़ाके की ठंड में बिजली की मांग बहुत बढ़ जाती है, जिससे ग्रिड पर भारी दबाव पड़ता है. ऐसी स्थिति में बिजली गुल होने या खराबी से बचने के लिए 1,400 फीट लंबी एक नई हाई-वोल्टेज लाइन बिछाना जरूरी है. कंपनी की दलील है कि अगर यह काम नहीं हुआ, तो 2028 तक पोर्टलैंड के कई इलाकों में बड़े स्तर पर बिजली ठप (ब्लैकआउट) होने का खतरा पैदा हो जाएगा.

Ecoticias.com की एक रिपोर्ट के मुताबिक, 55 हजार से ज्यादा घरों और दुकानों को बिना रुकावट बिजली देने के लिए यह प्रोजेक्ट बहुत जरूरी है.

पर्यावरण संगठन विरोध क्यों कर रहे हैं?

'फॉरेस्ट पार्क कंजरवेंसी' और 'बर्ड अलायंस ऑफ ओरेगन' जैसे कई बड़े पर्यावरण संगठनों ने इस समझौते को मानने से साफ इनकार कर दिया है. उनका आरोप है कि उन्हें बातचीत से बाहर रखकर बंद कमरों में गुपचुप तरीके से यह फैसला लिया गया, जिससे जनता के सामने पूरी सच्चाई नहीं आ पाई.

पर्यावरणविदों ने रखी ये 3 मांगें

  1. कंपनी मुआवजे की रकम 5.5 मिलियन डॉलर से बढ़ाकर 7.5 मिलियन डॉलर (करीब 62 करोड़ रुपये) करे.
  2. इसमें से 5 मिलियन डॉलर (करीब 41 करोड़ रुपये) एक अलग स्वतंत्र ट्रस्ट में रखे जाएं, ताकि जनता देख सके कि पैसा सही जगह खर्च हो रहा है या नहीं.
  3. पार्क के उत्तरी हिस्से की करीब 100 एकड़ जमीन, पानी के स्रोतों और जंगली जानवरों के आने-जाने के रास्तों को पहले जैसा सुरक्षित और बेहतर बनाया जाए.

आगे क्या होगा?

फिलहाल पार्क के पेड़ कटने से बचे हुए हैं, क्योंकि इस प्रोजेक्ट को नगर निगम (सिटी हॉल) से आखिरी हरी झंडी मिलना बाकी है. प्रशासन पहले कंपनी की नई अर्जी और तकनीकी रिपोर्ट की जांच करेगा. इसके बाद जनता की राय सुनने के लिए खुली बैठक (पब्लिक हियरिंग) होगी और स्वतंत्र जानकारों की सलाह ली जाएगी. बिजली की जरूरत और कुदरत को बचाने की इस खींचतान में आखिरी फैसला जनता की सुनवाई के बाद ही होगा.

Add Zee News as a Preferred Source
TAGS:

About the Author

Bhoopendra Rai

Bhoopendra Rai

पत्रकारिता में 9 साल से सक्रिय भूपेंद्र कुमार राय Zee News में सीनियर सब एडिटर के तौर पर न्यूज टीम का हिस्सा हैं, देश विदेशी की खबरें कवर करते हैं. 2017 में ETV Bharat (हैदराबाद) से करियर की शुरुआत करने के बाद वे 2020 में Zee News पहुंचे, जहां 2022 तक काम किया. 2023 में News24 की स्पोर्ट्स टीम को लीड करने का मौका मिला. इसके बाद India Daily Live में बतौर चीफ सब एडिटर स्पोर्ट्स टीम के साथ जुड़े. 2024 में दोबारा News24 लौटे और नई स्पोर्ट्स वेबसाइट लॉन्चिंग का अहम हिस्सा रहे. अक्टूबर 2025 में News24 से अलविदा लेकर एक बार फिर Zee News पहुंचे हैं. खेलों में गहरी रुचि रखते हैं और क्रिकेट वर्ल्ड कप, एशियन गेम्स, ओलंपिक गेम्स, हॉकी वर्ल्ड कप समेत बड़े खेल इवेंट को कवर करने का अनुभव है. ब्रेकिंग न्यूज, क्रिकेट एनालिसिस और किस्से-कहानियों पर अच्छी पकड़ है. जी न्यूज में खेल से जुड़ी खबरों के बाद अब न्यूज टीम के साथ रियलटाइम न्यूज पर काम कर रहे हैं. एक्सप्लेनर और किसी भी मुद्दे पर रिसर्च के साथ उसे आसान भाषा में पाठकों तक पहुंचा रहे हैं. आप Bhoopendra.Rai@zeemedia.com पर सीधे ईमेल या फिर नीचे X और Facebook से जुड़ सकते हैं.
Read More