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  • /'पॉलिटिकल टंबलर' का अंत: घोटालों की सुनामी में बच निकला, जिनपिंग की नजर से नहीं; चीनी नेता पर कानूनी शिकंजा

'पॉलिटिकल टंबलर' का अंत: घोटालों की सुनामी में बच निकला, जिनपिंग की नजर से नहीं; चीनी नेता पर कानूनी शिकंजा

हुआंग किफान को चीन का पॉलिटिकल टंबलर कहा जाता है. मुल्क में बड़े से बड़े घोटाले हुए लेकिन उन पर कोई आंच नहीं आई. लेकिन इस बार उन पर भ्रष्टाचार की जांच बैठाई गई है.

Written ByRachit Kumar
Published: Oct 15, 2026, 07:08 AM IST|Updated: Oct 15, 2026, 07:40 AM IST
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'पॉलिटिकल टंबलर' का अंत: घोटालों की सुनामी में बच निकला, जिनपिंग की नजर से नहीं; चीनी नेता पर कानूनी शिकंजा
Image Credit: हुआंग किफान पर जांच की आंच

About the Author

Rachit Kumar

Rachit Kumar

रचित कुमार जी न्यूज डिजिटल में असिस्टेंट एडिटर हैं. देश, दुनिया और डिफेंस की खबरों को आसान भाषा में बताने में महारत हासिल है. जी न्यूज से मई 2022 में जुड़े और शिफ्ट देखने का 12 साल से ज्यादा का अनुभव है. जी न्यूज में Best Performer अवॉर्ड भी मिल चुका है. जी न्यूज, आजतक और एबीपी न्यूज में शिफ्ट देखते हुए महामहिम, बिहार के बाहुबली सीरीज शुरू की और कई एक्सप्लेनर खबरों पर काम किया.  इंडिया न्यूज और जनसत्ता में शिफ्ट देखने के साथ-साथ ट्रैफिक लाने वाली खबरों को तवज्जो दी. नवभारत टाइम्स से करियर की शुरुआत हुई और वहां तकरीबन ढाई साल तक फ्रंट पेज 2 और देश-विदेश के पन्नों की जिम्मेदारी संभाली. जर्नलिज्म में पोस्टग्रेजुएट और IIMC से डिप्लोमा करने  वाले रचित कुमार 13 साल से पत्रकारिता के क्षेत्र में काम कर रहे हैं. आप Rachit.kumar@India.com पर सीधे ईमेल कर इनसे जुड़ सकते हैं. 
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एक दशक तक वह शख्स चीन में 'पॉलिटिकल टंबलर' बना रहा. बड़े-बड़े घोटाले हुए लेकिन उस पर आंच नहीं आई और वह साफ बच निकला. टंबलर वह खिलौना होता है, जो तेजी से हिलता-डुलता तो है लेकिन कभी गिरता नहीं. लेकिन अब भ्रष्टाचार के मामले में उन पर शिकंजा कस चुका है. हम बात कर रहे हैं चोंगकिंग के पूर्व मेयर हुआंग किफान की. चीन के बड़े पैमाने पर चले भ्रष्टाचार-विरोधी अभियान में उनके कई करीबी सहयोगी फंसे. लेकिन वह ऐसे नेता के तौर पर टिके रहे जो मुश्किल हालात में भी बच निकला. वह साल 2009 से लेकर 2016 तक इस शहर के मेयर रहे.

6 म्युनिसिपल सेक्रेटरी के साथ किया काम

उन्होंने कम्युनिस्ट पार्टी के 6 म्युनिसिपल सेक्रेटरी के साथ काम किया और उनमें से दो बो जिलाई और सन झेंगकाई भ्रष्टाचार के आरोप में जेल गए. बो और सन दोनों ही पार्टी की सत्ता के सबसे ऊंचे लेवल पोलित ब्यूरो के मेंबर थे. इन दो का पतन हाल के दशकों में देश में आए सबसे बड़े राजनीतिक भूचालों में से एक था. फिर भी हुआंग बच निकले.

74 साल के हुआंग 2018 में सरकारी सेवा छोड़ने के बाद भी काफी चर्चा में रहे. रिटायरमेंट के बाद गुमनामी में जाने के बजाय, हुआंग ने देश भर में इंटरव्यू और कॉन्फ्रेंस में हिस्सा लेना जारी रखा और चीन के आर्थिक मुद्दों पर बेबाक राय रखी.

अचानक आई भ्रष्टाचार की जांच की खबर

इसलिए जब मंगलवार को हुआंग के खिलाफ भ्रष्टाचार की जांच की खबर आई, तो कई लोगों को हैरानी हुई. न सिर्फ इसलिए कि इसमें चीन के सबसे मशहूर आर्थिक टेक्नोक्रेट्स में से एक शामिल थे, बल्कि इसलिए भी कि यह खबर तब आई जब उनके आसपास की राजनीतिक उथल-पुथल शांत होती दिख रही थी.

चीन के एक पॉलिटिकल साइंटिस्ट ने नाम न बताने की शर्त पर कहा, 'हुआंग जैसे शख्स के खिलाफ 5वें प्लेनम से पहले भ्रष्टाचार की  जांच शुरू करना पूरी पार्टी के लिए एक बहुत गंभीर संदेश है. यानी भ्रष्ट अधिकारियों को पकड़े जाने से बचने का कोई भ्रम नहीं पालना चाहिए.

बीजिंग में होनी है बड़ी बैठक

5वीं प्लेनम पार्टी की एक बैठक है, जो 26-29 अक्टूबर को बीजिंग में होनी है, जिसमें संगठन के मुख्य नेता पार्टी के स्व-शासन को और मजबूत करने के लिए एक अहम दस्तावेज पर चर्चा करेंगे और उसे अपनाएंगे. इस कार्यक्रम में सिस्टम में मौजूद भ्रष्टाचार से निपटने, आंतरिक राजनीतिक निगरानी को सख्त करने और नौकरशाही व सरकारी क्षेत्रों में संगठन की कमियों को दूर करने पर चर्चा की जाएगी.

हालांकि, रिटायर हो चुके सीनियर अधिकारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार की कई जांचों पर किसी का ध्यान नहीं जाता और उनकी घोषणा भी नहीं होती, लेकिन हुआंग के बहुत ज्यादा बोलने के कार्यक्रमों की वजह से उनके पतन को जनता से छिपाना मुश्किल हो गया था.

साउथ चाइना मॉर्निंग पोस्ट के मुताबिक, हुआंग को मूल रूप से 25 अक्टूबर को बीजिंग में और अगले दिन हांगझोऊ में मुख्य भाषण देना था. लेकिन मंगलवार को हुए ऐलान के बाद यह बातें होने लगी कि वह हांगझोऊ में भाषण नहीं दे पाएंगे. कार्यक्रम का ऑर्गनाइजर AIA ग्रुप है. उसके एक कर्मचारी ने कहा कि वह हुआंग और उनके सेक्रेटरी से सोमवार से कॉन्टैक्ट करने की कोशिश कर रहा है. लेकिन कर नहीं पा रहा है.

बो के साथ थे अच्छे रिश्ते

हुआंग की 'टंबलर' के तौर पर पहचान बो के साथ उनके रिश्ते से जुड़ी है. बो पोलितब्यूरो के एक करिश्माई और दबंग सदस्य थे, जिन्होंने 2007 से 2012 तक चोंगकिंग का कामकाज संभाला था.

जब बो ने विचारधारा से प्रेरित लाल गीत गाने और काली ताकतों को खत्म करने का अभियान शुरू किया, तो हुआंग उन नीतियों के पीछे का प्रशासनिक और आर्थिक दिमाग थे, जिन्हें 'चोंगकिंग मॉडल' के नाम से जाना गया.

इस मॉडल में सरकारी अगुआई वाला पूंजीवाद, बड़े पैमाने पर जन-कल्याणकारी योजनाएं और विदेशी निवेश के साथ-साथ क्रांतिकारी माओवादी संस्कृति को फिर से लोकप्रिय बनाना और सार्वजनिक सुरक्षा के लिए सख्त कार्रवाई करना शामिल था.

इन दोनों लोगों ने एक बेजोड़ प्रशासनिक जोड़ी की छवि बनाई. मार्च 2010 में चीन में राष्ट्रीय संसदीय दो सत्रों के दौरान हुआंग ने बो के साथ अपने कामकाजी रिश्ते को पानी में बत्तख की तरह सहज बताया था. वह अर्थव्यवस्था और चोंगकिंग से जुड़े सवालों का आसानी से जवाब देते थे.

मेयर पद छोड़ने के बाद आया सियासी तूफान

लेकिन जब हुआंग ने मेयर का पद छोड़ा तो उसके कुछ ही महीने बाद 2017 में चोंगकिंग की सियासी जमीन फिर से हिल गई. बीजिंग की यात्रा के दौरान सन को भ्रष्टाचार विरोधी जांच में गिरफ्तार किया गया था, और भ्रष्टाचार के आरोप में आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई थी.
लेकिन हुआंग नेशनल पीपुल्स कांग्रेस फाइनेंशियल और इकोनॉमिक्स के मामलों की समिति के उपाध्यक्ष के तौर पर राष्ट्रीय विधायिका बने रहे. उन्होंने मार्च 2018 में पद छोड़ दिया. 2021 में, उन्होंने चेतावनी दी कि चीनी इंटरनेट कंपनियों के बिजनेस मॉडल अब आने वाले दशक में काम नहीं करेंगे, और उन्हें खरीद को लुभाने के लिए इंसानी कमजोरियों का फायदा उठाने की आलोचना की.
 

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