'मैं डिप्टी सीएम की भतीजी हूं...', ब्रजेश पाठक को सगा चाचा बताकर महिला ने ऐसे ऐंठे लाखों, अब तलाश में पुलिस
कौशांबी में डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक को अपना सगा चाचा बताकर ठगी करने का मामला सामने आया है. आरोप है कि फतेहपुर की रहने वाली एक महिला ने नौकरी, पेंशन और आवास योजना में लाभ दिलाने का झांसा देकर कई लोगों से नकदी और ऑनलाइन रुपये वसूले.
उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले से वीआईपी रसूख और फर्जीवाड़े से जुड़ा एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है. यहां एक शातिर महिला ने खुद को प्रदेश के डिप्टी सीएम बृजेश पाठक की सगी भतीजी बताकर दर्जनों लोगों को अपना शिकार बना डाला. सरकारी योजनाओं, पेंशन और नौकरी का झांसा देकर महिला ने गरीब और सीधे-साधे ग्रामीणों से हजारों रुपये ऐंठ लिए. पीड़िता की शिकायत पर सैनी कोतवाली पुलिस ने आरोपी महिला के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर तफ्तीश शुरू कर दी है.
महिला ने यूं बुना ठगी का जाल
जानकारी के अनुसार, आरोपी महिला की पहचान फतेहपुर जिले की रहने वाली मंजू देवी के रूप में हुई है. मंजू देवी ने कौशांबी में अपनी पकड़ बनाने के लिए यूपी के डिप्टी सीएम बृजेश पाठक के नाम का खूब इस्तेमाल किया. वह ग्रामीणों और महिलाओं के बीच जाकर खुद को डिप्टी सीएम की सगी भतीजी बताती थी. मंजू देवी ने पीड़ित उमा देवी, उनके पति, रिश्तेदारों और कई अन्य ग्रामीणों को अपने झांसे में ले लिया.
उसने दावा किया कि मैं डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक की भतीजी हूं. फिर उसने उनके रसूख के बल पर वह उन्हें सरकारी आवास योजना, सामाजिक सुरक्षा पेंशन और विभिन्न विभागों में पक्की नौकरी दिलवा सकती है.
नकद से लेकर ऑनलाइन तक ऐंठे रुपये
इस झांसे में आकर पीड़ितों ने आरोपी महिला पर भरोसा कर लिया. इसके बाद मंजू देवी ने अलग-अलग काम कराने के नाम पर कभी 50 हजार तो कभी 30 हजार रुपये ऐंठ लिये. ठग महिला ने न सिर्फ नकद रकम ली, बल्कि कई बार ऑनलाइन भी रुपये ट्रांसफर करवाए. काफी समय बीत जाने के बाद भी जब किसी को न तो नौकरी मिली और न ही किसी सरकारी योजना का लाभ, तब पीड़ितों को ठगी का एहसास हुआ.
मामले की जांच में जुटी पुलिस
जब पीड़िता उमा देवी और अन्य ग्रामीणों ने अपनी गाढ़ी कमाई के रुपये वापस मांगे, तो आरोपी मंजू देवी का असली चेहरा सामने आ गया. आरोप है कि उसने पैसे लौटाने के बजाय पीड़ितों को झूठे मुकदमे में फंसाने और जेल भिजवाने की धमकी दी. फिलहाल पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है.
(कौशांबी से अली मुक्ता की रिपोर्ट)
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