दिल्ली में प्रदर्शन, यूपी में बढ़ी परेशानी: ट्रेनें रद्द, चिल्ला बॉर्डर पर BSF तैनात, यात्रियों की बढ़ी मुश्किलें
Delhi Noida Border Sealed: राजधानी दिल्ली में आज (10 अक्टूबर 2026) कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) द्वारा 'वोट चोरी' के मुद्दे पर जंतर-मंतर पर आयोजित प्रस्तावित प्रदर्शन को लेकर दिल्ली से सटे उत्तर प्रदेश के जिलों में जबर्दस्त हलचल और कड़ा अलर्ट देखा जा रहा है. दिल्ली और नोएडा पुलिस के साथ-साथ अर्द्धसैनिक बलों (BSF, CISF, ITBP) ने मोर्चा संभाल लिया है, जिससे पूरा एनसीआर क्षेत्र किलेबंदी में तब्दील हो गया है.
Delhi Noida Border Sealed: दिल्ली में 10 अक्टूबर को प्रस्तावित कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन का असर उत्तर प्रदेश से राजधानी आने-जाने वालों पर भी पड़ रहा है.दिल्ली-नोएडा बॉर्डर पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है. चिल्ला बॉर्डर पर दिल्ली और नोएडा पुलिस के साथ BSF के जवान तैनात हैं. वहीं, रेलवे सेवाओं में बदलाव और मेट्रो स्टेशनों पर प्रतिबंध के चलते यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है.
दिल्ली में प्रदर्शन को देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं. पुलिस वाहनों की जांच कर रही है और सीमावर्ती रास्तों पर निगरानी बढ़ाई गई है. इसका असर नोएडा से दिल्ली आने-जाने वाले कर्मचारियों, कारोबारियों और अन्य यात्रियों की आवाजाही पर पड़ सकता है.
चिल्ला बॉर्डर पर BSF का पहरा, वाहन चेकिंग तेज
दिल्ली और नोएडा के बीच चिल्ला बॉर्डर पर सुरक्षा कड़ी कर दी गई है और गाड़ियों की चेकिंग की जा रही है. यह कदम CJP की ओर से चुनाव आयोग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के आह्वान के बाद उठाया गया है. बॉर्डर पर बैरिकेड लगाए गए हैं और सभी गाड़ियों की जांच हो रही है. दिल्ली पुलिस और BSF के जवानों को अलग-अलग जगहों पर तैनात किया गया है, साथ ही लगातार निगरानी के लिए CCTV कैमरों का इस्तेमाल किया जा रहा है. दिल्ली में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 लागू कर दी गई है. इस बीच, नोएडा में कुछ किसान यूनियनों और सामाजिक संगठनों के नेताओं ने आरोप लगाया है कि पुलिस ने उन्हें एहतियातन उनके घरों में नजरबंद कर दिया है.
बॉर्डर पर बैरियर भी लगाए गए हैं. इसका सीधा असर नोएडा से दिल्ली जाने वाले लोगों पर पड़ सकता है. जांच और संभावित ट्रैफिक डायवर्जन के कारण सफर में ज्यादा समय लग सकता है. दिल्ली जाने की योजना बना रहे लोगों को निकलने से पहले यातायात की स्थिति की जानकारी लेने की सलाह दी गई है.
सीजेपी के प्रोटेस्ट को लेकर अलर्ट पर दिल्ली पुलिस
4 किलोमीटर के आसपास के इंटरनेट बंद हैं. अफवाह फैलने के वजह से इंटरनेट बंद कर दी गई है. 10000 के करीब जवान तैनात हैं. हर जगह सुरक्षा कारणों से बैरिगेडिंग की गई है. हर जगह पर अनाउंसमेंट किया जा रहा है. मीडिया को सलाह दी जा रही है की प्रदर्शन स्थल से दुर रहे ताकी कोई भड़काऊ बयान ना दें. आसपास के बॉर्डर को सील कर दिया गया है.
दिल्ली मेट्रो के 45 स्टेशन प्रभावित
CJP प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली मेट्रो के 45 स्टेशनों पर प्रवेश और निकास बंद रखने का फैसला किया गया है. यह प्रतिबंध 9 अक्टूबर की रात 9 बजे से 10 अक्टूबर की शाम 6 बजे तक निर्धारित किया गया है. हालांकि, प्रभावित स्टेशनों पर इंटरचेंज की सुविधा जारी रखने की बात कही गई है, जबकि नई दिल्ली मेट्रो स्टेशन इसका अपवाद है. इस व्यवस्था का असर नोएडा और आसपास के इलाकों से दिल्ली के केंद्रीय हिस्सों में जाने वाले यात्रियों पर भी पड़ सकता है. यात्रियों को मेट्रो के वैकल्पिक स्टेशन और रूट की जानकारी लेकर ही निकलना चाहिए.
यूपी से दिल्ली जाने वाली ट्रेनों पर असर
प्रदर्शन के मद्देनजर रेलवे ने दिल्ली के नई दिल्ली और हजरत निजामुद्दीन स्टेशनों से आने-जाने वाली कई ट्रेनों को रद्द किया है.उत्तर प्रदेश से दिल्ली का सफर करने वाले यात्रियों को भी इसका असर झेलना पड़ सकता है. प्रयागराज, वाराणसी और अन्य शहरों से राजधानी जाने वाली कुछ प्रमुख ट्रेनों के परिचालन में बदलाव की खबरें हैं. यात्रियों को खास तौर पर प्रयागराज एक्सप्रेस, हमसफर, शिवगंगा और राजधानी जैसी ट्रेनों की स्थिति आधिकारिक रेलवे सूचना से जांचनी चाहिए. किसी ट्रेन का नाम रद्द ट्रेनों की सूची में होने की पुष्टि किए बिना स्टेशन के लिए रवाना होना परेशानी बढ़ा सकता है.
यूपी के जिलों में भी पुलिस अलर्ट
दिल्ली में प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए उत्तर प्रदेश के सीमावर्ती और अन्य संबंधित जिलों में भी सतर्कता बढ़ाए जाने की जानकारी सामने आई है. पुलिस मुख्यालय की ओर से कानून-व्यवस्था बनाए रखने और माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए जाने की बात कही गई है. नोएडा, गाजियाबाद और दिल्ली से सटे दूसरे इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है.
यूपी के 20 जिलों से बुलाई गई भारी पुलिस फोर्स
सुरक्षा स्थिति को भांपते हुए उत्तर प्रदेश पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर प्रदेश के 20 प्रमुख जिलों—जैसे मुजफ्फरनगर, मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, शामली, मथुरा, बिजनौर, रामपुर और मुरादाबाद—से 2,000 से अधिक पुलिसकर्मियों और 500 से अधिक महिला पुलिसकर्मियों को दिल्ली सीमा पर तैनात किया गया है.
यात्रियों और नौकरीपेशा लोगों को क्या करना चाहिए?
दिल्ली जाने से पहले अपनी ट्रेन का लाइव स्टेटस और रद्दीकरण की सूचना जांचें
मेट्रो से सफर करने वालों को प्रभावित स्टेशनों की जगह वैकल्पिक स्टेशन चुनना चाहिए
नोएडा से दिल्ली सड़क मार्ग से जाने वाले लोग संभावित जाम और जांच के लिए अतिरिक्त समय रखें
एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन या किसी जरूरी काम से निकलने से पहले संबंधित विभाग की ताजा एडवाइजरी देख लें
कुल मिलाकर, दिल्ली में प्रदर्शन के चलते सुरक्षा और परिवहन से जुड़ी पाबंदियों का असर उत्तर प्रदेश से राजधानी आने-जाने वाले लोगों पर पड़ सकता है. हालांकि, इसे पूरे दिल्ली-NCR में बंदी नहीं कहा जा सकता. यात्रा करने वालों के लिए सबसे जरूरी है कि वे निकलने से पहले मेट्रो, रेलवे और ट्रैफिक की ताजा स्थिति की पुष्टि कर लें.