मायावती का बड़ा ऐलान-आकाश आनंद संभालेंगे चुनावी कमान, अशोक सिद्धार्थ की पार्टी में वापसी के सभी रास्ते बंद
बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने पार्टी के मोर्चे पर बड़ा ऐलान करते हुए अपने भतीजे और राष्ट्रीय संयोजक आकाश आनंद को चुनावी कमान सौंप दी है. साथ ही पार्टी विरोधी गतिविधियों और आंतरिक कलह के चलते अशोक सिद्धार्थ की पार्टी में वापसी के सभी दरवाजों को हमेशा के लिए बंद कर दिया गया है.
Mayawati Statement/विशाल सिंह: बीएसपी प्रमुख मायावती ने आकाश आनंद को पार्टी में वापस लेने के बाद अब पार्टी के चुनाव प्रचार का काम दे दिया है. मायावती ने 28 अक्टूबर से आकाश आनंद की ड्यूटी अलग अलग शहरों में लगाई है. इसके साथ ही मायावती ने एक बार फिर आकाश आनंद के ससुर अशोक सिद्धार्थ पर नाराज़गी जताते हुए कहा है कि लोग इस अफ़वाह पर ध्यान ना दें कि आकाश की तरह अशोक सिद्धार्थ को भी पार्टी में वापस ले लिया जाएगा. आकाश के भाई ईशान आनंद दिल्ली में पार्टी का चुनाव और दस्तावेज़ों से जुड़ा काम करेंगे.
28 अक्टूबर से यूपी के अलग-अलग जिलों में जनसभाएं
मायावती के बयान के अनुसार, आकाश आनंद 28 अक्टूबर को बुलंदशहर में बीएसपी की जनसभा को संबोधित करेंगे. इसके बाद 2 नवंबर को सहारनपुर, 20 नवंबर को अयोध्या, 22 नवंबर को आगरा और 29 नवंबर को कानपुर नगर में आयोजित जनसभाओं में शामिल होंगे. इसके अलावा, 26 नवंबर को संविधान दिवस के अवसर पर पंजाब में बीएसपी की ओर से आयोजित विचार संगोष्ठी समारोह में आकाश आनंद मुख्य अतिथि के रूप में अपने विचार रखेंगे. वहीं, 6 दिसंबर को बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर उत्तराखंड के हरिद्वार में आयोजित विचार संगोष्ठी या जनसभा को संबोधित करेंगे.
अशोक सिद्धार्थ पर कड़ा रुख, वापसी की अफवाहों का खंडन
मायावती ने स्पष्ट किया कि पिछले दिनों पार्टी में हुए अप्रिय घटनाक्रम के लिए आकाश आनंद से ज्यादा उनके रिश्तेदार अशोक सिद्धार्थ जिम्मेदार थे, इसीलिए उन्हें पार्टी से बाहर कर राजनीति से संन्यास लेने की सलाह दी गई थी. उन्होंने पार्टी के सभी लोगों को आगाह किया कि वे स्वार्थी तत्वों की अफवाहों पर बिल्कुल ध्यान न दें. मायावती ने स्पष्ट किया कि अशोक सिद्धार्थ को किसी भी परिस्थिति में पार्टी में वापस नहीं लिया जाएगा. उन्होंने यह भी कहा कि बीते दिनों पार्टी में हुए अप्रिय घटनाक्रम के लिए आकाश आनंद की तुलना में अशोक सिद्धार्थ अधिक जिम्मेदार थे.
ईशान आनंद संभालेंगे केंद्रीय कार्यालय की कमान
मायावती ने यह भी बताया कि आनंद कुमार के छोटे बेटे ईशान आनंद बीएसपी के दिल्ली स्थित केंद्रीय कार्यालय में काम करेंगे. लंदन से वकालत की पढ़ाई पूरी कर चुके ईशान आनंद पार्टी के चुनाव संबंधी कार्यों और अन्य दस्तावेजी प्रक्रियाओं में सहयोग करेंगे. वे मायावती के दिशा-निर्देशन में सक्रिय कार्यकर्ता के तौर पर अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे. इस तरह बीएसपी ने आकाश आनंद को जनसभाओं और संगठनात्मक गतिविधियों की जिम्मेदारी दी है, जबकि ईशान आनंद को दिल्ली स्थित केंद्रीय कार्यालय में चुनाव और दस्तावेजों से जुड़े कामों में सहयोग करने की भूमिका सौंपी गई है.