फेस्टिव सीजन की शुरुआत के साथ ही ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर ऑफर्स ही ऑफर्स दिखाई देने लगते हैं. इस साल भी दीपावली से पहले फ्लिपकार्ट की बिग बिलियन डेज सेल 9 अक्टूबर से और Amazon की ग्रेट इंडियन फेस्टिवल सेल 8 अक्टूबर से शुरू होने जा रही है. इस दौरान बहुत से लोग भारी डिस्काउंट पर आईफोन और दूसरे महंगे स्मार्टफोन्स खरीदने की तैयारी में होंगे. लेकिन, ऑफर्स के इस रोमांच के बीच एक कड़वा सच ये भी है कि जरा सी लापरवाही आपकी पूरी जमा-पूंजी और त्योहार का मजा किरकिरा कर सकती है. बीते कुछ सालों में ऐसे कई मामले सामने आए हैं, जहां लोगों ने महंगा आईफोन या दूसरा स्मार्टफोन ऑर्डर किया और डिलीवरी मिलने पर जब डिब्बा खोला, तो अंदर फोन की जगह सिर्फ साबुन या ईंट निकली.
अगर आप भी इस बार ऑनलाइन सेल से कोई महंगा स्मार्टफोन खरीदने का मन बना चुके हैं, तो कुछ जरूरी बातें और सेफ्टी टिप्स जान लेना बहुत जरूरी है, जिससे आपके साथ कोई फ्रॉड न हो सके.
अक्सर लोग डिलीवरी बॉय के आते ही जल्दी-जल्दी पार्सल ले लेते हैं और बिना चेक किए साइन कर देते हैं या OTP बता देते हैं. फ्लिपकार्ट इस तरह के ऑनलाइन फ्रॉड से बचाने के लिए अपने कस्टमर्स को Open Box Delivery का शानदार फीचर देता है.
जब आप फ्लिपकार्ट से कोई महंगा फोन ऑर्डर करते हैं, तो डिलीवरी के समय डिलीवरी एजेंट के सामने ही डिब्बा खोला जाता है. यानी आप पार्सल हाथ में लेने से पहले यह तसल्ली कर सकते हैं कि डिब्बे के अंदर सही फोन ही है या नहीं.
जब आप फ्लिपकार्ट पर कोई स्मार्टफोन या महंगा गैजेट कार्ट में ऐड करके पेमेंट पेज पर जाते हैं, तो वहां डिलीवरी के स्टेप पर आपको Open Box Delivery का ऑप्शन नजर आएगा. कई प्रोडक्ट्स पर यह ऑटोमैटिक इनेबल होता है, लेकिन अगर वहां चेकबॉक्स या टॉगल का ऑप्शन दिखे, तो यह तय कर लें कि यह ऑन हो. डिलीवरी के समय एजेंट खुद डिब्बा खोलेगा, तभी आपको OTP बतानी है. अगर डिब्बे में फोन की जगह कुछ और निकलता है, तो आप तुरंत डिलीवरी वाले के सामने ही पार्सल को रिटर्न कर सकते हैं और रिफंड क्लेम कर सकते हैं.
Amazon की बात करें, तो वहां फ्लिपकार्ट की तरह कोई अलग से ओपन बॉक्स डिलीवरी का डेडिकेटेड बटन नहीं होता है. लेकिन अमेजन अपने कस्टमर्स की सुरक्षा के लिए Open-Box या High-Value Verification जैसी इंटरनल प्रक्रियाएं अपनाता है.
Amazon कई महंगे आईफोन या प्रीमियम स्मार्टफोन्स की डिलीवरी के लिए OTP अनिवार्य कर देता है. जब तक आप डिलीवरी एजेंट को सही ओटीपी नहीं बताएंगे, वह पार्सल आपको नहीं सौंपेगा. वहीं अगर आपको अमेजन से पार्सल मिलता है और बॉक्स से छेड़छाड़ दिखती है, तो पार्सल बिल्कुल रिसीव न करें.
सेल के दौरान जोश में लोग अक्सर हड़बड़ी कर देते हैं, जिसका फायदा स्कैमर्स उठाते हैं. इन सेफ्टी टिप्स को अपनाकर आप खुद को पूरी तरह सेफ रह सकते हैं.
अगर आप Amazon, फ्लिपकार्ट या किसी दूसरे प्लेटफॉर्म से सामान ले रहे हैं और ओपन बॉक्स डिलीवरी का ऑप्शन नहीं दिखा, तो पार्सल हाथ में आते ही उसका वीडियो बनाना शुरू कर दें. वीडियो में पार्सल का सील पैक होना, उसका शिपिंग लेबल और आप से डिब्बा खोलने तक की पूरी प्रक्रिया बिना कटे रिकॉर्ड होनी चाहिए. कंपनी से शिकायत करने में यह वीडियो आपके सबसे बड़े सबूत का काम करेगा.
पार्सल मिलने पर चेक करें कि उसकी कंपनी की ओरिजिनल टेप कटी हुई तो नहीं है या उसके ऊपर कोई दूसरी टेप तो नहीं चिपकाई गई है.
कई बार लोग सोशल मीडिया या फर्जी विज्ञापनों के चक्कर में आकर अनाप-शनाप डिस्काउंट देने वाली थर्ड-पार्टी वेबसाइट्स से फोन ऑर्डर कर लेते हैं, जो बाद में फ्रॉड का शिकार बनते हैं. हमेशा भरोसेमंद प्लेटफॉर्म और ऑथराइज्ड सेलर्स से ही खरीदारी करें.