अलवर में आवारा कुत्तों का आतंक: 6 साल की बच्ची पर झुंड ने किया हमला, जयपुर रेफर
Alwar Dog Bite: अलवर के मोडिया गांव में आवारा कुत्तों के झुंड ने एक 6 साल की बच्ची पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया. जिससे बच्ची के सिर और गर्दन पर गहरी चोटें आई. अलवर में प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए जयपुर रेफर किया गया.
Alwar Dog Bite: राजस्थान के अलवर जिले में आवारा कुत्तों के हमलों की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं. अब श्याम गंगा के पास मोडिया गांव में आवारा कुत्तों के झुंड ने छह साल की मासूम बच्ची पर हमला कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया. कुत्तों ने बच्ची की गर्दन और सिर पर बुरी तरह काटा, जिससे उसके सिर की त्वचा तक उखड़ गई. लहूलुहान हालत में परिजन बच्ची को अलवर लेकर पहुंचे, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए चिकित्सकों ने उसे जयपुर रेफर कर दिया.
प्राथमिक उपचार के बाद बच्ची जयपुर रेफर
मिली जानकारी के अनुसार, मोडिया गांव निवासी अशोक की छह वर्षीय बेटी कृतिका मंगलवार शाम करीब 4 बजे घर से बाहर निकली थी. इसी दौरान बिजली घर के पास एक होटल के सामने बैठे आवारा कुत्तों के झुंड ने उस पर हमला कर दिया. अचानक हुए हमले से बच्ची को संभलने का मौका तक नहीं मिला. आसपास मौजूद लोगों ने बच्ची को कुत्तों के चंगुल से बचाने की कोशिश की, लेकिन तब तक कुत्ते उसे बुरी तरह घायल कर चुके थे. हमले में बच्ची की गर्दन और सिर पर गंभीर चोटें आई. इसके बाद परिजन उसे तत्काल अलवर अस्पताल लेकर पहुंचे. यहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए जयपुर रेफर कर दिया गया.
होटल के सामने कुत्तों के जमावड़े का आरोप
बच्ची के चाचा अशोक ने आरोप लगाया कि हमला करने वाले आवारा कुत्ते होटल के सामने अक्सर बैठे रहते हैं. उनका कहना है कि होटल में मांस पकाए जाने के कारण वहां कुत्तों का जमावड़ा लगा रहता है. अशोक के मुताबिक, ये कुत्ते आए दिन लोगों पर हमला कर उन्हें काटते हैं, लेकिन शिकायतों के बावजूद प्रशासन की ओर से अभी तक समस्या के समाधान के लिए कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया.
आवारा कुत्तों से बच्चों की सुरक्षा पर सवाल
मोडिया गांव में छह साल की बच्ची पर हुए इस हमले ने एक बार फिर आवारा कुत्तों से आमजन, खासकर बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है. घर के बाहर निकली मासूम पर कुत्तों के झुंड के हमले की इस घटना से ग्रामीणों में भय का माहौल है. अब ग्रामीण प्रशासन से आवारा कुत्तों की समस्या पर प्रभावी कार्रवाई करने और सार्वजनिक स्थानों पर लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग कर रहे हैं. फिलहाल परिजन बच्ची के बेहतर इलाज को लेकर चिंतित हैं और ग्रामीणों को प्रशासन की कार्रवाई का इंतजार है.
Reporter- Jugal Gandhi